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ये है असली हीरोगीरीः पाइंट मिला-वह कुएं में कूद गया है, पास से देखा तो सीन वास्तव में कंपा देने वाला था, फिर भी उसे बचा लिया Featured

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समाज के लिए प्रेरणा से कम नहीं है फायरमैन राजेश का साहस, 11 मार्च को हुआ क्या था, पढ़िए- उन्हीं की जुबानी...

राजनांदगांव / शौर्यपथ / फायरमैन! जितना वजन इस शब्द में है, उससे कहीं ज्यादा साहस से भरा फायरमैन का काम भी होता है। ऐसे ही एक फायरमैन राजेश कुमार सिन्हा भी हैं, जिनका साहस प्रेरणा देता है। एक वाकया हुआ था, जब राजेश ने अपनी जान दांव पर लगाकर एक युवक को नई जिंदगी दी थी। राजेश ने वह सब कैसा किया था? पढ़िए, खास रिपोर्ट...
साहसी फायरमैन राजेश के लिए यह लाइन भी बिल्कुल फिट बैठती है कि तीन घंटे की मूवी हम सभी देखते हैं, जिसमें कई किरदार होते हैं और इन्ही में से जो अभिनय के बूते दर्शकों को प्रभावित करता है, वो कहलाता है हीरो। राजेश भी ऐसे ही हीरो हैं। राजनांदगांव जिले के निवासी राजेश कुमार सिन्हा अग्निशमन विभाग में फायर मैन के पद पर पदस्थ हैं। अपने कर्तव्यों का बेहतर निर्वहन करते हुए वे लोगों की मदद कर रहे हैं। चर्चा में फायरमैन राजेश ने 11 मार्च 2015 का जिक्र किया। कहा-वह दिन अच्छी तरह याद है जब हमें कंट्रोल रूम से सूचना मिली थी कि 21 वर्षीय युवक देवानंद स्कूल के पास कुएं में कूद गया है। हड़कंप मचाने के लिए ये प्वाइंट काफी था। सो, बिना देर किए हमारी टीम फौरन मौके पर पहुंची। युवक को बचाने के लिए मैं भी कुएं में उतरा। मैंने महसूस किया प्रशिक्षण का यहां सही उपयोग हो रहा है और कुछ देर की जद्दोजहद के बाद युवक को कुएं से सकुशल बाहर निकालने में हमारी टीम कामयाब हो गई। उस समय हमारी फायर ब्रिगेड टीम के फायर वाहन चालक बेंजामिन युनुस और परिचालक तरुण कुमार साहू का भी योगदान सराहनीय रहा।
त्वरित लोगों की मदद करना ही फायर ब्रिगेड टीम का ध्येय वाक्य है और इसी पर चलकर हमारी टीम ने कई लोगों को नई जिंदगी दी है। राजेश बताते हैं, लोगों की सुरक्षा का ध्येय लेकर ही वे रोज सुबह ड्यूटी के लिए निकलते हैं। इस पर बहुत खुशी भी होती है कि ईश्वर ने मुझे किसी की मदद के लिए चुना है। इस काम मे मुझे बहुत संतुष्टि और शांति मिलती है। वहीं मेरे लिए सबसे ज्यादा कीमती लोगों की दुआएं हैं जो मुझे और अधिक समर्पण भाव से बेहतर काम करने के लिए प्रोत्साहित करती हैं। कंट्रोल रूम से कब क्या सूचना मिल जाए, यह कुछ तय नहीं रहता, लेकिन हां, कहीं पर भी मुसीबत आई तो हमारी टीम सामूहिक प्रयास से उन चुनौतियों से निपटने के लिए हमेशा तत्पर रहती है।

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शौर्यपथ

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