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धर्म संसार / शौर्यपथ / प्रभु यीशु के जन्म की ख़ुशी में मनाया जाने वाला क्रिसमस का त्योहार पूरी दुनिया में मनाया जाता है। यह त्योहार कई मायनों में बेहद खास है। क्रिसमस को बड़ा दिन, सेंट स्टीफेंस डे या फीस्ट ऑफ़ सेंट स्टीफेंस भी कहा जाता है। प्रभु यीशु ने दुनिया को प्यार और इंसानियत की शिक्षा दी। उन्होंने लोगों को प्रेम और भाईचारे के साथ रहने का संदेश दिया। प्रभु यीशु को ईश्वर का इकलौता प्यारा पुत्र माना जाता है। इस त्योहार से कई रोचक तथ्य जुड़े हैं। आइए जानते हैं इनके बारे में।
क्रिसमस ऐसा त्योहार है जिसे हर धर्म के लोग उत्साह से मनाते हैं। यह एकमात्र ऐसा त्योहार है जिस दिन लगभग पूरे विश्व में अवकाश रहता है। 25 दिसंबर को मनाया जाने वाला यह त्योहार आर्मीनियाई अपोस्टोलिक चर्च में 6 जनवरी को मनाया जाता है। कई देशों में क्रिसमस का अगला दिन 26 दिसंबर बॉक्सिंग डे के रूप मे मनाया जाता है। क्रिसमस पर सांता क्लॉज़ को लेकर मान्यता है कि चौथी शताब्दी में संत निकोलस जो तुर्की के मीरा नामक शहर के बिशप थे, वही सांता थे। वह गरीबों की हमेशा मदद करते थे उनको उपहार देते थे। क्रिसमस के तीन पारंपरिक रंग हैं हरा, लाल और सुनहरा। हरा रंग जीवन का प्रतीक है, जबकि लाल रंग ईसा मसीह के रक्त और सुनहरा रंग रोशनी का प्रतीक है। क्रिसमस की रात को जादुई रात कहा जाता है। माना जाता है कि इस रात सच्चे दिल वाले लोग जानवरों की बोली को समझ सकते हैं। क्रिसमस पर घर के आंगन में क्रिसमस ट्री लगाया जाता है। क्रिसमस ट्री को दक्षिण पूर्व दिशा में लगाना शुभ माना जाता है। फेंगशुई के मुताबिक ऐसा करने से घर में सुख समृद्धि आती है। पोलैंड में मकड़ी के जालों से क्रिसमस ट्री को सजाने की परंपरा है। मान्यता है कि मकड़ी ने सबसे पहले जीसस के लिए कंबल बुना था।
राजनांदगांव / शौर्यपथ / कलेक्टर टोपेश्वर वर्मा ने 54 करोड़ रूपए की लागत से बन रहे दिग्विजय स्टेडियम का निरीक्षण किया। कलेक्टर कलेक्टर वर्मा ने दो माह के भीतर स्टेडियम के निर्माणाधीन कार्यों को पूर्ण करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि शीघ्र ही यह स्टेडियम जनता के लिए आरंभ हो जाएगा। सभी खेल प्रेमी इसका उपयोग कर सकेंगे। लगभग सभी कार्य पूर्ण हो चुके हैं और फिनिसिंग स्टेज पर है। अमृत मिशन के तहत नगर निगम से पानी का कनेक्शन उपलब्ध कराया गया हैं। उन्होंने वहां शॅापिंग काम्प्लेक्स में नवनिर्मित दुकानों का भी अवलोकन किया और नीलामी करने के संबंध में चर्चा की गई। ग्राउण्ड में मरम्मत एवं समतलीकरण कार्य के लिए कार्यपालन अभियंता लोक निर्माण विभाग श्री डीके नेताम को पूर्ण करने के निर्देश दिए।
उन्होंने स्टेडियम के समीप दुकान निर्माण के लिए एस्टीमेट बनाने के लिए कहा। कलेक्टर ने स्टेडियम में बास्केटबाल हॉल, बैडमिंटन कोर्ट, पॉर्किंग एवं व्यवस्थाओं का भी अवलोकन किया। उल्लेखनीय है कि दिग्विजय स्टेडियम में इंडोर स्टेडियम में दो बास्केटबाल हॉल है। वही आउटडोर ग्राउण्ड में चार बास्केटबाल मैदान है। इंडोर हॉल में तीन बैडमिंटन कोर्ट है। इस अवसर पर नगर निगम आयुक्त चंद्रकांत कौशिक, कार्यपालन अभियंता नगर निगम राजनांदगांव दीपक जोशी, कार्यालय सहायक स्टेडियम तीरथ गोस्वामी एवं अन्य अधिकारी उपस्थित थे।
