Google Analytics —— Meta Pixel
April 13, 2026
Hindi Hindi
भारत

भारत (992)

ग्वालियर /शौर्यपथ/

आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत ने मध्य प्रदेश के ग्वालियर में शनिवार को एक कार्यक्रम को संबोधित किया. राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के प्रमुख मोहन भागवत ने इस कार्यक्रम में हिन्दुओं को एकजुट रहने और हिन्दुत्व के बारे में कई बातें कहीं. मोहन भागवत ने कहा, आप देखेंगे कि हिन्दुओं की संख्या कम हो गई है. हिन्दुओं की ताकत कम हो गई है. हिन्दुत्व का भाव कम हो गया है. अगर हिन्दू को हिन्दू रहना है तो भारत को अखंड रहना ही पड़ेगा. अगर भारत को भारत रहना है तो हिन्दू को हिन्दू रहना ही पड़ेगा.

आररएसएस प्रमुख ने भारत-पाक बंटवारे पर निशाना साधते हुए कहा कि हिन्दू के बिना भारत नहीं, भारत के बिना हिन्दू नहीं रहेगा, भारत हिन्दुस्तान है, भारत और हिन्दू अलग हो नहीं सकते. उन्होंने हिन्दू राष्ट्र का नाम न लेकर भी साफ कहा कि भारत को भारत रहना है तो भारत को हिन्दू रहना ही पड़ेगा, हिन्दू को हिन्दू रहना है तो भारत को एकात्म अखंड रहना ही होगा. हिन्दू समाज मनुष्यों का बना है, मनुष्यों को ध्यान रखना पड़ता है, देखो भारत नहीं रहा तो हम नहीं रहेंगे.उन्होंने यह भी कहा कि किसी को भी देख लो जो अखंड भारत में था जो आज नहीं है.
उन्होंने इशारे ही इशारे में धार्मिक जनसंख्या का जिक्र करते हुए कहा कि अपने देश में देख लो कहां-कहां सामाजिक और आर्थिक अस्थिरता है ? कहां-कहां देश की अखंडता और एकात्मता को खतरा है?कहां कहां पर सामाजिक और आर्थिक समस्याएं तगड़ी हैं? आप देखेंगे हिंदुओ की संख्या व शक्ति कम हो गई या हिंदुत्व के भाव कम हो गया है.
सर संघचालक ने ये बातें संघ से जुड़े दैनिक स्वदेश के 50 वर्ष पूर्ण होने पर आयोजित स्वर्ण जयंती समारोह को संबोधित करते हुए कहीं. कार्यक्रम में मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने भी संबोधित किया. भागवत रविवार शाम उस्ताद अमजद अली खां के पैतृक निवास में उनके पिता की स्मृति में बने उस्ताद हाफिज अली खान स्मृति सरोद घर का अवलोकन कर सकते है . इस दौरान अमजद अली खां के सपरिवार मौजूद रहने की संभावना है. 

गौरतलब है कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सरसंघचालक मोहन भागवत शुक्रवार को मध्य प्रदेश में ग्वालियर शहर पहुंचे थे. भागवत यहां चार दिनी 'घोष शिविरÓ में शामिल हो रहे हैं. संघ के मध्य भारत प्रांत के संघचालक अशोक पांडे ने कहा कि यह चार दिवसीय प्रांतीय स्वर साधक संगम (घोष शिविर) 25 नवंबर को सरस्वती शिशु मंदिर केदारधाम परिसर ग्वालियर में शुरू हुआ है.

मोहन भागवत भारत, हिन्दुत्व और हिन्दू धर्म को लेकर पहले भी अपनी राय प्रकट करते रहे हैं. इसको लेकर विपक्षी दलों और बुद्धिजीवियों की ओर से मिश्रित प्रतिक्रिया सामने आई है. हालांकि एआईएमआईएम नेता असदुद्दीन ओवैसी उनके हिन्दुत्व को लेकर बयानों की तीखी आलोचना करते रहे हैं.

