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शौर्यपथ विशेष / दुर्ग नगर पालिक निगम में एक तरफ बाज़ार विभाग में घोटालो का आरोप प्रत्यारोप का दौर चल रहा है जिसमे आयुक्त द्वारा जाँच का आदेश जारी हो चुका है और प्रथम कार्यवाही के तौर पर बाज़ार प्रभारी थान सिंह का स्थानान्तरण जनगणना विभाग में कर दिया गया है वही दूसरी ओर पीडब्ल्यूडी विभाग नगर पालिक निगम दुर्ग में एमआईसी भवन में लाखो के कार्य की फाइल जन सुचना अधिकार के तहत मांगे जाने पर भी सम्बंधित विभाग प्रमुख ई ई गोस्वामी द्वारा नहीं दी जाने और किस मद से किस कार्य हुआ जानकारी प्राप्त नहीं हो रही वही अब एक नया मामला सामने आया जिसे देख कर ऐसा प्रतीत होता है कि दुर्ग निगम का पीडब्ल्यूडी विभाग या तो वर्तमान महापौर बाकलीवाल के कार्यकाल को दागदार बनाने पर लगा हुआ है या फिर दुर्ग निगम में ऐसा राम राज्य आ गया कि कोई भी कही भी कुछ भी कार्य कर ले और भुगतान के लिए दस्तावेज सामने रख दे . ना कोई जाँच , ना कोई जानकारी , ना कोई निरिक्षण बस जैसी इच्छा वैसा कार्य .
मामला है पीडब्ल्यूडी प्रभारी के वार्ड में स्थापित स्कूल भवन पर छोटे उद्यान के निर्माण का . 4-5 लाख की लगत से हो रहे इस निर्माण की जानकारी ना तो शिक्षा विभाग को है , ना ही वार्ड इंजिनियर को है , ना ही सब इंजिनियर को है और ना ही ईई को शायद वार्ड पार्षद और पीडब्ल्यूडी प्रभारी को भी इसकी जानकारी नहीं होगी .

नव निर्माण ही शहर की सुन्दरता का प्रतिक होता है . शासन भी जनहित को देखते हुए नव निर्माण कार्य करवाती है और इसके लिए शासन मद भी जारी करती है साथ ही शासकीय नियमानुसार कार्य एजेंसी किसी विभाग को बनती है किन्तु दुर्ग के वार्ड 8 तकिया पारा वार्ड में संचालित स्कूल की दीवार से लग कर तकरीबन 8 फीट चौड़ी क्यारी ( उद्यान बनाया जा रहा है . इस उद्यान का कार्य विगत 3-4 दिनों पहले ही हुआ है . तकिया पारा क्षेत्र में यही एक स्कूल का मैदान है जहा वार्ड के बच्चे खेल के मैदान के रूप में इसका ईस्तमाल करते है इस छोटे से खेल के मैदान को क्यारी बना कर और भी छोटा करने पर मोहल्ले में विरोध तो हुआ किन्तु सभी विरोध के बावजूद निर्माण कार्य प्रगति पर है . उससे बड़ी बात यह है कि यह निर्माण कौन करवा रहा है किस मद से हो रहा है इसकी जानकारी किसी को नहीं यहाँ तक की इस निर्माण के लिए शौचालय के दरवाजे को भी बंद कर दिया गया और एक दीवार कड़ी कर दी गयी . कार्य करने वाले स्थानीय निवासियों से प्राप्त जानकारी के अनुसार कार्य निगम प्रशासन करवा रहा है . जब इस बारे में निगम के वार्ड इंजिनियर व्ही.पी. मिश्रा से जानकारी चाही गयी तो उन्होंने ऐसा कोई कार्य होने की और कार्य सम्बंधित फाइल की जानकारी होने से इनकार कर दिया किन्तु ये दुर्ग निगम प्रशासन है तो शौर्यपथ समाचार ने वार्ड इंजिनियर के वरिष्ठ इंजिनियर केशरवानी से चर्चा की उनके द्वारा भी ऐसे किसी कार्य की जानकारी प्राप्त नहीं हुई तब ईई राजेश पाण्डेय से जानकारी चाही किन्तु उनके द्वारा भी किसी प्रकार की जानकारी ना होने की बात कही गयी . वही निगम की कार्य पद्दति को देखते हुए पूर्व के अनुभव के आधार पर ईई गोस्वामी से चर्चा करने पर भी यही जवाब मिला .
शौर्यपथ समाचार पत्र ने अब शिक्षा विभाग से इस बात की जानकारी चाही और ब्लाक शिक्षा अधिकारी से जानकारी लेने की कोशिश की किन्तु उनके द्वारा भी किसी प्रकार की जानकारी नहीं मिली . बड़े ही आश्चर्य की बात है कि शासकीय भवन में कोई निर्माण हो रहा हो और वो भी बिना किसी की जानकारी के स्वयं अंदाजा लगाया जा सकता है कि किस तरह का निर्माण कार्य किस गुणवत्ता के तहत किया जा रहा होगा वो भी उस वार्ड में जिस वार्ड के पार्षद दुर्ग निगम में पीडब्ल्यूडी विभाग के प्रभारी हो अगर प्रभारी के वार्ड में ही इस तरह की अनियमितता और गुणवत्ता हीन कार्य हो रहा हो तो शहर के अन्य वार्डो के कार्यो का तो भगवान् ही मालिक .
एक तरफ दुर्ग के महापौर धीरज बाकलीवाल और शहर के विधायक अरुण वोरा शहर में विकास की बात कर रहे है वही दुर्ग निगम क्षेत्र के वार्ड न. 8 तकिया पारा स्कूल में हो रहे उद्यान के निर्माण की जानकारी किसी भी शासकीय अधिकारी को नहीं होना या तो भ्रष्टाचार की कोई गाथा गढऩे की राह पर अग्रसर है या फिर दुर्ग निगम में राम राज्य आ गया कि शासन के पैसे का कही भी निर्माण ठेकेदार अपने मजऱ्ी से कभी भी कर ले अगर ऐसा है तो शासन को जनप्रतिनिधि चुनने की ज़रूरत ही नहीं सिर्फ पैसे की गंगा बहाती रहे और विकास कार्य होता रहे ...
क्या महापौर और आयुक्त लेंगे मामले को संज्ञान और कार्यवाही करेंगे कार्य करने वाले ठेकेदार पर ..
अब जबकि कार्य प्रगति पर है और निगम के नियमानुसार कार्य के पहले स्थल का निरिक्षण वार्ड इंजिनियर द्वारा किया जाता है फोटोग्राफी होती है ऐसे में जब इस वार्ड के इंजिनियर ने बता दिया कि कार्य की जानकारी नहीं ऐसे में क्या मामले की निष्पक्ष जाँच कर मामले में शामिल दोषियों पर कार्यवाही की अनुशंषा महापौर बाकलीवाल करेंगे , क्या मामले की निष्पक्ष जाँच कर निगम आयुक्त कोई कड़ी कार्यवाही करेंगे , क्या वार्ड के पार्षद और पीडब्ल्यूडी प्रभारी अब्दुल गनी मामले की निष्पक्ष जाँच करवाने के लिए कोई सार्थक पहल करेंगे ....
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Feb 09, 2021 Rate: 4.00