मरवाही विधानसभा कांग्रेस का हमेंशा गढ रहा है
असली आदिवासियों को अब उनका हक मिला - भुपेश बघेल
रायपुर / शौर्यपथ / मरवाही विधानसभा के गौरेला ब्लाक के बस्ती बगरा में एक महती चुनावी सभा को संबोधित करते हुयें मुख्यमंत्री भुपेश बघेल ने कहा कि बस्ती बगरा से डॉ भंवर सिंह पोर्ते का लगाव रहा है उन्होने अपनी अंतिम सांसे यही ली थी उनकी बेटी अर्चना पोर्ते मंच पर उपस्थित है सभा को संबोधित करते हुयें अर्चना पोर्ते भावुक हो गई थी आप सब की उपस्थिति में आर्चना पोर्ते को पूर्ण विश्वास दिलाता हु बस्ती बगरा का विकास स्वर्गीय भंवर सिंह पोर्ते के सपनो को सकार करने के लिए किया जायेंगा। भुपेश बघेल ने कहा कि कोरबा कि सांसद ज्योत्षना महंत यहा उपस्थित है मरवाही से कांग्रेस का विधायक बनाईये सांसद और विधायक मिलकर मरवाही का विकास करेंगें। आज फिर भाजपा और रमन सिंह पर हमला बोलते हुयें भुपेश बघेल के कहा 15 साल तक मरवाही को उपेक्षित रखने वाले डॉ रमन सिंह आज मरवाही में गली गली घुम रहें है। मरवाही की जनता भाजपा के और रमन सिंह के चेहरे को पहचान चुकी है अब मरवाही की जनता आप के बहकावे में नही आयेंगी डॉ साहब। मरवाही विधान सभा का विकास कांग्रेस सरकार करेगी जिला अनुभाग पुलिस मंख्यालय नगर पंचायत तहसील उपतहसील अनेको सौगात यहा के जनता को मिल चुका है शिक्षा और स्वास्थय के क्षेत्र में जिले को शिक्षित करेंगें हाट बाजारों में स्वास्थय सुविधा प्रदान कराई जायेंगी 3 नवंबर को आप सब पंजा छाप पर बटन दबाकर कांग्रेस प्रत्याशी को अपना अर्शीवाद दे चुनाव के बाद में पुनः बस्ती बगरा आउगा और आपके द्वारा दियें गयें आवेदनों कि बात करूगा।
चुनावी सभा को प्रदेश अध्यक्ष मोहन मरकाम ने संबोधित करते हुये कहा कि मरवाही हमेशा से ही कांग्रेस का गढ रहा है अब फर्जीयों पर नही अर्जीयों पर कार्यवाही हो रही है। चुनाव असली आदिवासियों के बीच हो रहा है कांग्रेस ने वादा किया था कि फर्जी प्रमाण पत्र के आधार पर नौकरी हो या नेतागीरी कोई असली आदिवासियों का हक नही मार सकेगा।
कार्यक्रम को मंत्री कवासी लखमा सांसद ज्योत्षना महंत श्रीमति अर्चना पोर्ते मोहर सिंह आरमोर मालिक राम सहदेव ज्वाला प्रसाद विरेन्द्र ठाकुर अजोर सिंह सकुंतला कोर्राम सुमित्रा वाकरे चन्द्रकला अनवरी बाई जिला पंचायत सदस्य सगीता करसायल ने भी संबोधित किया मंच पर प्रदेश उपाध्यक्ष अटल श्रीवास्तव मुख्यमंत्री के सलाहकार राकेश तिवारी ब्लाक अध्यक्ष अमोल पाठक अजीत पेन्द्रो गुलाब सिंह राज ज्ञानेन्द्र उपाध्याय पंकज तिवारी ममता पैकरा प्रताप सिंह मरावी सहित अनेको स्थानी पदाधिकारी उपस्थित थे। सभा का आयोजन अर्जुन तिवारी ने किया अमोल पाठक ने आभार प्रर्दशन किया विधायक ममता चन्द्राकार विधायक अनिता शर्मा सेक्टर प्रभारी सतीष अग्रवाल विजय केशरवानी अरविंद शुक्ला निर्मल मनिकपुरी।
