बजरंग बली और बजरंग दल पर सियासत गरमाई : भाजपा- कांग्रेस, आमने- सामने
नवागढ़ / शौर्यपथ / छत्तीसगढ़ में बजरंग बली और बजरंग दल पर सियासत गरमाई हुई है। मामले में बीजेपी और कांग्रेस दोनों एक दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप लगा रहे हैं। एक दूसरे पर निशाना साध रहे हैं। बजरंग दल के प्रदर्शन के दौरान उसके एक कार्यकर्ता की ओर से मुख्यमंत्री भूपेश बघेल को दी गई गाली की कांग्रेस ने कड़ी निंदा की है।
कांग्रेस नेता विजय बघेल डायरेक्टर अंत्यावसायी सहकारी वित्त एवं विकास निगम ने कहा कि बजरंग दल की ओर से यह गाली सिर्फ मुख्यमंत्री भूपेश बघेल को दी गयी गाली नहीं, यह गाली पौने तीन करोड़ छत्तीसगढ़ियों को दी गयी है। भूपेश बघेल राज्य के मुख्यमंत्री हैं । छत्तीसगढ़िया अस्मिता के प्रतीक हैं। वे छत्तीसगढ़ी संस्कृति को बढ़ावा दे रहे हैं। पिछले चार सालों में उन्होनें राज्य की संस्कृति खान-पान तीज त्योहार परम्परा को विश्वस्तर पर पहचान दिलाने के लिए काम किया है।
उन्होंने कहा कि भूपेश बघेल हर छत्तीसगढ़िया के मान-सम्मान और अभिमान का केन्द्र है । आरएसएस और भाजपा को यह बर्दास्त नही हो रहा कि पंद्रह साल तक जिस छत्तीसगढ़ी अस्मिता को उन्होंने दबा कर रखा था भूपेश बघेल उसे प्रतिष्ठित कर रहे इसी खीझ में आरएसएस के अनुषांगिक संगठन का कार्यकर्ता मुख्यमंत्री के लिए अपशब्दों का प्रयोग कर रहा। यह छत्तीसगढ़ महतारी को अपमानित करने वाला आचरण है। आरएसएस और भाजपा अपने इस कार्यकर्ता के आचरण के लिए मुख्यमंत्री भूपेश बघेल और प्रदेश की जनता से माफी मांगे।
राम नाम का दिखावा करती है कांग्रेस : गिरेन्द्र
पूर्व नगर पंचायत नवागढ़ अध्यक्ष गिरेन्द्र महिलांग ने कहा कि छत्तीसगढ़ में भूपेश बघेल सरकार भी उसी वोट लेने की नीति के तहत समय-समय पर राम का नाम लेने का दिखावा करती है। अगर भूपेश बघेल सचमुच प्रभु श्रीराम के भक्त हैं तो मंगलवार के दिन बजरंगबली के भक्तों का अपमान करने वाले मल्लिकार्जुन खड़गे कि उन्हें निंदा करनी चाहिए। बजरंग बली की जय बोलने वाले बजरंग दल के सदस्यों को बैन करने की बात कहने वालो का भूपेश बघेल समर्थन करते है। महिलांग ने कहा कि भूपेश बघेल जितना भी दिखावा कर लें, लेकिन जनता कालनेमि को पहचानती है।