नवागढ़ । शौर्यपथ । राजीव गांधी चौक से बस स्टैंड तक लगभग 1 किमी गौरव पथ में दोपहिया एवं चारपहिया वाहनों का बाजारों व व्यवसायिक परिसरों में ओवर स्पीड में चलना अब आम लोगों के लिए सालों से मुसीबत बना हुआ है। सड़क पर चलने वाले राहगीर के साथ कब कहां दुर्घटना हो जाए, कोई नही जानता। किंतु हर नवागढ़ मुख्यालय में राजीव गांधी चौक,बस स्टैंड सहित कई स्थान हैं जहां बिना रोक-टोक के दोपहिया वाहन ओवर स्पीड में चल रहे हैं। इनमें 80 फीसदी युवा (युवक-युवती) शामिल है। सड़कों पर बिना हेलमेट पहने हुए युवक-युवतियां बाइक व स्कूटी दौड़ा रहे हैं। पुलिस विभाग के अनुसार अन्य सड़क हादसों के मुकाबले बिना हेलमेट पहने हुए वाहन चालकों के जिंदगी गंवाने की संभावना अधिक होती है। ऐसा भी नहीं है कि दुपहिया चालक सिर पर मंडरा रहे खतरे से अनजान हैं। उन्हें शिक्षण संस्थानों, मुख्य चौराहों पर तैनात पुलिस, घर व चलचित्रों के माध्यम से हेलमेट पहने के लिए जागरूक किया जाता है।
नगर के बाजार के साथ ही बस स्टैंड,शंकर नगर गौरवपथ और बस स्टैंड सहित अनेक स्थानों पर युवा ओवर स्पीड में दोपहिया वाहन चला रहे हैं। उन्हें दुर्घटना की फिकर हो या न हो, लेकिन सड़क पर चलने वाले राहगीरों का चलना मुकिश्ल हो रहा है। सांय होते ही ऐसे नजारे कई बार देखने को मिल रहे हैं। यहां तक कि नाबालिग भी दोपहिया वाहन चला रहे हैं किंतु इन पर अंकुश लगाने में प्रशासन अबतक नाकाम रहा है।
बिना हेलमेट तीन सवारी चला रहे बाइक
शहर में बिना हेलमेट लगाए दो पहिया वाहन चलाने वालों की भरमार है। क्योंकि पुलिस ने हेलमेट पर सख्ती कुछ एक दो दिनों के लिए करती है। उसके बाद से इस संबंध में चेकिंग करीब-करीब बंद हो जाती है। इसके कारण बिना हेलमेट वालों के हौंसले बुलंद हो गए है। अब तो वे हेलमेट पहनकर बाइक चलाते ही नहीं हैं। हद तो यह है कि बिना हेलमेट के नियम विरुद्ध तीन सवारियां और कभी चार से पांच तक लोग एक बाइक पर सवार हो रहे हैं। इनमें से कोई भी हेलमेट नहीं लगा रहा है।
नहीं होती कोई चैकिंग
नगर के प्रमुख चौक व रास्तो पर बिना लाइसेंस के नाबालिग बच्चे गाड़िया चलते है पर प्रशासन द्वारा किसी प्रकार की चेकिंग नही होती। जिससे बाइकर्स को तेज रफ्तार तथा तीन से चार सवारी के साथ लापरवाही पूर्वक वाहन चलाने में कोई परहेज नही होता। पिछले दिनों बाइक भिड़ंत में मौत की खबरे लगातार आ रही हैं, फिर भी प्रशासन मौन है।
नगरवासियों को दुर्घटना का बना रहता है डर
नगरवासियों ने बताया कि नगर की सड़कों पर भीड़ भाड़ होने से इन अंधी रफ्तार से दौड़ रहे ये अनियंत्रित वाहन दुर्घटनाओं का कारण बन रहे हैं, तो कई बार इन वाहनों से होने वाली दुर्घटनाओं का शिकार हो चुके हैं। जिसके कारण आम लोगो को सड़क पर चलने में भी दुर्घटना का डर बना रहता है।
गौरवपथ में अनियंत्रित गति से दौड़ती है बसें
सबसे ज्यादा खौफ तो बसें पैदा करती हैं। बड़ी-बड़ी बसें अनियंत्रित रफ्तार और कान फोड़ने वाला हार्न। राजीव गांधी चौक से बस स्टैंड तक भीड़ भाड़ वाला इलाका होने के बावजूद बसे तेज गति से निकलती है,इन जगहों पर नगर के ज्यादातर बड़े व्यापारिक प्रतिष्ठान है जहाँ भीड़ एकत्रित होकर खरीदारी करती है,साप्ताहिक बाजार के दिन तो आलम और देखने लायक होता है।प्रशासन सब जानती भी और देखती भी है लेकिन मौन रहती है।
स्टेट बैंक के सामने गौरवपथ बन चुका पार्किंग
नवागढ़ आसपास के क्षेत्र में एक बड़ा कस्बा है जहाँ ग्रमीण अपने वाहनों के माध्यम से खरीदारी तथा अन्य कामकाज के लिए पहुंचते।ऐसे में पार्किंग की समस्या के चलते नवागढ़ के स्थानीय लोगों सहित ग्रामीणों को वाहनों को खड़ा करने के लिए स्थान पूरा नहीं हो रहा है तो बाहरी क्षेत्रों से सैंकड़ों की संख्या में आने वाले वाहनों को कहां खड़ा किया जाए यह नवागढ़ में बड़ी समस्या बन चुकी है। आलम यह है कि स्टेट बैंक तथा अन्य प्रमुख व्यावसायिक प्रतिष्ठानों के सामने अक्सर ही जाम की स्थिति बनी रहती है।