दोनों सदनों में केंद्रीय मंत्री नरेंद्र तोमर द्वारा बिल पेश किया गया, बिल पेश होने के कुछ मिनट के भीतर ही उसे पास भी कर दिया गया.

नई दिल्ली /शौर्यपथ/

संसद के दोनों सदनों राज्यसभा और लोकसभा से कृषि कानून वापसी बिल पास कर दिया गया है. दोनों सदनों में केंद्रीय मंत्री नरेंद्र तोमर द्वारा बिल पेश किया गया, बिल पेश होने के कुछ मिनट के भीतर ही उसे पास भी कर दिया गया. वहीं, दूसरी ओर विपक्षी पार्टियां बिल पर चर्चा के लिए अड़ी रहीं. विपक्षी पार्टियों का कहना है कि बिना चर्चा के वापसी बिल पास करना संसद की परंपरा का उल्लंघन है. इस दौरान दोनों सदनों में जमकर हंगामा देखने को मिला.

संसद का शीतकालीन सत्र सुबह 11 बजे शुरू हुआ. लोकसभा की कार्यवाही की शुरुआत ही हंगामे के साथ हुई. कुछ देर के बाद लोकसभा को 12 बजे तक के लिए स्थगित कर दिया गया.
दोपहर 12 बजे केंद्रीय कृषि मंत्री नरेंद्र तोमर ने लोकसभा में बिल पेश किया. पेश करने के 4 मिनट के भीतर ही बिल को पास कर दिया गया. वहीं, विपक्ष बिल पर चर्चा की मांग करते हुए हंगामा करता रहा. इसके बाद लोकसभा स्पीकर ने सदन को दोपहर 2 बजे तक के लिए स्थगित कर दिया. 2 बजे सदन की फिर कार्यवाही शुरु हुई, लेकिन हंगामे की वजह से ज्यादा देर तक नहीं चल सकी. इसके बाद सदन को मंगलवार तक के लिए स्थगित कर दिया गया.

लोकसभा के बाद दोपहर 2 बजे केंद्रीय मंत्री ने बिल को राज्यसभा में पेश किया. संसद के ऊपरी सदन में भी कुछ ही मिनट में बिल पास हो गया. इस दौरान भी विपक्षी दलों के सांसद बिल पर चर्चा की मांग करते रहे. लेकिन उनकी मांग नहीं मानी गई.

लोकसभा में पास होने के बाद राज्यसभा में विपक्ष के नेता मल्लिकार्जुन खड़गे ने कहा था कि साल 1961 से 2020 के बीच संसद में 17 रिपील बिल विस्तार से चर्चा के बाद पारित किए गए थे. हम मांग करते हैं कि राज्यसभा में जब सरकार द फॉर्म लॉज रिपील बिल लेकर आए तो उस पर चर्चा हो. यह संसद की परंपरा है. राज्यसभा में जब रिपील बिल आएगा तो हम इस मसले को उठाएंगे.

कांग्रेस नेता अधीर रंजन चौधरी ने कहा कि आज सदन में नियमों की धज्जियां उड़ाई जा रही है. इस विधेयक को चर्चा के बाद पारित कराने की बात कही गई लेकिन इस पर सरकार चर्चा क्यों नहीं करना चाहती है? कई अन्य विपक्षी सदस्यों को भी कुछ कहते देखा गया लेकिन शोर शराबे में उनकी बात नहीं सुनी जा सकी.  

केंद्रीय मंत्री प्रह्लाद जोशी ने कहा कि किसान कानून वापस लेने की मांग थी. विपक्ष ने भी कहा. जब हम वापस कर रहे थे तब उन लोगों ने हंगामा किया. क्यों विरोध कर रहे थे. जान-बूझकर हंगामा कर रहे थे.

