February 17, 2026
Hindi Hindi
Uncategorised

Uncategorised (35189)

अन्य ख़बर

अन्य ख़बर (5911)

धर्म संसार / शौर्यपथ / प्रभु यीशु के जन्म की ख़ुशी में मनाया जाने वाला क्रिसमस का त्योहार पूरी दुनिया में मनाया जाता है। यह त्योहार कई मायनों में बेहद खास है। क्रिसमस को बड़ा दिन, सेंट स्टीफेंस डे या फीस्ट ऑफ़ सेंट स्टीफेंस भी कहा जाता है। प्रभु यीशु ने दुनिया को प्यार और इंसानियत की शिक्षा दी। उन्होंने लोगों को प्रेम और भाईचारे के साथ रहने का संदेश दिया। प्रभु यीशु को ईश्वर का इकलौता प्यारा पुत्र माना जाता है। इस त्योहार से कई रोचक तथ्य जुड़े हैं। आइए जानते हैं इनके बारे में।
क्रिसमस ऐसा त्योहार है जिसे हर धर्म के लोग उत्साह से मनाते हैं। यह एकमात्र ऐसा त्योहार है जिस दिन लगभग पूरे विश्व में अवकाश रहता है। 25 दिसंबर को मनाया जाने वाला यह त्योहार आर्मीनियाई अपोस्टोलिक चर्च में 6 जनवरी को मनाया जाता है। कई देशों में क्रिसमस का अगला दिन 26 दिसंबर बॉक्सिंग डे के रूप मे मनाया जाता है। क्रिसमस पर सांता क्लॉज़ को लेकर मान्यता है कि चौथी शताब्दी में संत निकोलस जो तुर्की के मीरा नामक शहर के बिशप थे, वही सांता थे। वह गरीबों की हमेशा मदद करते थे उनको उपहार देते थे। क्रिसमस के तीन पारंपरिक रंग हैं हरा, लाल और सुनहरा। हरा रंग जीवन का प्रतीक है, जबकि लाल रंग ईसा मसीह के रक्त और सुनहरा रंग रोशनी का प्रतीक है। क्रिसमस की रात को जादुई रात कहा जाता है। माना जाता है कि इस रात सच्चे दिल वाले लोग जानवरों की बोली को समझ सकते हैं। क्रिसमस पर घर के आंगन में क्रिसमस ट्री लगाया जाता है। क्रिसमस ट्री को दक्षिण पूर्व दिशा में लगाना शुभ माना जाता है। फेंगशुई के मुताबिक ऐसा करने से घर में सुख समृद्धि आती है। पोलैंड में मकड़ी के जालों से क्रिसमस ट्री को सजाने की परंपरा है। मान्यता है कि मकड़ी ने सबसे पहले जीसस के लिए कंबल बुना था।

दुर्ग। शौर्यपथ।शहर की सफाई और स्वास्थ्य व्यवस्था की जिम्मेदारी जिन हाथों में सौंपी गई, उन्हीं की निष्क्रियता अब मासूम बच्चों के स्वास्थ्य पर भारी पड़ती दिख रही है। नगर पालिका…

 

लेख / 
भारत जब 2047 में अपनी स्वतंत्रता के शताब्दी वर्ष की ओर अग्रसर है, तब प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत सरकार ने महिला-नेतृत्वित विकास को राष्ट्रीय प्रगति का केंद्र बिंदु बनाया है। महिलाओं की समावेशी आर्थिक वृद्धि में निर्णायक भूमिका को स्वीकार करते हुए सरकार ने ऐसा सुरक्षित, सम्मानजनक और संवेदनशील कार्य वातावरण तैयार करने पर विशेष ध्यान दिया है, जिससे महिलाएं आत्मविश्वास के साथ कार्यक्षेत्र में आगे बढ़ सकें। इसी दिशा में कार्यस्थल पर महिलाओं का उत्पीड़न (रोकथाम, निषेध और निवारण) अधिनियम, 2013 एक महत्वपूर्ण आधार स्तंभ के रूप में कार्य करता है।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार ने बीते एक दशक में महिला सशक्तिकरण को केवल एक नारा नहीं, बल्कि नीति, संरचना और प्रभावी क्रियान्वयन का विषय बनाया है। “नारी शक्ति” को राष्ट्र की उन्नति का आधार मानते हुए शिक्षा, स्वास्थ्य, आजीविका और सुरक्षा जैसे क्षेत्रों में व्यापक संस्थागत सुधार किए गए हैं। इसी दूरदर्शी दृष्टिकोण का एक महत्वपूर्ण और व्यावहारिक उदाहरण है महिला एवं बाल विकास मंत्रालय द्वारा वर्ष 2017 में प्रारंभ किया गया SHe-Box पोर्टल, जो कार्यस्थल पर महिलाओं की गरिमा, सुरक्षा और न्याय तक सहज पहुंच सुनिश्चित करने के लिए एक सशक्त डिजिटल मंच के रूप में उभरा है।

