व्रत त्यौहार /शौर्यपथ /हिन्दू धर्म में मौनी अमावस्या का विशेष महत्व है. इस दिन साधक मौन व्रत रखकर विष्णु भगवान की पूजा अर्चना करते हैं. इस दिन श्रद्धालु गंगा, गोदावरी, कृष्णा, कावेरी, सरस्वती और नर्मदा नदी जैसी पवित्र नदियों में स्नान करते हैं. ऐसी मान्यता है कि मौनी अमावस्या को स्नान-ध्यान कर भगवान विष्णु की पूजा करने से साधक को सौ यज्ञों के बराबर फल प्राप्त होता है.ऐसे में इसबार मौनी अमावस्या किस दिन मनाई जाएगी और इसकी पूजा विधि क्या है आइए जानते हैं.
मौनी अमावस्या शुभ मुहूर्त
इस साल माघ अमावस्या 09 फरवरी को सुबह 08 बजकर 02 मिनट पर शुरू होगी और अगले दिन 10 तारीख को 4 बजकर 28 मिनट पर समाप्त होगा. उदया तिथि 9 को है इसलिए मौनी अमावस्या इस दिन ही मनाई जाएगी.
शुभ योग -
मौनी अमावस्या के दिन सर्वार्थ सिद्धि योग बन रहा है इस बार.यह योग 7 बजकर 5 मिनट से शुरू हो रहा है जो देर रात 11 बजकर 29 मिनट तक रहेगा.
मौनी अमावस्या पूजा विधि -
-मौनी अमावस्या के दिन सबसे पहले भगवान विष्णु को प्रणाम करें.
-इस दिन बोलने की मनाही होती है. इस दिन आप बहते जल में काला तिल प्रवाहित करें.
-इस दिन पीपल के पेड़ में भी जल का अर्घ्य दें.
-इस दिन विष्णु चालीसा और मंत्र का जाप करें.