वहीं, किसान नेता राकेश टिकैत का कहना है कि अभी मामला सुलझा नहीं है. इसके आगे MSP का मुद्दा है, फसलों के वाजिब दाम का मुद्दा है, 10 साल पुराने ट्रैक्टर का मुद्दा है, सीड बिल का मुद्दा है. सरकार को हमसे बात करनी चाहिए. सरकार ने हमसे संपर्क नहीं किया.

कांग्रेस नेता शशि थरूर ने एनडीटीवी से कहा कि सरकार ने गलत किया है. इससे पहले कानून को रिपील करने के लिए लाए गए बिल पर लोकसभा में चर्चा हुई थी. हम किसानों के लिए एमएसपी कानून, आंदोलन के दौरान जिन किसानों की मौत हुई है उनके परिवारजनों को मुआवजा जैसे मसले संसद में उठाना चाहते थे. लेकिन सरकार ने हमें मौका नहीं दिया. यह बहुत गलत हुआ है.

पीएम मोदी ने सत्र शुरू होने से पहले मीडिया से रूबरू होते हुए कहा था कि संसद में सरकार हर सवाल का जवाब देगी. साथ ही कहा था कि सरकार हर विषय पर चर्चा करने को तैयार है. सरकार की नीतियों के खिलाफ आवाज उठे लेकिन सदन और स्पीकर की गरिमा का ख्याल रखें.

वहीं, विपक्षी दलों ने सत्र से पहले बैठक करके संसद में सरकार को कई मुद्दों पर घेरने की रणनीति बनाई थी. सत्र से पहले उन्होंने संसद परिसर में नारेबाजी करते हुए प्रदर्शन भी किया था.

 

बीते 24 घंटों की बात करें तो दिल्‍ली में इस अवधि में 34 केस सामने आए और कोरोना संक्रमण दर 0.08 फीसदी हो गई है. कोरोना के सक्रिय मरीजों की संख्या दिल्‍ली में इस समय 285 हैं, इसमें से होम आइसोलेशन में 122 मरीज हैं.

नई दिल्ली/शौर्यपथ/

Delhi corona Update : देश की राजधानी दिल्‍ली में कोराना संक्रमण (Covid-19) के कारण लगातार तीसरे दिन 1 मौत दर्ज की गई है, इसके साथ ही दिल्‍ली में कोरोना के कारण हुई मौतों का आंकड़ा 25,098 तक पहुंच गया है. बीते 24 घंटों की बात करें तो दिल्‍ली में इस अवधि में 34 केस सामने आए और कोरोना संक्रमण दर 0.08 फीसदी हो गई है. कोरोना के सक्रिय मरीजों की संख्या दिल्‍ली में इस समय 285 हैं, इसमें से होम आइसोलेशन में 122 मरीज हैं. सक्रिय कोरोना मरीजों की दर 0.19 फीसदी है. रिकवरी दर 98.23 फीसदी है. वहीं 24 घंटे में 36 मरीज डिस्चार्ज हुए, वहीं अब तक ठीक होने का आंकड़ा 14,15,517 है. 24 घंटे में हुए 43,399 टेस्ट हुए. टेस्ट का कुल आंकड़ा 3,08,68,725 है (RTPCR टेस्ट 39,916 एंटीजन 3483). कंटेनमेंट जोन्स की संख्या 105 है. वहीं कोरोना डेथ रेट 1.74 फीसदी है.

विश्‍व स्‍वास्‍थ्‍य संगठन यानी WHO ने कोविड-19 के नए वेरिएंट Omicron (ओमिक्रॉन ) को लेकर चेतावनी जारी की है. WHO का कहना है कि Omicron को लेकर लेकर जोखिम बहुत अधिक (very high) है. WHO की ओर से कहा गया है कि Omicron वेरिएंट के दुनियाभर में फैलने की आशंका है. कुछ क्षेत्रों में इसके गंभीर परिणाम देखने को मिल सकते हैं. विश्‍व स्‍वास्‍थ्‍य संगठन की ओर से जारी टेक्निकल नोट में कहा गया कि यदि Omicron वेरिएंट के मामले में बड़ा उछाल देखने को मिला तो इसके बेहद गंभीर परिणाम हो सकते हैं, हालांकि इस वेरिएंट के कार अब तक कोई मौत नहीं हुई है.WHO ने शुक्रवार को ऐलान किया था कि उसने कोविड के एक नए स्‍ट्रेन B.1.1.529 की पहचान की है, यह स्‍ट्रेन/वेरिएंट सबसे पहले दक्षिण अफ्रीका में पाया गया है.

