दुर्ग / शौर्यपथ / दुर्ग जिले में एक मार्च से अभी तक अगर कोरोना पोजिटिव मरीज की गणना की जाए तो प्रतिदिन इसकी बढ़ोतरी हो रही है . जहाँ एक मार्च को 47 पोजिटिव मरीज मिले वही 14 मार्च को इनकी संख्या 140 के करीब पहुँच गयी . आम जनता की लापरवाही , सोशल डिस्टेंस का पालन ना करना संक्रमण को बढ़ावा देना साबित हो रहा है . आज से एक साल पहले जिस तरह की स्थिति निर्मित हुई थी ऐसी ही स्थिति फिर से निर्मित हो रही है . ऐसा नहीं है कि प्रशासन की ही साड़ी गलती है है . प्रशासन भी इस बढ़ते मरीजो की जिम्मेदार है वही आम जनता भी इसमें पूरी तरह से भागीदारी निभा रही है . जिस तरह बाजारों में भीड़ और सोशल डिस्टेंस की धज्जी उडी लोगो के चेहरे से मास्क गायब हुए उसके बाद एक बार फिर शहर में कोरोना के मरीज बढ़ते हुए दिख रहे है . आखिर कार प्रशासन को एक बार फिर सख्ती से मास्क के लिए अभियान चलाने की आवश्यकता महसूस हुई और जिलाधीश ने मास्क ना पहनने वालो पर सख्ती के साथ कई प्रकार की पाबंदियो का आदेश जरी कर दिया .
अगर देखा जाए तो सिर्फ मार्च के ही महीने में 956 मरीज कोरोना पोजिटिव के मिले है . इतने मरीज मिलने के बाद भी ये नहीं जाहिर हो रहा है कि जो मरीज मिले है वो आइसोलेशन का पूर्ण पालन कर रहे है या नहीं उनके परिवार वाले आइसोलेशन नियमो का पालन कर रहे है कि नहीं . अभी हल ही में एक बड़े मामले जिसमे शहर के विधायक कोरोना पोजिटिव हुए थे किन्तु उनके साथ रहने वाले कोई भी जनप्रतिनिधि यहाँ तक की निगम महापौर भी जो हमेशा साथ रहते है यहाँ तक की कई बार एक ही वहां में सफऱ भी करते है विधायक के पोजिटिव रिपोर्ट आने के बाद भी निगम में आते रहे , आम जनता से मिलते रहे . अब ये बात सभी को मालुम है कि कोरोना संक्रमण धीरे धीरे फैलता है किसी किसी पर जल्दी तो किसी किसी पर देर से असर दिखाता है ऐसे में जब प्रतिष्ठित व्यतियो द्वारा ही सावधानी नहीं बरती गयी तो क्या आम जनता द्वारा सावधानी बरती जा रही होगी . क्या आने वाले समय में कोरोना एक बार फिर अपने विकराल रूप में समाज को अपने आगोश में ले लेगा क्या फिर शहर की जनता की सुरक्षा के लिए जिला प्रशासन सख्त कदम उठाते हुए एक बार फिर लॉक डाउन की घोषणा कर देगा . साल भर के लॉक डाउन से आम जनता और रोजमर्रा कमाने वालो की आर्थिक स्थिति कमजोर हो गयी ऐसे में अगर फिर लॉक डाउन लगता है तो आम जनता के लिए दो वक्त की रोटी की व्यवस्था भी मुश्किल हो जाएगी . अभी भी समय है कि शासन के निर्देशों का कड़ाई से पालन करते हुए सुरक्षित रहे सोशल डिस्टेंस का पालन करे , स्व्कक्ष रहे ताकि जिन्दगी की गाडी धीरे धीरे चलती रही इसमें लॉक डाउन का ब्रेक न लगे क्योकि लॉक डाउन से मिडिल क्लास और रोजमर्रा कमाने वालो को ही परेशानियों से गुजरना होता है सबसे ज्यादा परेशानी और सबसे पहले मुसीबत इन पर ही आती है . अभी भी समय है सुरक्षित रहे स्वस्थ रहे ..
मार्च महीने में दुर्ग जिले में कोरोना पोजिटिव की संख्या 956 कुल 9 मौते
रविवार 14 मार्च 140 पॉजिटिव 0 डेथ
शनिवार 13 मार्च 140 पॉजिटिव 0 डेथ
शुक्रवार 12 मार्च 110 पॉजिटिव 1 डेथ
गुरुवार 11 मार्च 78 पॉजिटिव 0 डेथ
बुधवार 10 मार्च 99 पॉजिटिव 1 डेथ
मंगलवार 9 मार्च 70 पॉजिटिव 3 डेथ
सोमवार 8 मार्च 62 पॉजिटिव 1 डेथ
रविवार 7 मार्च 52 पॉजिटिव 0 डेथ
शनिवार 6 मार्च 33 पॉजिटिव 1 डेथ
शुक्रवार 5 मार्च 41 पॉजिटिव 1 डेथ
गुरुवार 4 मार्च 30 पॉजिटिव 1 डेथ
बुधवार 3 मार्च 31 पॉजिटिव 0 डेथ
मंगलवार 2 मार्च 23 पॉजिटिव 0 डेथ
सोमवार 1 मार्च 47 पॉजिटिव 0 डेथ