दंतेवाड़ा / शौर्यपथ / दंतेवाडा जहां एक तरफ स्थाई शिक्षक एवम शासकीय कर्मी हड़ताल पर 22 अगस्त से बैठे हुए हैं उनमें प्राइमरी स्कूल के शिक्षक भी शामिल है जिससे शिक्षा व्यवस्था चरमरा सी गई है वहीं दूसरी युवा अतिथि शिक्षक धुर नक्सली क्षेत्र कटेकल्याण के ग्राम टेटम में मात्र ₹5000 मानदेय पर शिक्षा की अलख जगा रहे हैं और बच्चों को पढ़ा रहे ताकि समय कोर्स कंप्लीट हो सके। यह एक प्रकार की सेवा है शिक्षा से बढ़कर कोई दान नहीं होता इसका महत्व समझ कर इन बच्चों के भविष्य सुधारने की जेम्मेदारी उन स्थाई शिक्षक जिनका वेतन इनसे कई गुना ज्यादा होता है वह अपनी जिम्मेदारियों को दरकिनार कर अपने फायदे के लिए हड़ताल पर जा बैठे हैं ऐसा ही एक मामला कटेकल्याण के ग्राम टेटम प्राइमरी स्कूल जहां दर्ज बच्चो की संख्या में 30 है जिन्हें प्राथमिक शिक्षा अतिथि शिक्षकों द्वारा नाम मात्र मानदेय में पढ़ाया जा रहा है जिससे पढ़ाई में किसी भी प्रकार की बाधा ना हो