 

 

 

नई दिल्ली/शौर्यपथ/

आम आदमी पार्टी के लोकसभा सांसद भगवंत मान ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर निशाना साधते हुए कहा है कि उन्होंने तीन कृषि कानून वापस लेने में देरी लगाई है. एनडीटीवी को दिए इंटरव्यू में भगवंत मान ने कहा कि हमने पहले दिन से कहा था. ये मौत के बारे में है. इसमें संशोधन नहीं हो सकता है. ये सिर्फ वापस लिए जा सकते हैं. एक साल लगा दिए प्रधानमंत्री ने कानून वापस लेने में. उन्होंने आगे कहा कि 750 किसानों की इस आंदोलन में जान चली गई. हम मांग करेंगे सबसे पहले इनको श्रद्धांजलि दी जाए. एक साल के दौरान किसानों को देशद्रोही, माओवादी, मवाली और गुंडा सब कहा गया. उसके लिए सरकार माफी मांगे और इसके बाद बिल वापस लें.

शुरू से ही कृषि कानूनों का विरोध करने वालों भगवंत मान ने कहा कि प्रधानमंत्री ने जो माफी मांगी है. वो शायद किसानों से नहीं मांगी है. वो उद्योगपतियों से मांगी है कि मुझसे गलती हो गई मैं माफी मांगता हूं. मुझसे ये कानून लागू नहीं हो पाए. एक साल में किसानों का जो नुकसान हुआ चाहे जान का या माल का. सरकार उनको मुआवजा दे. MSP गारंटी कानून संभव है और सरकार ने कोई पूरा अनाज नहीं खरीदना होता है. वहीं लखीमपुर खीरी की घटना पर उन्होंने कहा कि इस घटना के दोषी मंत्री को बर्खास्त किया जाए.

 पंजाब में आप पार्टी की ओर से किसे सीएम पद का उम्मीदवार बनाया जाएगा, इस सवाल पर भगवंत मान ने कहा कि हर पार्टी की अपनी-अपनी रणनीति होती है. AAP पार्टी कांग्रेस, बीजेपी और दूसरी पार्टियों से पहले सीएम कैंडिडेट के नाम की घोषिणा करेगी.

 

 

 


कृषि कानूनों को वापस लेने में कथित देर और किसानों से जुड़े मसले पर कांग्रेस ने सोमवार को संसद के बाहर प्रदर्शन किया. इस अवसर पर पार्टी की कार्यकारी अध्‍यक्ष सोनिया गांधी और राहुल गांधी विशेष रूप से मौजूद रहे.

नई दिल्‍ली /शौर्यपथ/

 किसानों के मुद्दे पर कांग्रेस पार्टी, केंद्र सरकार के खिलाफ हमलावर रुख अख्तियार किए हुए हैं. कृषि कानूनों को वापस लेने में कथित देर और किसानों से जुड़े मसले पर कांग्रेस ने सोमवार को संसद के बाहर प्रदर्शन किया. इस अवसर पर पार्टी की कार्यकारी अध्‍यक्ष सोनिया गांधी और राहुल गांधी विशेष रूप से मौजूद रहे.गौरतलब है कि कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने तीनों कृषि कानूनों को निरस्त करने संबंधी विधेयक को संसद में पेश किए जाने से पहले, सोमवार को ट्वीट किया, इसमें उन्‍होंने लिखा, ' आज संसद में अन्नदाता के नाम का सूरज उगाना है.' राहुल ने इस ट्वीट में लिखा, ‘‘आज संसद में अन्नदाता के नाम का सूरज उगाना है.' गौरतलब है कि संसद का शीतकालीन सत्र आज से शुरू हुआ है और आज ही कृषि कानून निरसन विधेयक-2021 को लोकसभा में विचार किये जाने और पारित करने के लिए सूचीबद्ध किया गया है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ओर से तीनों कृषि कानूनों को निरस्त किए जाने की घोषणा के बाद इसके लिए एक विधेयक को केंद्रीय मंत्रिमंडल ने मंजूरी प्रदान की थी.

