June 25, 2022
Hindi Hindi

अवैध कालोनी पर जिला प्रशासन नहीं कर सकती कार्यवाही पदम् जैन का विश्वास सच होता प्रतीत.. Featured

अवैध कालोनी की भेंट चढ़ा प्राकृतिक नाहर का अस्तित्व , मुख्यमंत्री बघेल की बाते जिले में क्या कागजो तक सिमित 

दुर्ग / शौर्यपथ / दुर्ग जिला प्रदेश के व्हीआईपी जिले की गिनती में आता जरुर है किन्तु व्हीआईपी जिला होने के बाद और  प्लाटिंग/अवैध  कालोनी पर जिला प्रशासन की कार्यवाही की बात सिर्फ कागजो तक ही सिमित नजर आ रही है . जिला मुख्यालय से लगे ग्राम मोहलई में ४०-५० एकड़ में जिस तरह अवैध प्लाटिंग/कालोनी का निर्माण बाकायदा नम्बरिंग के द्वारा किया जा रहा है उससे तो यही प्रतीत होता है या तो जिला प्रशासन के इन जिम्मेदार अधिकारियों को मोहलई का रास्ता नहीं मालुम होगा या फिर मोहलई नामक ग्राम का नाम कभी सुने नहीं होंगे .
  किन्तु इसी मोहलई ग्राम में नदी के करीब एक ऐसे किसान का खेत है जिसके खेत से पानी निकासी का कोई साधन नदी तक नहीं है . रमेश निषाद के परिवार के पास किसानी कि लगभग ६ एकड़ की जमीन है जो मोहलई ग्राम के उस अंतिम छोर पर है जहां पर रमेश निषाद के खेत तक बघेरा का पानी भी बरसात के दिनों में आ जाता है . कुछ वर्ष पूर्व तक यह पानी खसरा न. ११८ जो प्राकृतिक रूप से बनानाला / नाहर था के द्वारा पानी नदी की ओर चला जाता था किन्तु जब से अवैध कालोनी के संचालको द्वारा इस प्राकृतिक नहर को पाट दिया गया तब से बरसात के दिनों में रमेश निषाद को अपने खेत में जमे पानी को निकालने में काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है . अपनी इस व्यथा को रमेश निषाद ने लिखित में शिकायत दे कर शासन को अवगत कराया किन्तु समस्या जस की तस .
  इस बारे में जब किसानी कर रहे रमेश निषाद के बेटे से चर्चा हुई तो उनके कथन अनुसार दुर्ग के निवासी पदम् जैन द्वारा कालोनी निर्माण और कालोनी में जाने के लिए मार्ग का निर्माण कर दिया गया किन्तु निर्माण के समय पानी निकासी हो ऐसी कोई व्यवस्था नहीं की गयी जिसके कारण बरसात के दिनों में फसल को नुक्सान पहुँचता है . वही प्राकृतिक रूप से बने नाहर / नाला (खसरा न. ११८ ) को पाटने से स्थिति और विकट हो गयी .