अर्चना पोर्ते संबोधित करते हुयें फफक फफक कर रो पडी चुनावी सभा को संबोधित करते हुये श्रीमति अर्चना पोर्ते अपने पिता स्वर्गीय भंवर सिंह पोर्ते कि बात करते हुयें भावुक हो गई और रो पडी मुख्यमंत्री भुपेश बघेल और प्रदेश अध्यक्ष मोहन मरकाम ने सांतना दि। स्व. इदिरा गॉधी स्व भंवर सिंह पोर्ते को बहुत सम्मान प्रदान करती थी और आदिवासियों के विकास के लिए उनका सलाह लिया करती थी। अर्चना पोर्ते जी ने कहा बस्ती बगरा में पहुचते ही पिता जी की याद आ जाती है उन्होने अंतिम सांस यही ली थी मै मुख्यमंत्री भुपेश बघेल का आभार प्रकट करती हु के वे बस्ती बगरा आज पहुचे है मुझे विश्वास है कि मरवाही विधानसभा के साथ बस्ती बगरा का भी विकास करेंगे और मेरे पिता का सपना भी पुरा करेंगें मै अपने पिता के सपनो को पुरा करने के लिए ही भुपेश बघेल के नेतृत्व में स्व. इंदिरा गॉधी कि पार्टी में शामिल हुई हू कांग्रेस ही आदिवासीयों का वनवासियों का और मरवाही का विकास कर सकती है भाजपा ने 15 साल तक कोई विकास का कार्य यहॉ नही किया।
बस्ती बगरा से हेलीकॉप्टर द्वारा मुख्यमंत्री, प्रदेश अध्यक्ष मोहन मरकाम, उपाध्यक्ष अटल श्रीवास्तव को साथ लेकर दानीकुण्डी के लिए रवाना हो गये। दानीकुण्डी में सभा हुआ। दानीकुण्डी से मरवाही तक रोड शो हुआ।
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सरदार वल्लभभाई पटेल की जयंती के अवसर पर प्रतिवर्षानुसार 31 अक्टूबर को राष्ट्रीय एकता दिवस के अवसर पर सभी कार्यालयों में एकता की शपथ दिलाई जाएगी। कलेक्टर श्री जयप्रकाश ने छत्तीसगढ़ शासन के सामान्य प्रशासन विभाग से जारी पत्र के हवाले से जिले के सभी कार्यालय प्रमुखों को पत्र जारी कर निर्देशित किया है कि उक्त तिथि को सुबह 11 बजे अपने-अपने कार्यालय में अधीनस्थों को राष्ट्रीय एकता की शपथ निर्धारित प्रपत्र के अनुसार दिलाएं तथा कोविड-19 के दिशानिर्देशों का अनिवार्यतः पालन करें।
काॅन्फ्रेंसिंग के जरिए शुभारम्भ
हितग्राहीमूलक योजनाओं के तहत प्रत्येक विकासखण्ड से 25-25 हितग्राहियों को वितरित किया जाएगा चेक
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विधिक सेवा प्राधिकरण के अंतर्गत छत्तीसगढ़ राज्य के सभी जिलों में ई-मेगा कैम्प का आयोजन किया जाएगा, जिसका शुभारम्भ छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय बिलासपुर के न्यायमूर्ति श्री प्रशांत कुमार मिश्रा एवं कार्यपालक अध्यक्ष छत्तीसगढ़ राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के द्वारा वीडियो काॅन्फे्रंसिग के जरिए शनिवार 31 अक्टूबर को सुबह 10.30 बजे किया जाएगा। इस अवसर पर न्यायमूर्ति श्री मनीन्द्र मोहन श्रीवास्तव तथा श्री गौतम भादुड़ी न्यायाधीश छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय एवं अध्यक्ष उच्च न्यायालय विधिक सेवा समिति भी उपस्थित रहेंगे। इसमें उच्च न्यायालय के एन.आई.सी से एक साथ प्रदेश भर के सभी 23 सिविल जिलों व 64 तहसीलों को भी वीडियो काॅन्फ्रेंसिंग के माध्यम से जोड़ा जाएगा।