 

 

पीएम मोदी ने कहा, हम चाहेंगे, देश भी चाहेगा कि भारत की संसद ये सत्र और आने वाले सभी सत्र, आजादी के दीवानों की भावनाओं के अनुकूल देशहित में चर्चाएं करें.

नई दिल्ली /शौर्यपथ/

संसद के शीतकालीन सत्र से पहले पीएम मोदी ने कहा कि सरकार हर विषय पर चर्चा करने को तैयार है. सरकार की नीतियों के खिलाफ आवाज उठे लेकिन सदन और स्पीकर की गरिमा का ख्याल रखे. उन्होंने मीडिया को संबोधित करते हुए कहा, हम चाहेंगे, देश भी चाहेगा कि भारत की संसद ये सत्र और आने वाले सभी सत्र, आजादी के दीवानों की भावनाओं के अनुकूल देशहित में चर्चाएं करें, देश की प्रगति के लिए रास्ते खोले.

पीएम मोदी ने कहा, संसद का ये सत्र अत्यंत महत्वपूर्ण है. देश आजादी का अमृत महोत्सव मना रहा है, हिंदुस्तान में चारों दिशाओं में आजादी के अमृत महोत्सव निमित रचनात्मक, सकारात्मक, जनहित, राष्ट्रहित के लिए, सामान्य नागरिक अनेक कार्यक्रम कर रहे हैं. आजादी के दीवानों ने जो सपने देखे थे, उन सपनों को पूरा करने के लिए देश का सामान्य नागरिक भी कोई न कोई दायित्व निभाने का प्रयास कर रहा है. ये अपने आप में भारत के उज्ज्वल भविष्य के लिए शुभ संकेत है.


साथ ही कहा, संविधान दिवस पर भी नए संकल्प के साथ संविधान की आत्मा को चरितार्थ करने के लिए हर किसी के दायित्व के संबंध में पूरे देश ने एक संकल्प किया है. भविष्य में संसद को कैसा चलाया, कितना अच्छा योगदान दिया, कितना सकारात्मक काम हुआ, उस तराजू पर तोला जाए. न कि मापदंड ये होना चाहिए कि किसने कितना जोर लगाकर सत्र को रोका. सरकार हर विषय पर चर्चा करने को तैयार है. सरकार की नीतियों के खिलाफ आवाज उठे लेकिन सदन और स्पीकर की गरिमा का ख्याल रखें.


कोरोना पर पीएम मोदी ने कहा, पिछले सत्र में कोरोना के बाद 100 करोड़ वैक्सिन दिए अब 150 करोड़ की ओर बढ़ रहे है. नए वैरिएंट भी डरा रहा है. इससे सतर्क रहें. 80 करोड़ लोगो के घर मुफ्त खाना दिया जा रहा है.

 

 

 

 संसद के शीतकालीन सत्र के पहले दिन आज कृषि कानून को निरस्‍त करने के लिए विधेयक को लोकसभा में पेश करने और पारित करने के लिए सूचीबद्ध किया गया है. इसे केंद्रीय कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर पेश करेंगे.