आज भारत में महिलाओं की कार्यबल में भागीदारी लगातार बढ़ रही है। महिला श्रम बल भागीदारी दर 2017-18 में 23.3% से बढ़कर 2023-24 में 41.7% हो गई। सरकारी और निजी क्षेत्रों के साथ-साथ स्टार्टअप्स, सेवा क्षेत्र, शिक्षा, स्वास्थ्य और असंगठित क्षेत्रों में भी महिलाएँ बड़ी संख्या में कार्यरत हैं। ऐसे में यह अनिवार्य हो जाता है कि कार्यस्थल सुरक्षित, सम्मानजनक और भय-मुक्त हों। कार्यस्थल पर महिलाओं का उत्पीड़न (रोकथाम, निषेध और निवारण) अधिनियम, 2013 (POSH Act) इसी उद्देश्य से बनाया गया था। मोदी सरकार ने कानून के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए डिजिटल गवर्नेंस के तहत SHe-Box पोर्टल को 29 अगस्त 2024 को तकनीकी सुधारों के साथ पुनः लॉन्च किया, जिससे यह अधिक उपयोगकर्ता-अनुकूल और पारदर्शी बन सके।

यह पोर्टल देशभर में गठित आंतरिक समितियों (Internal Committees – IC) और स्थानीय समितियों (Local Committees – LC) से संबंधित सूचनाओं का एक केंद्रीकृत भंडार (Central Repository) प्रदान करता है।

SHe-Box पोर्टल का उन्नत संस्करण महिलाओं को सीधे संबंधित IC या LC के पास शिकायत दर्ज करने की सुविधा देता है। इससे शिकायत प्रक्रिया में होने वाली देरी और अनावश्यक मानवीय हस्तक्षेप में कमी आती है। शिकायतकर्ता अपनी शिकायत की स्थिति को ऑनलाइन ट्रैक भी कर सकती हैं। इसकी सबसे बड़ी विशेषता यह है कि यह मंच सरकारी या निजी, संगठित या असंगठित - हर क्षेत्र में कार्यरत महिलाओं के लिए समान रूप से सुलभ है। इससे यह स्पष्ट होता है कि मोदी सरकार की महिला सुरक्षा की नीति किसी एक वर्ग तक सीमित नहीं, बल्कि समावेशी है।

प्रधानमंत्री मोदी के “डिजिटल इंडिया” विज़न के अनुरूप, SHe-Box महिलाओं को सुरक्षित, सरल और गोपनीय तरीके से शिकायत दर्ज करने और उसकी प्रगति ट्रैक करने की सुविधा देता है। पोर्टल पर दर्ज की गई शिकायत सीधे संबंधित कार्यस्थल की आंतरिक समिति या जिले की स्थानीय समिति तक पहुँचती है। गोपनीयता सुनिश्चित करने के लिए यह व्यवस्था की गई है कि आंतरिक समिति की अध्यक्ष के अलावा कोई अन्य व्यक्ति शिकायत का विवरण नहीं देख सकता, जिससे पीड़िता की पहचान सुरक्षित रहती है।

POSH Act के तहत सरकार का दायित्व है कि वह शिकायतों से संबंधित आंकड़ों का संधारण और निगरानी करे। इस अधिनियम के अंतर्गत किसी भी शिकायत की जाँच के लिए 90 दिनों की समय-सीमा निर्धारित की गई है, जिसका पालन सुनिश्चित करने में SHe-Box पोर्टल महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। समयबद्ध निपटारे को सुनिश्चित करने के लिए मंत्रालय द्वारा डैशबोर्ड अलर्ट, ईमेल और मेसेज के माध्यम से नियमित रिमाइंडर भेजे जा रहे हैं। यह सक्रिय प्रणाली मोदी सरकार की उत्तरदायित्व और परिणाम आधारित शासन की सोच को दर्शाती है।

SHe-Box की प्रभावशीलता में नोडल अधिकारियों की भूमिका भी अत्यंत महत्वपूर्ण है। प्रत्येक कार्यस्थल पर नियुक्त नोडल अधिकारी, नियोक्ता, आंतरिक/स्थानीय समिति और शिकायतकर्ता के बीच समन्वय स्थापित करते हैं। यह व्यवस्था यह सुनिश्चित करती है कि शिकायतें केवल दर्ज न हों, बल्कि उन पर समय पर और नियमानुसार कार्रवाई भी हो।

