नई दिल्ली | (शौर्यपथ समाचार)
भारत और अल्जीरिया के बीच रक्षा सहयोग को नई गति देते हुए 5 मई 2026 को नई दिल्ली में संयुक्त आयोग की पहली बैठक आयोजित की गई। इस महत्वपूर्ण बैठक में दोनों देशों ने प्रशिक्षण, संयुक्त सैन्य अभ्यास, चिकित्सा सहयोग और रक्षा उद्योग जैसे क्षेत्रों में सहयोग को और विस्तार देने पर सहमति व्यक्त की।
बैठक के दौरान दोनों पक्षों ने रक्षा सहयोग के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए एक कार्यप्रणाली ढांचे (टर्म्स ऑफ रेफरेंस) पर हस्ताक्षर किए, जो भविष्य में संयुक्त आयोग की बैठकों के लिए मार्गदर्शक के रूप में कार्य करेगा।
इस बैठक की सह-अध्यक्षता भारत की ओर से संयुक्त सचिव (अंतर्राष्ट्रीय सहयोग) श्री अमिताभ प्रसाद और अल्जीरिया की ओर से नौसेना प्रमुख (चीफ ऑफ स्टाफ) मेजर जनरल कायद नूर एड्डिन ने की। भारतीय प्रतिनिधिमंडल में तीनों सेनाओं, एकीकृत रक्षा स्टाफ, रक्षा उत्पादन विभाग, डीआरडीओ, सशस्त्र बल चिकित्सा सेवा और विदेश मंत्रालय के वरिष्ठ अधिकारी शामिल रहे।
गौरतलब है कि भारत और अल्जीरिया के बीच रक्षा संबंध वर्ष 2024 में रक्षा समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर के बाद लगातार मजबूत हुए हैं। दोनों देशों के बीच उच्च स्तरीय यात्राओं ने इस सहयोग को और गहराई दी है।
बैठक से पूर्व मेजर जनरल कायद नूर एड्डिन ने राष्ट्रीय युद्ध स्मारक पर पुष्पांजलि अर्पित कर शहीदों को श्रद्धांजलि दी। अपनी भारत यात्रा के दौरान अल्जीरियाई प्रतिनिधिमंडल रक्षा उद्योग से जुड़े भारतीय प्रतिनिधियों के साथ भी विस्तृत चर्चा करेगा।
विशेषज्ञों का मानना है कि यह बैठक भारत-अल्जीरिया रक्षा साझेदारी को नई दिशा देने के साथ-साथ वैश्विक सुरक्षा सहयोग में भी दोनों देशों की भूमिका को सुदृढ़ करेगी।