नई दिल्‍ली/शौर्यपथ/

 संसद का 25 दिवसीय शीतकालीन सत्र आज से शुरू हो रहा है. इस दौरान कृषि कानूनों को रद्द करने सहित 36 विधेयकों को पारित कराया जा सकता है. साथ ही माना जा रहा है कि पेगासस विवाद और कीमतों में बढ़ोतरी सहित अन्य मुद्दों पर विपक्ष सरकार को घेर सकता है.

शीतकालीन सत्र की 19 बैठकों में केंद्र सरकार 36 विधायी विधेयक और एक वित्त विधेयक पेश कर सकती है.  

कृषि कानून को निरस्‍त करने के लिए विधेयक को पहले दिन लोकसभा में पेश करने और पारित करने के लिए सूचीबद्ध किया गया है. इसे केंद्रीय कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर पेश करेंगे. सत्ता में मौजूद भाजपा और विपक्षी पार्टी कांग्रेस ने अपने सांसदों के उपस्थित रहने के लिए आज व्हिप जारी किया है. 

इस सत्र में कई अन्‍य महत्‍वपूर्ण बिलों विधेयकों को भी पारित कराया जाएगा. इनमें क्रिप्‍टोकरेंसी और आधिकारिक डिजिटल मुद्रा विधेयक भी शामिल हैं.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी कल सर्वदलीय बैठक में शामिल नहीं हुए. संसदीय कार्य मंत्री प्रह्लाद जोशी ने परंपरा के उल्लंघन से इनकार करते हुए कहा, "प्रधानमंत्री की सर्वदलीय बैठक में शामिल होने की कोई परंपरा नहीं थी. इसकी शुरुआत मोदीजी ने की थी." 

राज्यसभा में कांग्रेस के नेता मल्लिकार्जुन खड़गे ने कहा कि वे प्रधानमंत्री के शामिल होने की उम्मीद कर रहे थे. उन्होंने कहा, "हम कृषि कानूनों के बारे में और पूछना चाहते थे क्योंकि कुछ आशंकाएं हैं कि ये तीन कानून फिर से किसी और रूप में आ सकते हैं." 

बैठक में कल 31 दलों ने शिरकत की. हालांकि आम आदमी पार्टी ने बैठक के बीच में ही वॉकआउट कर दिया. पार्टी के संजय सिंह ने कहा कि उन्हें बोलने की अनुमति नहीं है.
प्रहलाद जोशी ने कहा कि सरकार नियमों के तहत किसी भी मुद्दे पर सदन के पटल पर चर्चा करने के लिए हमेशा तैयार है. जोशी ने सभी दलों से सदन को सुचारू रूप से संचालित करने के लिए सहयोग का भी अनुरोध किया.  

मेघालय से लोकसभा की सांसद और नेशनल पीपुल्स पार्टी की अगाथा संगमा ने सरकार से संसद के आगामी सत्र में नागरिकता संशोधन अधिनियम को निरस्त करने का अनुरोध किया.
तेजी से विस्तार कर रही तृणमूल कांग्रेस ने शीतकालीन सत्र से पहले आश्वासन दिया कि वह एकजुट विपक्ष का हिस्सा बनी रहेगी.  

तृणमूल के वरिष्ठ नेता डेरेक ओ'ब्रायन ने कहा, "RJD, DMK और CPM के बीच अंतर है. वे सभी कांग्रेस के चुनावी सहयोगी हैं. NCP-शिवसेना और JMM कांग्रेस के साथ सरकार चलाते हैं. कांग्रेस हमारी चुनावी सहयोगी नहीं है और न ही हम उनके साथ सरकार चला रहे हैं. यही अंतर है."

 

अभी तक कोरोना वायरस से कुल 3,40,08,183 लोग ठीक हो चुके हैं. भारत में अभी रिकवरी रेट 98.34% है, जो कि मार्च 2020 के बाद सबसे ज्यादा है.