उक्त शुभारम्भ समारोह के अवसर पर वीडियो काॅन्फ्रेंसिंग के माध्यम से जिला एवं सत्र न्यायाधीश तथा अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण श्री सुधीर कुमार के अलावा जिले के कलेक्टर श्री जयप्रकाश मौर्य, एस.पी. श्री बी.पी. राजभानू सहित समस्त न्यायाधीश, समाज कल्याण विभाग, महिला एवं बाल विकास विभाग के अतिरिक्त अन्य प्रतिभागी विभागों के अधिकारी भी जुड़ेंगे। जिले के साथ-साथ तहसील स्तर पर पदस्थ न्यायिक अधिकारीगण वी.सी. के माध्यम से जुड़ेंगे। प्राप्त जानकारी के अनुसार सुबह 10.30 बजे सम्माननीय अतिथियों के द्वारा दीप प्रज्ज्वलित किया जाएगा, तदुपरांत 10.40 बजे ई-मेगा कैम्प सिरीज का शुभारम्भ न्यायमूर्ति श्री प्रशांत कुमार मिश्रा के द्वारा किया जाएगा। सुबह 10.50 बजे रजिस्ट्रार जनरल श्री दीपक कुमार तिवारी के द्वारा संबोधित किया जाएगा, उसके बाद सुबह 10.55 बजे मूक बधिरों के लिए सद्भावना सिरीज (जनचेतना पर आधारित यू-ट्यूब चैनल) का उद्घाटन सम्माननीय अतिथियों के द्वारा किया जाएगा। तत्पश्चात् 11 बजे न्यायाधीश श्री गौतम भादुड़ी के विशेष संबोधन दिया जाएगा। इसके बाद सुबह 11.10 बजे न्यायमूर्ति श्री मनीन्द्र मोहन श्रीवास्तव के द्वारा अध्यक्षीय उद्बोधन दिया जाएगा। तदुपरांत 11.20 बजे न्यायमूर्ति श्री मिश्रा के द्वारा शुभारम्भ उद्बोधन दिया जाएगा। समारोह के अंत में सदस्य सचिव छत्तीसगढ़ राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण श्री सिद्धार्थ अग्रवाल के द्वारा आभार प्रकट किया जाएगा।
राज्य स्तरीय कार्यक्रम के समापन के उपरांत जिला स्तर पर नालसा एवं शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं के संबंध में जिला एवं सत्र न्यायाधीश और कलेक्टर के द्वारा जानकारी दी जाएगी। इसके बाद विभिन्न विभागीय हितग्राहीमूलक योजनाओं के अंतर्गत हितग्राहियों को चेक एवं उपकरण वितरित किए जाएंगे। इस संबंध में बताया गया है कि इसके तहत जिले के लगभग 4500 हितग्राहियों को लाभान्वित किया जाएगा, जबकि जिला मुख्यालय से वीडियो काॅन्फ्रेंसिंग के माध्यम से जिले के प्रत्येक विकासखण्ड से 25-25 हितग्राहियों के नामों की घोषणा कर उन्हें प्रतीकात्मक रूप से वितरण किया जाएगा।
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कोविड 19 कोरोना वायरस के संक्रमण से नियंत्रण एवं रोकथाम के लिए एकीकृत बाल विकास परियोजना धमतरी शहरी में कोरोना जागरूकता रैली निकाली गई। इस दौरान ’दो गज दूरी, मास्क है जरूरी’ संदेश के साथ ही इम्यूनिटी बढ़ाने के उपाय, साबून से हाथ धोने इत्यादि की समझाईश दी गई। साथ ही सर्दी-खांसी, बुखार होने पर तत्काल आंगनबाड़ी कार्यकर्ता एवं मितानिन को सूचना देने और स्वास्थ्य जांच कराने की सलाह भी दी गई। कोरोना संक्रमण से सुरक्षा और बचाव के संदेश की इस रैली में परियोजना अधिकारी श्रीमती चित्ररेखा यादव सहित आंगनबाड़ी कार्यकर्ता एवं पर्यवेक्षक उपस्थित रहे।
