उत्तर बस्तर कांकेर / शौर्यपथ / छत्तीसगढ़ सरकार की गोधन न्याय योजना के तहत गौठान गांव को रूरल इंडस्ट्रीयल पार्क के रूप में विकसित कर गौठानो को आजीविका केंद्र के रूप में विकसित किया जा रहा है। ग्रामीण महिलाओं को सशक्त बनाने व ग्रामीणों को गाँव मे ही दाल मिल की सुविधा उपलब्ध करवाने के लिए मॉडल गौठान चिल्हाटी में दलहन प्रसंस्करण इकाई दाल मिल का प्रायोगिक संचालन किया गया। कृषि विभाग के कृषि विकास अधिकारी शंभूलाल नरेटी ने चिल्हाटी गौठान के समिति एवं मां लक्ष्मी महिला स्व-सहायता समूह के सदस्यों को दाल मिल चलाने के विधी का प्रायोगिक रूप से संचालन कर तकनीकी मार्गदर्शन दिया गया। दाल मशीन प्रसंस्करण के लिए चिल्हाटी गौठान के महिला समूह ने 10 किलोग्राम चना से दाल निष्कासन के तकनिक को देखा।
दाल मिल का प्रायोगिक संचालन के दौरान गोठान समिति अध्यक्ष महेश सलाम, ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारी प्रवीण कवाची, आशीष साहू, सचिव रामसजीवन महला, किसान मित्र शाहिद अहमद, प्रेमलाल जैन, चुम्मन लाल निर्मलकर, समूह के अध्यक्ष गनेशिया चालाकी, सदस्य बबिता, रेमनबाई, भारती, बसंताबाई उपस्थित थे।