वर्षों से मरम्मत और नए भवन की मांग, लेकिन नहीं मिली राहत
अशोक लुनावत
कांकेर। जिले के सरोना तहसील अंतर्गत ग्राम शामतरा में आंगनबाड़ी भवन एवं स्वास्थ्य केंद्र की जर्जर स्थिति ग्रामीणों के लिए गंभीर चिंता का विषय बन चुकी है। एक ओर आंगनबाड़ी भवन पूरी तरह जर्जर होकर दुर्घटना को आमंत्रण दे रहा है, वहीं दूसरी ओर स्वास्थ्य केंद्र भी बदहाल स्थिति में पहुंच चुका है। इसके बावजूद अब तक जिम्मेदार विभाग और जनप्रतिनिधियों की ओर से कोई ठोस पहल नहीं होने से ग्रामीणों में भारी नाराजगी देखने को मिल रही है।
ग्रामीणों का कहना है कि लंबे समय से दोनों भवनों की स्थिति खराब बनी हुई है। भवनों की दीवारों में दरारें आ चुकी हैं, छत भी कमजोर हो गई है और बरसात के दिनों में स्थिति और अधिक भयावह हो जाती है। ऐसे हालात में कभी भी कोई बड़ी दुर्घटना होने की आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता।
मासूम बच्चों की सुरक्षा पर मंडरा रहा खतरा
ग्राम शामतरा के आंगनबाड़ी केंद्र में छोटे-छोटे बच्चे प्रतिदिन शिक्षा और पोषण संबंधी गतिविधियों के लिए पहुंचते हैं। लेकिन जिस भवन में उन्हें बैठाया जाता है, वह पूरी तरह जर्जर हो चुका है। भवन की कमजोर दीवारें और छत बच्चों एवं आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के लिए लगातार खतरा बनी हुई हैं।
अभिभावकों का कहना है कि वे अपने बच्चों को आंगनबाड़ी भेजते समय हमेशा चिंता में रहते हैं। यदि समय रहते नया भवन नहीं बनाया गया या पुराने भवन की मरम्मत नहीं कराई गई तो किसी भी दिन बड़ा हादसा हो सकता है। ग्रामीणों ने बच्चों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए तत्काल कार्रवाई की मांग की है।
स्वास्थ्य केंद्र की बदहाली से इलाज के लिए भटक रहे ग्रामीण
ग्राम शामतरा का स्वास्थ्य केंद्र भी बदहाल स्थिति में पहुंच चुका है। भवन जर्जर होने के कारण ग्रामीणों को स्वास्थ्य सेवाओं का समुचित लाभ नहीं मिल पा रहा है। कई बार मरीजों को असुविधा का सामना करना पड़ता है और उन्हें इलाज के लिए दूसरे गांवों अथवा दूरस्थ स्वास्थ्य केंद्रों का रुख करना पड़ता है।
ग्रामीणों का कहना है कि स्वास्थ्य केंद्र की स्थिति सुधरने से गांव सहित आसपास के क्षेत्रों के लोगों को बड़ी राहत मिलेगी। वर्तमान में भवन की खराब स्थिति के कारण स्वास्थ्य सेवाओं के संचालन में भी अनेक कठिनाइयां सामने आ रही हैं।
पंचायत ने कई बार दिए आवेदन, लेकिन कार्रवाई अब भी अधूरी
ग्रामीणों के अनुसार ग्राम पंचायत द्वारा इस गंभीर समस्या को लेकर कई बार लिखित आवेदन संबंधित विभागों, जनप्रतिनिधियों तथा अधिकारियों को सौंपे जा चुके हैं। आवेदन में आंगनबाड़ी भवन एवं स्वास्थ्य केंद्र की जर्जर स्थिति का उल्लेख करते हुए नए भवन के निर्माण अथवा तत्काल मरम्मत की मांग की गई थी।
इसके बावजूद आज तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हो सकी है। ग्रामीणों का आरोप है कि केवल आश्वासन ही मिलते रहे, लेकिन धरातल पर कोई कार्य प्रारंभ नहीं हुआ। इससे लोगों में निराशा और असंतोष लगातार बढ़ता जा रहा है।
हादसे से पहले जागें जिम्मेदार, ग्रामीणों ने की तत्काल निर्माण की मांग
ग्राम शामतरा के लोगों ने जिला प्रशासन, महिला एवं बाल विकास विभाग, स्वास्थ्य विभाग तथा क्षेत्र के जनप्रतिनिधियों से मांग की है कि आंगनबाड़ी भवन और स्वास्थ्य केंद्र का तत्काल निरीक्षण कराया जाए तथा नए भवन के निर्माण अथवा आवश्यक मरम्मत के लिए शीघ्र स्वीकृति प्रदान की जाए।