अंजोरा विश्वविद्यालय के कुलपति ने महापौर से की सौजन्य मुलाकात
दुर्ग / शौर्यपथ / नगर पालिक निगम दुर्ग सीमा क्षेत्र के पशु पालकों को अब अपने बीमार मवेशियों का ईलाज कराने अंजोरा पशु चिकित्सा विश्वविद्यालय नहीं जाना पड़ेगा । उन्हें दुर्ग शहर में ही महिला समृद्धि बाजार के बाजू प्रारंभ हो रहे दाऊ वासुदेव चंद्राकर कामधेनु विश्वविद्यालय में सभी प्रकार की सुविधा प्राप्त होगी। इस संबंध में आज अंजोरा विश्वविद्यालय के कुलपति डाॅ0 ण्म.पी. दक्षिणकर ने आज महापौर श्री धीरज बाकलीवाल से सौजन्य मुलाकात कर उन्हें उद्घाटन कार्यक्रम के लिए आमत्रित किये । कल 11 बजे उसका उद्घाटन किया जावेगा। दाऊ वासुदेव कामधेनु विश्वविद्यालय का उद्घाटन कांगे्रस उपाध्याक्ष एवं पूर्व विधायक श्रीमती प्रतिमा चंद्राकर द्वारा किया जावेगा। इस मौके पर विशेष अतिथि के रुप में महापौर धीरज बाकलीवाल, सभापति राजेश यादव, ऋषभ जैन, भोला महोबिया, एल्डरमेन अजय गुप्ता एवं अन्य उपस्थित रहेगें।
राजनांदगांव / शौर्यपथ /जिले में खरीफ फसलों की कटाई जोरों-शोरो से चल रही है जिसके बाद गेंहूँ, चना, मसूर, सरसों आदि रबी फसलों की बोआई की जानी है जिसके लिए विभिन्न रबी फसलों की बोआई का कार्यक्रम तैयार किया गया है। जिसमें जिले में संचालित जल सिंचाई परियोजनाओं में जल की उपलब्धता के आधार पर दलहनी एवं तिलहनी फसलों की बोनी किया जाना है इस वर्ष जल सिंचाई परियोजना के माध्यम से केवल दलहनी एवं तिलहनी फसलों के लिये सिंचाई हेतु जल उपलब्ध कराया जायेगा ग्रीष्मकालीन धान उत्पादक किसानों को परियोजना से सिंचाई उपलब्ध नहीं किया जाना है क्योंकि ग्रीष्मकालीन धान में अत्यधिक सिंचाई जल एवं वातावरण में विपरित प्रभाव पड़ता है। वहीं ग्रीष्मकालीन धान उत्पादन लेने में लगने वाले सिंचाई जल की मात्रा से दोगुने दलहनी एवं तिलहनी फसलों की सिंचाई कर कम लागत में अधिक उत्पादन एवं लाभ प्राप्त किया जा सकता है। किसान ग्रीष्मकालीन धान के बदले दलहनी फसलें जैसे- चना, तिवड़ा, मटर, उड़द, मूंग, कुल्थी तथा तिलहनी फसलें जैसे- अलसी, सुर्यमुखी, कुसुम, सरसों एवं अनाज वाली फसलों में मक्का फसल का आसानी से सफलता पूर्वक उत्पादन ले सकते है।
जिले में संचालित विभिन्न मध्यम सिंचाई परियोजनावार- रूसे जलाशय परियोजना, पिपरिया जलाशय, मोंगरा जलाशय, सूखानाला जलाशय, घुमरिया नाला बैराज के माध्यम से कुल रकबा 3020 हेक्टेयर में रबी दलहनी एवं तिलहनी फसलों के लिए सिंचाई जल दिये जाने का कार्यक्रम तैयार किया गया है। इसी प्रकार लघु सिंचाई परियोजना से 1000 हेक्टेयर रकबा में सिंचाई जल उपलब्ध कराया जाना है।
धान के 1 किलो चावल उत्पादन के लिए 500 लीटर सिंचाई जल की आवश्यकता होती है जो किसी भी फसल में लगने वाली जल मांग की तुलना में बहुत ही अधिक है ग्रीष्मकालीन धान उत्पादक किसान ज्यादातर नलकूप के माध्यम से सिंचाई करते है जिससे भू-जलस्तर में गिरावट होने से जल निस्तारी आपूर्ति की समस्या निर्मित हो सकती है। आगामी दिनों में भू-जलस्तर में गिरावट होने पर ग्रीष्मकालीन धान उत्पादक किसानों की नलकूप विद्युत कटौती भी की जा सकती है।