नई दिल्ली /शौर्यपथ/

भारत में पिछले 24 घंटे में कोरोना वायरस संक्रमण के 8,309 नए मामले दर्ज किए गए हैं. वहीं, इस दौरान 9,905 लोगों ने कोरोना वायरस को मात दी है. अभी तक कोरोना वायरस से कुल 3,40,08,183 लोग ठीक हो चुके हैं. भारत में अभी रिकवरी रेट 98.34% है, जो कि मार्च 2020 के बाद सबसे ज्यादा है. वहीं, सक्रिय मामलों की बात करें तो उनकी संख्या अभी 1,03,859 है. यह पिछले 544 दिनों सबसे कम है. सक्रिय मामले कुल मामलों के 1 फीसदी से भी कम 0.30 फीसदी है.

डेली पॉजिटिविटी रेट 1.09 फीसदी और वीकली पॉजिटिविटी रेट 0.85 फीसदी है. वहीं, अब तक पूरे देश में लोगों को 122.41 करोड़ वैक्सीन डोज दी जा चुकी हैं.

वहीं, न्यूज एजेंसी पीटीआई की रिपोर्ट के मुताबिक, डब्ल्यूएचओ ने कहा कि अभी यह ‘स्पष्ट नहीं है' कि क्या केाविड-19 का नया स्वरूप ‘ओमीक्रोन' , डेल्टा स्वरूप समेत अन्य स्वरूपों की तुलना में अधिक संक्रामक है और क्या यह अपेक्षाकृत अधिक गंभीर बीमारी का कारण है.

डब्ल्यूएचओ ने कहा, ‘इस बारे में कोई जानकारी उपलब्ध नहीं है, जो यह बताती हो कि ओमीक्रोन से जुड़े लक्षण अन्य स्वरूपों की तुलना में अलग हैं।'उसने कहा कि ओमीक्रोन स्वरूप की गंभीरता का स्तर समझने में कई दिनों से लेकर कई सप्ताह तक का समय लगेगा.

 

 

 

इंस्टाग्राम पोस्ट में फ़ारूक़ी ने कहा कि उन्होंने बेंगलुरु कार्यक्रम के लिए 600 से अधिक टिकट बेचे थे, लेकिन "बर्बरता की धमकी" के कारण शो रद्द कर दिया गया है.

बेंगलुरु/शौर्यपथ/

दक्षिणपंथी समूहों की धमकियों के कारण पिछले दो महीनों में कम से कम 12 शो रद्द होने के बाद कॉमेडियन मुनव्वर फ़ारूक़ी  ने आज संकेत दिया कि वह अब और शो नहीं कर सकते. आज भी बेंगलुरु में उनका एक निर्धारित शो बेंगलुरु पुलिस  के हस्तक्षेप के बाद रद्द कर दिया गया. पुलिस ने लॉ एंड ऑर्डर की समस्या की हवाला देकर शो के आयोजकों से शो रद्द करने को कहा था.

'रोजाना 50 धमकियां मिलती हैं, 3 बार बदल चुका हूं सिम' : शो रद्द होने के बाद बोले मुनव्वर फारूकी 'रोजाना 50 धमकियां मिलती हैं, 3 बार बदल चुका हूं सिम' : शो रद्द होने के बाद बोले मुनव्वर फारूकी
इतना ही नहीं, पुलिस ने आयोजकों को लिखी चिट्ठी में फ़ारूक़ी को 'विवादित शख्स' भी करार दिया. इसी साल के शुरुआत में मध्य प्रदेश में एक शो में हिन्दू देवी देवताओं पर कथित टिप्पणी की वजह से फ़ारूक़ी को करीब महीने भर जेल में रहना पड़ा था. बाद में हाईकोर्ट से जमानत मिलने के बाद उनकी रिहाई हो सकी थी.

शो रद्द होने के बाद आज दोपहर एक इंस्टाग्राम पोस्ट में मुनव्वर फ़ारूक़ी ने कहा, "नफ़रत जीत गई, कलाकार हार गया. मेरा काम हो गया, अलविदा.. अन्याय."