महिला-केंद्रित नीतियों के व्यापक परिप्रेक्ष्य में देखें तो आज देश में 10 करोड़ से अधिक महिलाएँ स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी हैं, और लखपति दीदी जैसी पहल के माध्यम से लाखों महिलाएँ आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बन रही हैं। वहीं नमो ड्रोन दीदी जैसी अभिनव योजनाएँ महिलाओं को आधुनिक तकनीक, कृषि सेवाओं और उद्यमिता से जोड़ते हुए उन्हें नए और औपचारिक कार्यक्षेत्रों में प्रवेश का अवसर दे रही हैं। ऐसे में जब बड़ी संख्या में महिलाएँ पहली बार संगठित और औपचारिक कार्यस्थलों का हिस्सा बन रही हैं, SHe-Box जैसे प्लेटफॉर्म उन्हें यह भरोसा देते हैं कि सरकार उनके साथ खड़ी है - न केवल कानून बनाकर, बल्कि उसे ज़मीन पर प्रभावी और जवाबदेह ढंग से लागू करके।

बहुभाषी समर्थन, रीयल-टाइम ट्रैकिंग और पारदर्शी प्रक्रिया के माध्यम से SHe-Box पोर्टल कार्यस्थल पर महिलाओं की सुरक्षा को केवल एक कानूनी प्रावधान तक सीमित नहीं रखता, बल्कि उसे एक व्यवस्थित, भरोसेमंद और जवाबदेह संस्थागत ढांचे में परिवर्तित करता है।

SHe-Box वास्तव में एक दूरदर्शी विज़न का सशक्त प्रतिबिंब है, जहाँ नारी शक्ति को भय से मुक्त कर, सम्मान और आत्मविश्वास के साथ कार्यस्थलों में आगे बढ़ने का अवसर दिया जा रहा है, ताकि महिलाएँ अपनी पूरी क्षमता के साथ विकसित भारत के निर्माण में अपनी भूमिका निभा सकें।

सावित्री ठाकुर
(लेखक महिला एवं बाल विकास राज्य मंत्री, भारत सरकार, हैं)

  रायपुर/सिक्किम - पत्र सूचना कार्यालय , भारत सरकार, रायपुर के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ के पत्रकारों का एक 12 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल सिक्किम के सात दिवसीय अध्ययन प्रवास पर रवाना हो रहा है । इस विशेष प्रेस टूर का उद्देश्य सिक्किम में केंद्र सरकार द्वारा संचालित महत्वाकांक्षी परियोजनाओं, बुनियादी ढांचे के विकास और सामरिक महत्व के कार्यों का प्रत्यक्ष अवलोकन करना है । 15 से 21 फरवरी तक चलने वाले इस दौरे के दौरान मीडिया टीम सिक्किम की भौगोलिक चुनौतियों के बीच हो रहे इंजीनियरिंग नवाचारों और "विकसित भारत 2047" के लक्ष्यों की दिशा में हो रही प्रगति का दस्तावेजीकरण करेगी ।
इस प्रतिनिधिमंडल में छत्तीसगढ़ के प्रमुख मीडिया संस्थानों के 10 वरिष्ठ पत्रकार और पीआईबी रायपुर के एक अधिकारी व एक कर्मचारी शामिल हैं । दल का नेतृत्व सहायक निदेशक श्री सुदीप्त कर और यंग प्रोफेशनल श्री पुरुषोत्तम झा कर रहे हैं । पत्रकारों की सूची में एएनआई से संदीप प्रधान, पीटीआई से टिकेश्वर पटेल, दैनिक भास्कर से प्रमोद कुमार साहू, अमृत संदेश से संजीव कुमार वर्मा, और विस्तार न्यूज से अभिषेक तिवारी शामिल हैं । इसके साथ ही दण्डकारण्य समाचार के टीनकेश्वर तिवारी, दैनिक विश्व परिवार के हरि शंकर सोनी, समवेत शिखर के शंकर चंद्राकर, अमन पथ के रमेश पांडे और बीएसटीवी के अविनाश चंद्रवंशी भी इस अध्ययन यात्रा का हिस्सा हैं ।
यात्रा के विस्तृत कार्यक्रम के अनुसार, मीडिया टीम सिक्किम की पहली रेल लिंक परियोजना 'सेवोक-रंगपो रेलवे लाइन' का साइट विजिट करेगी, जो अपनी जटिल सुरंग निर्माण कला के लिए जानी जाती है । दल द्वारा सामरिक दृष्टि से महत्वपूर्ण नाथू ला दर्रा, बाबा मंदिर और त्सोमगो झील का भी दौरा किया जाएगा, जहाँ सीमा सड़क संगठन (BRO) द्वारा किए जा रहे बुनियादी ढांचा कार्यों को कवर किया जाएगा । इसके अलावा, आईटीबीपी (ITBP) द्वारा 'थेगु' में विकसित 'वाइब्रेंट विलेज', पेलिंग का प्रसिद्ध स्काईवॉक और भारतीय वनस्पति सर्वेक्षण (BSI) के केंद्रों का भी भ्रमण किया जाएगा । प्रवास के दौरान मीडिया टीम सिक्किम के माननीय राज्यपाल और मुख्यमंत्री से भी औपचारिक भेंट करेगी, जिसमें राज्य के विकास में केंद्र-राज्य सहयोग पर चर्चा प्रस्तावित है ।