रबी 2020-21 में विभिन्न फसलों की बीज मांग की गई है जिसमें दलहन फसल में 10980 क्विंटल तथा तिलहनी फसलों में 980 क्विंटल की बीज मांग की गई है जिनमें से गेंहूँ 986 क्विंटल, चना 2805 क्विंटल तथा अन्य फसलें 100 क्विंटल बीज सहकारी समितियों में भण्डारित की गई है साथ ही दलहनी, तिलहनी फसलों के क्षेत्र विस्तार के लिए कृषि विभाग में संचालित योजनाओं के तहत प्रदर्शन का आयोजन किया जा रहा है। किसानों से आग्रह है कि ग्रीष्मकालीन धान के बदले अन्य दलहनी, तिलहनी एवं मक्का फसल की बोनी करें।
राजनांदगांव / शौर्यपथ / जिले में धान फसल की कटाई प्रारंभ हो चुकी है, जिन क्षेत्रों में धान के बाद रबी फसल लिया जाता है वहाँ किसान धान कटाई के बाद खेत में पड़े पराली को जला देते है। इसके संबंध में किसानों को भ्रम है कि पराली जलाने के बाद अवशेष (राख) से खेत को खाद मिलेगा तथा खेत साफ हो जाएगा, लेकिन यह सोचना गलत है, क्योंकि पराली जलाने से भूमि की उपजाऊ क्षमता तथा लाभदायक कीट भी खत्म हो जाती है। साथ ही वायु प्रदुषण का कारण बनती है जिससे मनुष्य, पशु पंक्षी सभी को विभिन्न प्रकार की बीमारियां भी होती है जिसका उदाहरण -दिल्ली, पंजाब, हरियाणा जैसे शहरों में कुछ वर्षो से देखने को मिल रहा है।
धान की पराली जलाने से होने वाले नुकसान -
एक टन धान पराली जलाने से हवा में 3 किलो ग्राम कार्बन, 513 किलो ग्राम कार्बन डाई-आक्साईड, 92 किलो ग्राम कार्बन मोनो आक्साईड तथा 250 किलो ग्राम राख घुल जाती है। धान पराली जलाने से वायु प्रदुषित होने से आँखो में जलन एवं सांस संबंधित बीमारियों का खतरा बढ़ जाता है। पराली जलाने से भूमि की उपजाऊ क्षमता लगातार घट रही है इस कारण भूमि में 80 प्रतिशत तक नाईट्रोजन, सल्फर एवं 20 प्रतिशत अन्य पोषक तत्व की कमी आ रही है। मित्र कीट की मृत्यु होने से नई-नई बीमारियाँ उत्पन्न होती है। एक टन धान पराली जले से 5.5 किलो ग्राम नाईट्रोजन, 2 किलो ग्राम फास्फोरस और 1.2 किलो ग्राम सल्फर जैसे पोषक तत्व नष्ट हो जाते है। पशुओं के लिए वर्ष भर चारा आपूर्ति की समस्या बन जाती है।
फसल अवशेष/पराली/नरवाई जलाने पर आर्थिक दंड -
आवास एवं पर्यावरण विभाग द्वारा वायु (प्रदुषण निवारण तथा नियंत्रण) अधिनियम 1981 की धारा 19(5) के अंतर्गत फसल अपशिष्ट को जलाया जाना प्रतिबंधित किया गया है। राष्ट्रीय हरित न्यायाधिकरण के तहत खेती में कृषि अवशेषों को जलाये जाने पर प्रतिबंध लगाया गया है जिसके तहत पराली जलाने वाले व्यक्ति पर कानूनी कार्रवाई की जाएगी। आर्थिक दंड के रूप में 2 एकड़ से कम खेत पर 2500 रूपए, 2 से 5 एकड़ खेत पर 5000 रूपए तथा 5 एकड़ से अधिक पर 15000 रूपए जुर्माना लगाया जाएगा।
पराली का निर्मित गौठान में दान -
जिले में सुराजी गांव योजना के तहत गौठान निर्मित किए गए है जिसमें धान पराली का दान करें, ताकि गौठान में वर्षभर पशुओं के लिए चारा आपूर्ति बनी रहें। पैरादान करने के लिए संबंधित गौठान समिति/ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारी से सम्पर्क कर सकते है।
