Print this page

दुर्ग निगम का कचरा परिवहन का बड़ा खेल , एक स्थान से दुसरे स्थान पर किया जा रहा डंप भावभूमि कालोनीनाईजऱ के आगे नतमस्तक ? , चारागाह की जमीन पर वृक्षारोपण Featured

  • rounak group

 दुर्ग / शौर्यपथ / दुर्ग नगर पालिक निगम की कार्यप्रणाली में भ्रष्टाचार के ऐसे कई मामले सामने है जो शासन के राजस्व की हानि तो कर ही रहे वही अब निगम प्रशासन के फैसलों से आम जनता के स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ भी किया जा रहा वही एक ही कार्य को बार बार करते हुए निगम प्रशासन द्वारा राजस्व का खुल कर उपयोग किया जा रहा . एक ऐसी संस्था जो भाजपा सरकार के अस्तित्व में आने के बाद निगम प्रशासन में बड़ी तेजी से आगे बढ़ रही है अचानक इस संस्था के आने के बाद निगम प्रशासन के परिवहन के कार्य एक ही संस्था को मिलने से शहर में चर्चा का विषय है . चाहे कचरा डंपिंग का कार्य हो , कचरा परिवहन का कार्य हो या फिर ठगडा बाँध से मुरुम परिवहन एक ही कंपनी को कार्य देना कही ना कही निगम प्रशासन की कंपनी के साथ मिलीभगत की ओर इशारा कर रही है . आश्चर्य की बात है कि ऐसे कई ठेकेदार है जिनका निगम के कार्यो का भुगतान हुए महीनो बीत गए वही उक्त संस्था को आचार संहिता के दौरान आनन फानन में भाव पत्र के आधार पर कार्य दे दिया गया वही कर्मचारियों को समय पर वेतन का भुगतान ना करने में चर्चा में रहने वाली दुर्ग निगम प्रशासन ने उक्त संस्था / कंपनी को आचार संहिता (लोकसभा 2024) में ही निगम मद से लाखो रूपये का भुगतान कर दिया गया .


  एक तरफ निगम प्रशासन द्वारा पुलगांव गौठान के समीप के कचरे को माह भर में ही साफ़ कर दिया गया और शासन की इस जमीन पर भावभूमि कोलोनीनाइजऱ द्वारा बड़े बड़े पौधे लगाकर वृक्ष रोपण कर दिया गया वो भी शासन की बिना अनुमति के जबकि उक्त खाली स्थान गौठान की चारागाह भूमि के लिए निगम प्रशासन ने विगत तीन चार साल पहले ही शासन से आबंटित कराई थी . आज गौठान में सैकड़ो गाये है किन्तु उनके खाने की एक बड़ी व्यवस्था इस चारागाह भूमि से होती है किन्तु इसे भी वृक्षारोपण कर एक तरह से अवैधानिक रूप से भावभूमि कालोनी के संचालको द्वारा कब्ज़ा कर लिया गया और निगम प्रशासन मौन है .
   वही अब शहर के मध्य सुराना कालेज के सामने महीनो से जमा हो रहे शहर के कचरे को एक बार फिर जलाराम वाटिका के बगल स्थित एसएलआरएम सेंटर में डंप किया जा रहा . निगम प्रशासन के पास गौठान के समीप कई एकड़ की भूमि है और इस क्षेत्र में को रहवासी नहीं ऐसे में इस इलाके में कचरा डंप करने से आम जन के स्वास्थ्य पर असर नहीं होगा किन्तु निगम प्रशासन एक बार फिर महेश कालोनी के समीप नाले से लगी हुई जमीन पर कचरा डंप कर रही है अगर तेज बारिश हो तो यह क्षेत्र डूबान में आता है ऐसे में ये सारा कचरा नदी में समाहित हो जाने का खतरा बना हुआ है जिससे दुर्ग की पवित्र नदी भी प्रदूषित हो सकती है किन्तु इस मामले पर महापौर मौन , शहर विधायक मौन , स्वास्थ्य प्रभारी मौन और निगम प्रशासन की मनमानी चरम सीमा पर ऐसे गंभीर मुद्दे पर शहर विधायक का मौन रहना भी शहर में चर्चा का विषय है ..

Rate this item
(1 Vote)
शौर्यपथ