रायपुर / शौर्यपथ /
रायपुर लोकसभा प्रत्याशी एवं पूर्व संसदीय सचिव विकास उपाध्याय ने आज पत्रकार वार्ता में पीएम पोषण योजना के तहत एल्यूमिनियम बर्तन खरीदी को लेकर बड़े पैमाने पर अनियमितताओं और नियमों की अनदेखी के गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार और न्यायालय के स्पष्ट निर्देशों के बावजूद राज्य सरकार ने एल्यूमिनियम बर्तन खरीदने की प्रक्रिया शुरू कर बच्चों के स्वास्थ्य के साथ सीधा खिलवाड़ किया है।
उपाध्याय ने बताया कि एल्यूमिनियम बर्तनों में भोजन पकने से होने वाले दुष्प्रभाव वैज्ञानिक रूप से प्रमाणित हैं, इसी कारण केंद्र और कोर्ट ने सरकारी भोजन निर्माण में इनके उपयोग पर रोक के निर्देश दिए थे। इसके बावजूद राज्य में टेंडर जारी कर दिए गए, जिससे खरीद प्रक्रिया की मंशा और पारदर्शिता पर सवाल उठना स्वाभाविक है।
उन्होंने आरोप लगाया कि टेंडरों को ऐसे तैयार किया गया कि केवल चुनिंदा फर्मों—जैसे हृक्र ्रह्यह्यशष्द्बड्डह्लद्गह्य, त्रड्डठ्ठश्चड्डह्लद्ब श्वठ्ठह्लद्गह्म्श्चह्म्द्बह्यद्गह्य, स्द्धह्म्द्ब क्रड्डद्व ष्टह्म्द्गड्डह्लद्बशठ्ठ—को ही लाभ मिले। पिछले वर्षों की तरह इस बार भी इन्हीं फर्मों को फायदा पहुंचाने की कोशिश की गई, जबकि कई योग्य और कम दर वाले सप्लायरों को तकनीकी शर्तों के नाम पर बाहर कर दिया गया।
उपाध्याय ने कहा कि हाल ही में स्पोट्र्स किट टेंडर में सुप्रीम कोर्ट की नाराजग़ी और री-टेंडर के आदेश के बाद भी विभाग ने सीख नहीं ली है। लगातार टेंडरों पर संदेह यह दर्शाता है कि खरीद प्रक्रिया पर लोगों का भरोसा कम होता जा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि विभाग के कुछ अधिकारियों, चुनिंदा ठेकेदारों और सत्ता से जुड़े प्रभावशाली व्यक्तियों के बीच गठजोड़ से टेंडर प्रक्रिया प्रभावित हो रही है।
उन्होंने कहा, "यह लड़ाई राजनीति की नहीं, बच्चों के स्वास्थ्य और भविष्य की रक्षा की है। टेंडरों को निजी संपत्ति समझकर बांटने की प्रवृत्ति लोकतंत्र नहीं—लूटतंत्र है। और इस लूटतंत्र का अंत होना चाहिए।"
उन्होंने प्रधानमंत्री कार्यालय से मामले में तत्काल हस्तक्षेप की मांग की, यह कहते हुए कि राज्य सरकार पीएम की मंशा को पलीता लगा रही है।
मुख्य माँगें:
पोषण योजना में एल्यूमिनियम बर्तनों के उपयोग पर तुरंत रोक।
सभी टेंडरों की विस्तृत और पारदर्शी समीक्षा।
क्करू क्कह्रस्॥्रहृ की गाइडलाइन का कड़ाई से पालन।
मिलीभगत सामने आने पर दोषियों पर कठोर कार्रवाई।
विभाग में सक्रिय कथित गठजोड़ की निष्पक्ष जांच।
पत्रकार वार्ता में कांग्रेस के वरिष्ठ प्रवक्ता धनंजय सिंह ठाकुर, सुरेन्द्र वर्मा, सत्यप्रकाश सिंह, अशोक ठाकुर, संदीप तिवारी और विनोद कश्यप उपस्थित रहे।