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सांसद रेणुका सिंह, सुनील सोनी, विजय बघेल केंद्र के सामने छत्तीसगढ़ के जनभावनाओं को रखने में असफल Featured

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भाजपा सांसदों को नही है छत्तीसगढ़ के किसान मजदूर युवाओ की चिंता केंद्र बारबार कर रहा है भेदभाव
मुख्यमंत्री भूपेश बघेल किसानों को धान की कीमत 2500 रु क्विं दे रहे मोदी भाजपा किसानों से किये वादा को निभाने में असफल

रायपुर/ शौर्यपथ / मोदी सरकार के द्वारा छत्तीसगढ़ से चावल उठाने एफसीआई को अनुमति नहीं देने पर कांग्रेस ने भाजपा सांसदों को घेरा। प्रदेश कांग्रेस प्रवक्ता धनंजय सिंह ठाकुर ने कहा कि केंद्रीय मंत्री रेणुका सिंह,सांसद सुनील सोनी, विजय बघेल संतोष पांडेय सहित भाजपा के सांसद छत्तीसगढ़ की बात केंद्र के सामने रखने में असफल है भाजपा सांसदों के निष्क्रियता का दुष्परिणाम छत्तीसगढ़ की जनता को उठाना पड़ रहा है। भाजपा के सांसद छत्तीसगढ़ में रहते है तो राजनीतिक बयानबाजी कर टिवीटर सोशल मीडिया में छत्तीसगढ़ के किसान मजदूरों की हितचिंतक होने का ढोंग करते है और दिल्ली में मोदी शाह के सामने छत्तीसगढ़ के किसानों मजदूरों की बात रखने में डरते हैं। कई दफा भाजपा सांसद संगठित होकर केंद्रीय मंत्रियों से मिलते तो है और छत्तीसगढ़ को मिलने वाली केंद्रीय योजना की राशि को रोकने की मांग करते है।
भाजपा सांसदों को छत्तीसगढ़ के ढाई करोड़ जनता को बताना चाहिए कि आखिर मोदी सरकार एफसीआई को छत्तीसगढ़ से चावल लेने अनुमति क्यो नही दे रही है? छत्तीसगढ़ में धान खरीदी को एक महीना पूरा हो गया है अब तक एफसीआई को चावल उठाने की अनुमति क्यों नहीं दी गई है ?
छत्तीसगढ़ सरकार के द्वारा धान खरीदने मांगी गई तीन लाख पचास हजार गठान बोरा की आपूर्ति क्यो नही कर रही है? मुख्यमंत्री भूपेश बघेल सरकार धान की कीमत एक मुश्त 2500 रु क्विं किसानों के खाता में सीधा जमा करा रहे थे तो मोदी सरकार ने रोक क्यो लागई?किसानों को धान की कीमत 2500 रु क्विं मिल रहा है तो भाजपा को आपत्ति क्यो है?
प्रदेश कांग्रेस प्रवक्ता धनंजय सिंह ठाकुर ने कहा कि मोदी सरकार जानबूझकर छत्तीसगढ़ में किसानों से धान खरीदी में बाधा उत्पन्न करने के लिए किसानों को परेशान करने के लिए कस्टम मिलिंग के चावल को एफसीआई में जमा कराने की अनुमति नहीं दे रहे हैं। यह पहला अवसर नहीं है इसके पहले भी मुख्यमंत्री भूपेश बघेल की सरकार ने किसानों के धान को 2500 रुपया प्रति क्विंटल के दर से खरीदी और एक मुश्त2500 रु की राशि किसानों के खाते में जमा कराएं तब दूसरी बार किसानों के धान खरीदी में नियम शर्ते लगाने का काम मोदी भाजपा की सरकार ने किया था और किसानों को धान के समर्थन मूल्य 1868 रु से अतिरिक्त राशि देने पर सेंट्रल पुल में चावल नहीं लेने की चेतावनी दी गई थी।
अब तीसरे बार किसानों के धान खरीदी को सुचारू रूप से चलने से रोकने के लिए पहले तो बारदाना की आपूर्ति में बाधा उत्पन्न किया गया राज्य सरकार के द्वारा मांगे गए तीन लाख पचास हजार गठान बोरा में कटौती कर 1लाख 5 हजार गठान बोरा दिया गया अब जब छत्तीसगढ़ के 11लाख 50हजार किसानों से लगभग 50 लाख मीट्रिक टन धान की खरीदी हो गई है और लगभग 20 लाख मीट्रिक टन धान चावल बनाने दे दिया गया है ऐसे में एफसीआई में चावल जमा करने की अनुमति नहीं देकर मोदी भाजपा की सरकार ने एक बार और किसानों के धान खरीदी को प्रभावित करने षड्यंत्र कर काम रही है ।

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शौर्यपथ

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