शौर्यपथ / त्योहार हमारे जीवन में नई खुशियां, नई ऊर्जा और नया उत्साह लेकर आते हैं। दीपावली के साथ कई त्योहार आने वाले हैं। घर और प्रतिष्ठानों में त्योहारों को लेकर तैयारियां शुरू हो गई हैं। वास्तु में कुछ आसान से उपाय बताए गए हैं जो इन त्योहारों पर आपके परिवार में सुख और समृद्धि में वृद्धि करने में सहायक हो सकते हैं। आइए जानते हैं इन उपायों के बारे में।
घर या प्रतिष्ठान का मुख्य द्वार वास्तु शास्त्र में बहुत महत्वपूर्ण माना जाता है। त्योहारों के स्वागत में घर या प्रतिष्ठान के मुख्य द्वार को तोरण, रंगोली से सजाएं। घर के प्रवेश द्वार की सफाई का विशेष ध्यान रखें और प्रवेश द्वार के दोनों ओर दीपक जलाएं। अगर घर या प्रतिष्ठान में रंग-रोगन की आवश्यकता है तो इसे जरूर कराएं। दीवारों पर दरारें, टूट-फूट, सीलन के निशान सकारात्मक ऊर्जा ग्रहण नहीं कर पाती हैं। घर में जो वस्तुएं अनुपयोगी हैं और नकारात्मक ऊर्जा उत्पन्न कर रही हैं तो उन्हें घर से बाहर कर दें। त्योहारों पर घर या प्रतिष्ठान का वातावरण धूप-अगरबत्ती से सुगंधित करें। घर की सफाई का विशेष ध्यान रखें और फूल, आम के पत्ते, रंगोली, रंगीन बल्ब आदि से घर या प्रतिष्ठान की साज सज्जा करें। रंगोली बनाते समय काले या भूरे रंग का प्रयोग न करें। त्योहार पर घर में बच्चों, बहू-बेटियों को रुपया-पैसा या दूसरी वस्तुओं का दान अवश्य करें। किसी को भी उपहार में चाकू या चमड़े आदि का सामान न भेंट करें। घर के कोने-कोने में नमक मिश्रित जल का छिड़काव करें। त्योहारों पर ध्यान रखें कि घर में कोई कमरा बंद न हो। पूजा में पीले वस्त्रों का प्रयोग करें। पीले आसन पर बैठकर पूजा करें। त्योहारों पर तुलसी के पौधे पर लाल या पीले रंग का वस्त्र चढ़ाएं और घी का दीप जलाकर रखें।