"विवादित चेहरा", बेंगलुरु पुलिस बोली रद्द करो मुनव्वर फारुकी का शो, जानें- क्यों?

हालांकि, उनके कुछ प्रशंसकों ने उनसे शो बंद न करने का अनुरोध किया. संगीतकार मयूर जुमानी ने पोस्ट किया, "नहीं, आप छोड़ नहीं रहे हैं. हम आपको ऐसा नहीं करने देंगे."

आयोजक गुड शेफर्ड ऑडिटोरियम को लिखे एक पत्र में, बेंगलुरु पुलिस ने फ़ारूक़ी के शो "डोंगरी टू नोव्हेयर" का उल्लेख किया और कहा कि वह एक "विवादास्पद व्यक्ति" हैं. बेंगलुरु में हिंदू जागरण समिति के मोहन गौड़ा ने भी कहा कि वे इस शो को आयोजित नहीं होने देंगे.

विहिप-बजरंग दल का रायपुर प्रशासन को अल्‍टीमेटम, 'कॉमेडियन मुनव्‍वर फारुखी के शो को इजाजत न दें वरना...'

इसके बाद, इंस्टाग्राम पोस्ट में फ़ारूक़ी ने कहा कि उन्होंने बेंगलुरु कार्यक्रम के लिए 600 से अधिक टिकट बेचे थे, लेकिन "बर्बरता की धमकी" के कारण शो रद्द कर दिया गया है.

फ़ारूक़ी ने लिखा, "आज बेंगलुरु शो कैंसिल हो गया (स्थल पर तोड़फोड़ की धमकी के तहत). हमने 600+ टिकट बेचे थे. महीने पहले मेरी टीम ने दिवंगत पुनीत राजकुमार सर के संगठन को चैरिटी के लिए बुलाया था, जिसे हम इस शो से जेनरेट करने जा रहे थे. हम सहमत हुए थे कि महान संगठन द्वारा सुझाए गए चैरिटी के नाम पर शो के टिकट नहीं बेचेंगे."

हास्य अभिनेता ने लंबे इंस्टाग्राम पोस्ट में कहा, "मजाक के लिए मुझे जेल में डाला गया लेकिन मैंने अपना शो कभी रद्द नहीं किया. इसमें कुछ भी समस्या नहीं थी. यह अनुचित है. इस शो को भी भारत में धर्म से परे जाकर लोगों का प्यार मिला है. क्या यह अनुचित है. हमारे पास शो का सेंसर सर्टिफिकेट भी है और शो में स्पष्ट रूप से कोई समस्या नहीं थी. हमने पिछले दो महीनों में 12 शो आयोजन स्थल और दर्शकों की धमकी के कारण रद्द किए हैं."

उन्होंने लिखा, "... मुझे लगता है कि यह अंत है. मेरा नाम मुनव्वर फ़ारुक़ी है और यह मेरा समय है. आप लोग अद्भुत दर्शक रहे हैं. अलविदा, मेरा काम हो गया."

. उन्होंने कहा था कि ड्राइवर, वालंटियर और गार्ड सहित 80 लोग एक शो से रोजी-रोटी कमाते हैं. उन्होंने कहा, 'मैं कभी-कभी सोचता था कि शायद मैं गलत हूं, लेकिन जो हुआ उसके बाद मैं समझ गया कि कुछ लोग इसका राजनीतिक फायदा उठाने की कोशिश कर रहे हैं.

हमारा शौर्य

हमारे बारे मे

whatsapp-image-2020-06-03-at-11.08.16-pm.jpeg
 
CHIEF EDITOR -  SHARAD PANSARI
CONTECT NO.  -  8962936808
EMAIL ID         -  shouryapath12@gmail.com
Address           -  SHOURYA NIWAS, SARSWATI GYAN MANDIR SCHOOL, SUBHASH NAGAR, KASARIDIH - DURG ( CHHATTISGARH )
LEGAL ADVISOR - DEEPAK KHOBRAGADE (ADVOCATE)