Print this page

अयोध्या में बन रहे राम मंदिर में लग रहा है भिलाई इस्पात संयंत्र का इस्पात

  • doing of business

दुर्ग / शौर्यपथ /

राम मंदिर से हिंदुस्तान के करोड़ों लोगों की आस्था जुड़ी है इसी आस्था को मजबूती देगा भिलाई का इस्पात। यह भिलाई के लिए गर्व की बात है कि अयोध्या में बन रहे राम मंदिर निर्माण कार्य में भिलाई के इस्पात का प्रयोग किया जा रहा है। देश दुनिया में अपनी गुणवत्ता व उत्कृष्टता के लिए प्रसिद्ध, भिलाई इस्पात संयंत्र के इस्पात उत्पादों ने देश के बड़े-बड़े परियोजनाओं को नई शक्ति दी है। रक्षा क्षेत्र हो या अधोसंरचना या रेल परिवहन की बात, हर जगह मौजूद है भिलाई का इस्पात। आज भिलाई का इस्पात राम मंदिर निर्माण में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है।
भिलाई इस्पात संयंत्र, बड़े-बड़े बांध, बिजली संयंत्रों, पुलों, फ्लाईओवर, एक्सप्रेस-वे, सुरंगों आदि राष्ट्रीय महत्व की बड़ी परियोजनाओं में उपयोग के लिए भूकंप और जंगरोधी गुणों से युक्त उच्च शक्ति वाले टीएमटी बार्स का उत्पादन करता आ रहा है7 सेल-भिलाई हाल ही में अयोध्या राम मंदिर निर्माण परियोजना में और सीमा सड़क संगठन(बीआरओ) द्वारा किये जा रहे निर्माण में उपयोग हेतु आवश्यक ग्रेड के टीएमटी बार की आपूर्ति कर रहा है। वर्तमान में अयोध्या में बन रहे राम मंदिर के निर्माण के लिए सेल-बीएसपी द्वारा अब तक विभिन्न आयामों के 550 डी ग्रेड की लगभग 190 टन टीएमटी बार की आपूर्ति की जा चुकी है। इस परियोजना के लिए टीएमटी बार का उत्पादन प्लांट के आधुनिक बार एंड रॉड मिल और मर्चेंट मिल दोनों में किया गया है। आपूर्ति की गई सामग्री में बार एंड रॉड मिल में उत्पादित 550 डी ग्रेड के 12 मिमी व्यास वाले लगभग 120 टन टीएमटी बार और मर्चेंट मिल में उत्पादित समान ग्रेड वाले 32 मिमी व्यास वाले लगभग 65 टन टीएमटी बार शामिल हैं।

पिछले वित्तीय वर्ष 2021-22 में सीमावर्ती क्षेत्रों में कनेक्टिविटी सुनिश्चित करने के लिए सड़कों, पुलों आदि के निर्माण के उद्देश्य से सेल-बीएसपी द्वारा विभिन्न आयामों के 500 डी ग्रेड के 610 टन से अधिक टीएमटी बार की आपूर्ति बीआरओ को की गई । भिलाई इस्पात संयंत्र के आधुनिक बार एंड रॉड मिल से बीआरओ को आपूर्ति की गई 500 डी ग्रेड के टीएमटी बार्स का उत्पादन किया गया है। बीआरओ को आपूर्ति किए गए टीएमटी बार्स में 16 मिलीमीटर (मिमी) व्यास वाले 350 टन, 20 मिमी व्यास वाले120 टन, 10 मिमी व्यास वाले 74 टन और 12 मिमी व्यास 69 टन शामिल हैं।

गौरतलब है कि भिलाई की मोडेक्स इकाई, बार एंड रॉड मिल के उत्पाद देश के विभिन्न हिस्सों में पहुंच चुके हैं। सेल-भिलाई के उत्पादों की बेहतर गुणवत्ता, नकारात्मक सहनशीलता और स्थाई यांत्रिक गुणों और आईएस-1786 मानदंडों के अनुसार उत्पादित अच्छी वेल्डेबिलिटी के उत्पाद है इन उत्पादों की ग्राहकों द्वारा व्यापक रूप से सराहना की गई है। दूसरी ओर प्लांट का मर्चेंट मिल, बाजार की जरुरत के अनुसार इस अत्यधिक प्रतिस्पर्धी वर्ग में भी ग्राहकों की मांगों को पूर्ण कर रही है। प्लांट की मर्चेंट मिल द्वारा तैयार किए गए सभी टीएमटी बार और रॉड, भूकंप प्रतिरोधी गुणों से युक्त है। इसके अतिरिक्त, ग्राहकों की जरूरतों को पूरा करने के लिए एचसीआर या उच्च जंग प्रतिरोधी गुण भी प्रदान किए जाते हैं। विदित हो की मर्चेंट मिल का संपूर्ण टीएमटी उत्पादन ईक्यूआर किस्म का है इसमें और अधिक सेक्शन जोड़े गए हैं साथ ही टीएमटी ईक्यूआर रिबार की जंग प्रतिरोधी किस्म का उत्पादन भी किया जा रहा है। पूरे देश में बांधों, थर्मल, हाइड्रो-इलेक्ट्रिक और परमाणु ऊर्जा परियोजनाओं, पुलों, राजमार्गों, फ्लाईओवरों, सुरंगों और ऊंची इमारतों के अलावा कुछ ऐतिहासिक परियोजनाएं हैं जैसे बांद्रा वर्ली सी लिंक ब्रिज, सरदार वल्लभभाई पटेल की स्टैच्यू ऑफ यूनिटी, आगरा एक्सप्रेस-वे जिस पर लड़ाकू विमान उतरे हैं और उत्तर और उत्तर-पूर्व भारत में कई पुलों और सुरंगों में सेल-भिलाई के टीएमटी बार का इस्तेमाल किया गया है।

Rate this item
(0 votes)
PANKAJ CHANDRAKAR

Latest from PANKAJ CHANDRAKAR