पराली का प्रबंधन -
स्टा मल्चर मशीन की सहायता से पराली को गठ्ठे में एक कर उपयोग कर सकते है। वेस्ट डी-कम्पोजर के 200 लीटर प्रति एकड़ घोल को फसल कटाई उपरांत खेतो में पड़े अवशेषों के उपर छिड़काव कर सड़ा सकते है। जिससे खेतों में ही पोषक तत्व प्रबंधन किया जा सकता है। वेस्ट डी-कम्पोजर बनाने के लिए 200 लीटर पानी में 2 किलो ग्राम गुड़ मिलाकर वेस्ट डी-कम्पोजर का 20 ग्राम का घोल डालकर 6 से 7 दिन के लिए ढककर रख देते है। प्रतिदिन दो बार डंडे से उसे अच्छी तरह मिलाना चाहिए। धान के पराली का यूरिया से उपचार करके पशु चारे के रूप में उपयोग कर सकते है।
राजनांदगांव / शौर्यपथ / बड़े शहरों के शिक्षण विधि के तर्ज पर विद्यार्थियों को डिजिटल एजुकेशन देने के लिए राजनांदगांव जिला के मोहला ब्लॉक के स्मार्ट टीवी से अध्यापन के नवाचार को विभाग द्वारा काफी सराहना मिलने के बाद अब छत्तीसगढ़ राज्य स्तर पर प्रकाशित होने वाले ई पत्रिका शिक्षा के गोठ में भी इसको विशेष रूप से प्रकाशित किया गया है। स्मार्ट क्लास द्वारा अध्यापन को बढ़ावा देने वाले सोमाटोला के शिक्षक श्री राजकुमार यादव के बारे में पत्रिका ने विशेष लेख प्रकाशित किया है। उल्लेखनीय है कि मोहला के शिक्षक श्री राजकुमार यादव जो शिक्षा के क्षेत्र में नये-नये नवाचार करने के लिए जाने जातेे है, वो इस नवाचार के प्रथम प्रेरणास्रोत है।
मोहला एबीईओ राजेन्द्र कुमार देवांगन ने जानकारी दिया कि शिक्षा के गोठ विभाग की एक राज्यस्तरीय ऑनलाइन ई पत्रिका है। जिसमें पढ़ाई में नवाचार करने वाले व बेहतर शिक्षण देने वाले शिक्षकों व स्कूलों के बारे में लेख प्रकाशित किया जाता है। यह पत्रिका पढ़ई तुहर दुआर पोर्टल में उपलब्ध है। इस ई पत्रिका के प्रथम संस्करण अक्टूबर 2020 के अंक में मोहला के शिक्षकों के नवाचार को प्रकाशित किया गया है। मोहला ब्लाक के शिक्षकों ने राज्य स्तरीय ई पत्रिका में उनके नवाचारी प्रयास को स्थान देने के लिए राज्य स्तर के विभागीय अधिकारीगण एवं संपादक मंडल के सदस्यगण श्री आरएन सिंह, डॉ. योगेश शिवहरे, एके सोमशेखर, प्रशांत कुमार पांडेय, डॉ. एम सुदीश, डॉ. विद्यावती चंद्राकर, सत्यराज अय्यर, डॉ. जयाभारती चंद्राकर सहित उप संचालक जनसंपर्क राजनांदगांव डॉ. उषा किरण बड़ाईक का आभार प्रदर्शित किया है। उल्लेखनीय है कि मोहला ब्लाक के कुल 272 प्राथमिक एवं माध्यमिक शालााओं में स्मार्ट टीवी के जरिये अध्यापन का नवाचारी प्रयास शिक्षकों द्वारा स्वप्रेरणा से प्रेरित होकर किया जा रहा है, जिसमें 224 स्कूलों में स्मार्ट टीवी लगाने का कार्य शिक्षकों द्वारा स्वयं के व्यय एवं जनसहयोग से पूर्ण किया जा चुका है। ऐसे नवाचार के संबंध में विभागीय ई पत्रिका में लेख प्रकाशित होने से मोहला ब्लॉक के शिक्षकों का उत्साह और बढ़ा है तथा अन्य ब्लॉक के शिक्षक भी प्रेरित होकर इसका अनुसरण कर रहे है।
