Print this page

शराब के ऑनलाइन बिक्री में गड़बड़ा रही व्यवस्था ओटीपी आने के बाद डिलीवरी के लिए दुकानों में लग रही भीड़ ...

  • doing of business

दुर्ग / शौर्यपथ / लॉकडाउन में शराब की शुरू की गई ऑनलाइन बिक्री में सप्ताह भर बाद भी व्यवस्था में सुधार नहीं बन पा रहा है। इससे शराब के शौकीन परेशान है। ओटीपी आने के बाद समय पर होम डिलीवरी नहीं होने से शराब के दुकानों में भीड़ उमड़ रही हैण् वहीं पहली ओटीपी को डिलीवरी के बाद विलोपित नहीं किए जाने से दूसरी बुकिंग का प्रयास सफल नहीं होने से शराब के शौकीनों में व्यवस्था को लेकर नाराजगी दिख रही है।
शासन के आदेश पर 10 मई से शुरू की गई शराब के ऑनलाइन बिक्री की व्यवस्था सप्ताह भर बाद भी सुचारू नहीं हो सकी है। ऑनलाइन बिक्री के लिए चिन्हित देशी और विदेशी शराब के दुकानों पर उमड़ रही भीड़ इस बात का प्रमाण दे रही है। नियम के तहत प्रकिया पूरी हो जाने पर ओटीपी जारी होने के बाद शराब की होम डिलीवरी होनी चाहिए। लेकिन डिलीवरी बॉय के फोन के इंतजार में शराब के शौकीनों का सब्र जवाब देने लग रहा है।
लिहाजा ज्यादातर लोग शराब की डिलीवरी लेने दुकानों में भीड़ लगा रहे हैं। इस भीड़ में शारीरिक दूरी के नियम की अनदेखी होने से कोरोना संक्रमण का खतरा बना हुआ है। शराब के शौकीनों की दूसरी समस्या ओटीपी को समय पर विलोपित नहीं किए जाने को लेकर है। ऑनलाइन बुकिंग के बाद जब शराब की डिलीवरी सुनिश्चित हो जाए तो उसके लिए जारी ओटीपी को सिस्टम से विलोपित कर दिया जाना चाहिए। लेकिन अधिकांश दुकानों में डिलीवरी के बाद ओटीपी को विलोपित करने के प्रति उदासीनता बरती जा रही है। इसके चलते दूसरी बुकिंग नहीं हो पा रही है। इस स्थिति का सामना 10 मई को पहले दिन ऑनलाइन बुकिंग के बाद शराब की डिलीवरी ले चुके लोगों को भी करना पड़ रहा है।
दरअसल पुरानी बुकिंग का ओटीपी विलोपित नहीं हो पाने से नई बुकिंग की प्रक्रिया को आर्डर लंबित होने का हवाला देकर साफ्टवेयर कैंसिल कर रहा है। शराब की ऑनलाइन बिक्री की शुरुआत हुए एक सप्ताह हो चुका है और इस दौरान अनेक लोगों से यह शिकायत मिल रही है कि एक बार डिलीवरी हो जाने के बाद उनका दूसरा प्रयास लगातार कोशिश के बावजूद सफल नहीं हो पा रहा है। शराब के शौकीनों में पुरानी बुकिंग के ओटीपी को डिलीवरी के काफी समय बाद भी विलोपित नहीं किए को लेकर नाराजगी पनपने लगी है।
कोचियों को मिल रहा कमाने का मौका
ओटीपी आने के बाद समय पर शराब की डिलीवरी नहीं होने से कोचियों को कमाई का मौका मिल रहा है। पुरानी ओटीपी के समय पर विलोपन के अभाव में नई बुकिंग नहीं हो पाने से भी शराब के शौकीन कोचियों से संपर्क कर रहे हैं। ऐसे लोगों से मनमानी राशि लेकर कोचिए अवैध रूप से शराब उपलब्ध कराते हुए अपनी जेब भरने में लगे हुए हैं। इस प्रकार का कृत्य भिलाई दुर्ग के ऑनलाइन बिक्री हेतु अधिकृत दुकानों में भी चल रहा है। सेल्समैन और सुपरवाइजर दुकान पहुंचने वाले जरूरतमंदों को कोचिया बनकर अवैध रुप से शराब उपलब्ध करा रहे हैं।

Rate this item
(0 votes)
शौर्यपथ

Latest from शौर्यपथ