अवैध कालोनी की जानकारी उच्च अधिकारियों को दे दी गयी ...
  इस विषय में जब क्षेत्र के पटवारी से चर्चा की गयी तो उन्होंने कहा कि अवैध कालोनी विकसित होने के बारे में एवं प्राकृतिक नहर /नाला जो लगभग ढाई एकड़ के करीब है के पट जाने के बारे में जानकारी दे दी गयी है . वही कुछ क्षेत्र के कुछ खसरा न. पर भी बिक्री के लिए रोक लगाया गया है .
पंचायत द्वारा नहीं  दी गयी भवन बनाने की अनुमति ...
  वही मोहलई के एक पञ्च का कहना है कि क्षेत्र में किसी भी भवन निर्माण के लिए पंचायत की अनुमति लेनी होती है किन्तु पदम् जैन के द्वारा जिस क्षेत्र में कालोनी विकसित की जा रही उस क्षेत्र में कोई भी भवन निर्माण की अनुमति नहीं दी गयी है . जबकि अगर जमीनी हकीकत देखे तो उक्त स्थान पर कुछ मकान बन चुके है और सडको का जाल बिछा हुआ है .
टाउन एंड कंट्री प्लान वालो को जानकारी किन्तु कार्यवाही के लिए नहीं है इच्छा शक्ति ...
वही अवैध कालोनी निर्माण पर नजर रखने एवं कार्यवाही करने की सबसे ज्यादा प्रशसनिक शक्ति अगर किसी के पास है तो वह  टाउन एंड कंट्री प्लान विभाग के पास है  किन्तु विभाग द्वारा पूरी जानकारी होने के बाद भी किसी तरह की कार्यवाही का ना करना एवं कार्यवाही के लिए सम्बंधित तहसीलदार को पत्र ना लिखना ही साफ़ दर्शाता है कि जिले का टाउन एंड कंट्री प्लान विभाग किस स्थिति में कार्य कर रहा है . ऐसी भी बात नहीं कि इस कालोनी के बारे में जानकारी नहीं विभाग को . पिछले साल विभाग द्वारा एक खसरा न. पर अवैध प्लाटिंग की कार्यवाही के रूप में नोटिस प्रेषित किया गया किन्तु उसके बाद यह विभाग भी वर्तमान समय तक मौन है जब विभाग के अधिकारियों ने चर्चा के दौरान इस कालोनी की वास्तु स्थिति की पूरी जानकारी दी किन्तु विभाग किसी के शिकायत का इंतज़ार कर रहा है . शौर्यपथ समाचार ने जब स्वयं संज्ञान की बात कही तो विभाग के अधिकारी बगले झाकने लगे और बात को टालने कि कोशिश करने लगे .
मुख्यमंत्री के नरवा प्रोजेक्ट के उद्देश्य को भी भूल गए अधिकारी ...
  एक तरफ प्रदेश के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल  पानी की एक एक बूंद को सहेजने के लिए नरवा प्रोजेक्ट पर जो दे रहे है वही मोहलई में खसरा न. ११८ में स्थित लगभग ढाई एकड़ के क्षेत मेबने प्राकृतिक नाहर /नाला को पाटा जा रहा है जिसकी जानकारी पटवारी से लेकर उच्च अधिकारियों तक है किन्तु इस मामले में सभी अधिकारी मौन है . क्या दुर्ग जिला मुख्यालय से लगे इस प्राकृतिक नाहर /नाला की रक्षा विभाग के जिम्मेदार अधिकारी करेंगे या मुख्यमंत्री बघेल के उदेश्य को तिलांजलि देकर एसी कमरों में बैठ कर शिकायत का इंतज़ार करेंगे जिम्मेदार अधिकारी .
जो करना है कर लो कुछ नहीं होने वाला ...
 शौर्यपथ समाचार के वेब पोर्टल में पिछले दिनों अवैध प्लाटिंग के विषय में खबर लगने एवं मोहलई के भी कुछ खेत्र की फोटो देख कर दुर्ग के धनवान व्यक्ति पदम् जैन द्वारा फोन कर इस बारे में धमकी भरे लहजे में शौर्यपथ समाचार पत्र के संपादक से कहा गया कि जो करना है जितना लिखना हो लिख लो कुछ भी नहीं होने वाला पदम् जैन द्वारा कही गयी बातो में एक धमकी भरे और सभी स्वतंत्र है कुछ भी करने के लिए वाली  बात कहने का अंदाज एक अलग ही तरह का सन्देश देता प्रतीत हुआ हो सकता है पदम् जैन या उनके सहयोगी द्वारा परोक्ष या अपरोक्ष रूप से शारीरिक या आर्थिक नुक्सान पहुँचाया जा सकता है . किन्तु जिस विश्वास के साथ पदम् जैन ने अपनी बात कही और जिस तरह से साल दो साल से पटवारी से लेकर अन्य सम्बंधित विभाग की जानकारी के बावजूद भी  प्लाटिन का कार्य सुचारू रूप से चल रहा है उससे यही प्रतीत होता है कि विभागीय कार्यवाही की लचर व्यवस्था पर पदम् जैन को पूरा भरोसा है .

Rate this item
(0 votes)

Leave a comment

Make sure you enter all the required information, indicated by an asterisk (*). HTML code is not allowed.

हमारा शौर्य

हमारे बारे मे

whatsapp-image-2020-06-03-at-11.08.16-pm.jpeg
 
CHIEF EDITOR -  SHARAD PANSARI
CONTECT NO.  -  8962936808
EMAIL ID         -  shouryapath12@gmail.com
Address           -  SHOURYA NIWAS, SARSWATI GYAN MANDIR SCHOOL, SUBHASH NAGAR, KASARIDIH - DURG ( CHHATTISGARH )
LEGAL ADVISOR - DEEPAK KHOBRAGADE (ADVOCATE)