शौर्यपथ की बातें / निक्की बेटा मेरी जिन्दगी में अब कुछ नहीं रहा है रे ना तो अच्छा पापा बन पाया ना अच्छा बेटा . जब तू दुनिया में आया तब भी तुझसे बहुत दूर था और जब गया तब भी . पर जब तक तू था तेरे लिए ही जीता था पर ये अब पता चला जब तू मुझसे दूर हो गया . जब तू पास था तब बस पैसे कमाने में लगा था पर अब क्या कृ इन पैसो का इन झूठी खुशियों का एक पल हँसता तो तो पल पल रोता हूँ ना कुछ कह सकता हूँ ना कुछ बोल सकता हूँ ना जी पा रहा हूँ ना मर पा रहा हूँ बस जिन्दा लाश बन गया हूँ . निक्की बेटा मै कैसे जियूं रे तेरी बहन को कैसे संभालू तेरी मा को कैसे संभालू . अकेला हो गया रे भीड़ भरी दुनिया में वीरान जिन्दगी जी रहा हूँ .
ऐसी जिन्दगी जिसमे मौत भी नहीं आती और जिन्दा भी रहने की इच्छा नहीं है बस सुबह से शाम और शाम से सुबह दिन गुजर रहा है कहा जाऊ क्या करू ये भी नहीं मालूम बस कुछ न कुछ करता रहता हूँ घुट घुट के जीता रहता हूँ . रोज तेरी बात सुनता हूँ तेरी आवाज़ सुनता हूँ पर देख नहीं पाता गोद में उठा नहीं सकता सीने से लगा नहीं सकता क्या ऐसा ही जीवन जीने के लिए छोड़ गया बेटा तू अब तो भगवान् के साथ है ना तो कह दे ना कि मुझे भी कही दूर भेज दे इस दुनिया से बहुत दूर जहाँ सब भूल जाऊ सिर्फ तेरी याद में ही जिन्दगी गुजार दू मुझे कुछ नहीं चाहिए सिर्फ तू ही चाहिए . तू जहाँ रहे वही मै भी रहू तुझे सीने से लगाये जिन्दगी गुजार दू बस इतना कर बेटा मुझे अपने पास बुला ले अब मुझसे ना तो तेरी मा का दुःख देखा जाता और ना सिद्धि की उदासी और खोखली हंसी देखि जाती अब सहन नहीं होता बेटा . मै अच्छा पापा नहीं हु तो क्या हुआ तू तो मेरा अच्छा बेटा है ना तू तो सब कर सकता है उस दुइय से इस दुनिया आ गया इस दुनिया से दूसरी दुनिया अकेले चला गया तो मुझे भी तो बुला सकता है ना अपने पास मुझे कुछ नहीं चाहिए बस तू ही चाहिए बेटा मेरा बेटा चाहिए भगवान् अगर तू कही है तो मिला दे ना मुझे मेरे बेटे से तू तो अपने लाल को जिन्दा कर लिया जब तू नहीं रह सकता तो बता ना मै कैसे रहूँगा अपने बेटे के बिना सब कहते है तो सबकी सुनता है सबके दुःख हर्ता है अपना दुःख कैसे दूर कर लिया जब मेरी बारी आये तो विधि का विधान बता रहा है क्यों . जब तू अपने बेटे बिना नहीं रह सकता तो मै कैसे रहूँगा . मेरा बेटा दे दे भोलेनाथ चाहे जो लेना हो ले ले पर मेरा लाल मुझे दे मेरा निकी बहुत मासूम है वो अकेले नहीं रह सकता घबरा जाता है उसके पापा उसकी हर बात मानते है उसे अपने पापा के पास आने दे भगवन मेरा निक्की दे दे या मुझे निक्की के पास भेज दे कुछ तो कर दे भोलेनाथ ...