राजनांदगांव / शौर्यपथ / ऊर्जा मंत्रालय, भारत शासन के अतिरिक्त सचिव एवं केन्द्रीय प्रभारी अधिकारी आशीष उपाध्याय ने आज आकांक्षी जिला राजनांदगांव में किए जा रहे कार्यों की समीक्षा की। इस अवसर पर कलेक्टर टोपेश्वर वर्मा, जिला पंचायत सीईओ श्रीमती तनुजा सलाम एवं अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।
ऊर्जा मंत्रालय के अतिरिक्त सचिव एवं केन्द्रीय प्रभारी अधिकारी आशीष उपाध्याय ने कहा कि आकांक्षी जिला राजनांदगांव में नीति आयोग द्वारा निर्धारित सभी महत्वपूर्ण स्वास्थ्य, पोषण, शिक्षा एवं अन्य संकेतको पर अच्छा कार्य किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि कुपोषण दर में कमी आई है। उन्होंने संस्थागत प्रसव बढ़ाने के लिए भी साफ्टवेयर के माध्यम से गर्भवती महिलाओं को ट्रेक करने के लिए कहा। ताकि इसके आधार पर सुरक्षित संस्थागत प्रसव सुनिश्चित हो सके। उन्होंने आंगनबाड़ी केन्द्रों में दी जा रही सुविधाओं एवं स्वास्थ्य विभाग के कार्यों की जानकारी ली। उन्होंने प्रधानमंत्री आवास योजना की भी समीक्षा की। उन्होंने जिले में मृदा परीक्षण की संख्या बढ़ाने के लिए भी कहा।
कलेक्टर वर्मा ने उन्हें बताया कि स्वास्थ्य, पोषण, अधोसंरचना, शिक्षा, कृषि एवं जल संसाधन, वित्तीय समावेश एवं कौशल विकास के महत्वपूर्ण संकेतक पर जिले में अच्छा कार्य किया जा रहा है। कोविड-19 के दौरान टेक होम राशन भी हितग्राहियों के घरों तक पहुंचाया गया है। उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत जो रोड स्वीकृत हुए हैं उनमें नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में रोड निर्माण में कुछ दिक्कते हुई है। कोरोना की वजह से भी कार्य प्रभावित हुआ, लेकिन अब कार्यों में गति लाते हुए निर्माण कार्य पूर्ण कर लिए जाएंगे। इसके लिए फेस-3 की राशि भी स्वीकृत हुई है। जिले में 1698 ग्राम है। जिनमें से अधिकांश ग्राम पंचायतों में कनेक्टीविटी है। मानपुर, मोहला के दूरस्थ ग्रामों में कुछ स्थानों में कनेक्टीविटी के लिए भी कार्य किए जा रहे हैं।
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. मिथलेश चौधरी ने बताया कि संस्थागत प्रसव में बढ़ोत्तरी के लिए कार्य किया जा रहा है। कोविड-19 की रोकथाम के लिए भी स्वास्थ्य विभाग द्वारा लगातार कार्य किए जा रहे हैं। कार्यक्रम अधिकारी महिला एवं बाल विकास श्रीमती रेणु प्रकाश ने कहा कि कुपोषण दर में कमी आई है। सुपोषण को बढ़ावा देने के लिए समाज से सहयोग लेते हुए सुपोषण पात्र जैसी योजना आरंभ कर सकते हैं। लीड बैंक प्रबंधक श्री अजय त्रिपाठी ने बताया कि प्रधानमंत्री जीवन ज्याति योजना के तहत दिए गए लक्ष्य 9669 के विरूद्ध 10 हजार हितग्राही लाभान्वित हो रहे हैं। इस अवसर पर नीति आयोग के फेलो सुश्री ज्योति सिंह ने प्रजेन्टेशन के माध्यम से नीति आयोग के संकेतक पर जिले की प्रगति की जानकारी दी। इस अवसर पर उप संचालक कृषि जीएस धु्रर्वे, जिला शिक्षा अधिकारी एचआर सोम, सहायक संचालक कौशल विकास नितिन हिरवानी सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे।
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