Google Analytics —— Meta Pixel
June 01, 2026
Hindi Hindi

मार्गशीर्ष पूर्णिमा पर तुलसी को कुछ चीजें अर्पित करनी मानी जाती हैं शुभ, मान्यतानुसार घर आती है खुशहाली

  • rounak group

    व्रत त्यौहार /शौर्यपथ /मार्गशीर्ष माह में पड़ने वाली पूर्णिमा को मार्गशीर्ष पूर्णिमा कहा जाता है. यह साल की आखिरी पूर्णिमा होने वाली है. माना जाता है कि मार्गशीर्ष माह से ही सतयुग का आरंभ हुआ था. पंचांग के अनुसार, इस साल मार्गशीर्ष माह की पूर्णिमा 26 दिसंबर, मंगलवार को मनाई जाएगी. इस दिन स्नान, दान और तप का विशेष धार्मिक महत्व होता है. साथ ही, इस दिन पूजा-पाठ करने को बेहद शुभ मानते हैं. मार्गशीर्ष माह की पूर्णिमा तिथि 26 दिसंबर की सुबह 5 बजकर 46 मिनट से शुरू होगी और इस तिथि का समापन अगले दिन 27 दिसंबर सुबह 6 बजकर 2 मिनट पर हो जाएगा. पूर्णिमा के दिन तुलसी पूजा करना भी बेहद शुभ माना जाता है. इस दिन भगवान विष्णु की पूजा की जाती है और इस चलते भगवान विष्णु की प्रिय तुलसी को भी पूजा जाता है. यहां जानिए वो कौन-कौनसी चीजें हैं जिन्हें तुलसी के पौधे के समक्ष अर्पित करना शुभ मानते हैं.
मार्गशीर्ष पूर्णिमा पर तुलसी के समक्ष अर्पित करें
माता तुलसी की पूजा में पीले कलावा का इस्तेमाल हो सकता है. पीले रंग को भगवान विष्णु का प्रिय माना जाता है. कहते हैं तुलसी के गमले पर पीला कलावा बांधना बेहद शुभ होता है.
पूर्णिमा के दिन तुलसी पर लाल कलावा बांधना बेहद शुभ माना जाता है. कहते हैं लाल कलावा बांधने पर व्यक्ति की आर्थिक दिक्कतें दूर हो सकती हैं.
तुलसी पर लाल चुनरी अर्पित की जा सकती है. लाल चुरी अर्पित करके तुलसी की परिक्रमा की जाती है.
तुलसी पर जल के अलावा कच्चा दूध चढ़ाया जा सकता है. ऐसा करना बेहद शुभ और लाभकारी माना जाता है.
तुलसी पर दीया जलाना भी शुभ होता है. इस तरह दीया जलाने की बेहद मान्यता है.

Rate this item
(0 votes)

Leave a comment

Make sure you enter all the required information, indicated by an asterisk (*). HTML code is not allowed.

हमारा शौर्य

हमारे बारे मे

whatsapp-image-2020-06-03-at-11.08.16-pm.jpeg
 
CHIEF EDITOR -  SHARAD PANSARI
CONTECT NO.  -  8962936808
EMAIL ID         -  shouryapath12@gmail.com
Address           -  SHOURYA NIWAS, SARSWATI GYAN MANDIR SCHOOL, SUBHASH NAGAR, KASARIDIH - DURG ( CHHATTISGARH )
LEGAL ADVISOR - DEEPAK KHOBRAGADE (ADVOCATE)