श्री बीरा सिंह मल्टी स्पेशालिटी हॉस्पिटल, भिलाई में चार वर्षों से निरंतर नि:शुल्क डायलिसिस सेवा, 496 मरीजों को मिला लाभ

दुर्ग / शौर्यपथ / समाज सेवा और मानव कल्याण के क्षेत्र में एक प्रेरणादायी उदाहरण प्रस्तुत करते हुए सर्व समाज कल्याण समिति के अध्यक्ष एवं श्री बीरा सिंह मल्टी स्पेशालिटी हॉस्पिटल के डायरेक्टर इंद्रजीत सिंह ने जरूरतमंद डायलिसिस मरीजों के लिए एक सराहनीय पहल की है। उनकी इस पहल से आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के सैकड़ों मरीजों को न केवल जीवनरक्षक उपचार मिला है, बल्कि उन्हें सम्मान और संबल भी प्राप्त हुआ है।
फल मंडी, भिलाई स्थित श्री बीरा सिंह मल्टी स्पेशालिटी हॉस्पिटल में पिछले चार वर्षों से निरंतर नि:शुल्क डायलिसिस सेवा संचालित की जा रही है। इस सेवा के अंतर्गत अब तक 496 जरूरतमंद मरीजों का पूरी तरह मुफ्त डायलिसिस किया जा चुका है, जो अपने आप में एक बड़ी उपलब्धि है।

इलाज ही नहीं, हर खर्च का भी ध्यान

हॉस्पिटल प्रबंधन द्वारा केवल डायलिसिस तक ही सीमित न रहते हुए, इलाज के दौरान लाइन लगाने से लेकर अन्य आवश्यक प्रक्रियाओं में आने वाले खर्चों का भार भी स्वयं वहन किया जा रहा है। इससे आर्थिक रूप से कमजोर मरीजों को इलाज के दौरान किसी प्रकार की परेशानी या मानसिक तनाव का सामना नहीं करना पड़ता।
इसके अतिरिक्त, जरूरतमंद मरीजों को समय-समय पर आर्थिक सहायता भी उपलब्ध कराई जाती है, ताकि उपचार की निरंतरता बनी रहे और किसी भी मरीज को धन के अभाव में इलाज से वंचित न होना पड़े।

सेवा ही उद्देश्य, लाभ नहीं लक्ष्य
इंद्रजीत सिंह का मानना है कि स्वास्थ्य सेवा केवल व्यवसाय नहीं, बल्कि मानव सेवा का सर्वोच्च रूप है। उनका कहना है कि समाज के कमजोर वर्ग को स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराना प्रत्येक सक्षम व्यक्ति का नैतिक दायित्व है। इसी सोच के साथ वे वर्षों से निस्वार्थ भाव से इस सेवा को संचालित कर रहे हैं।

जरूरतमंदों के लिए आशा की किरण
नि:शुल्क डायलिसिस जैसी महंगी चिकित्सा सेवा उपलब्ध कराकर श्री बीरा सिंह मल्टी स्पेशालिटी हॉस्पिटल आज उन मरीजों के लिए आशा की किरण बन चुका है, जो आर्थिक तंगी के कारण इलाज कराने में असमर्थ थे। स्थानीय नागरिकों और मरीजों के परिजनों ने इस सेवा के लिए इंद्रजीत सिंह एवं हॉस्पिटल प्रबंधन के प्रति आभार व्यक्त किया है।

रायगढ़ में महापौर जीवर्धन चौहान से भेंट के दौरान मुख्यमंत्री ने किया जनादेश का स्मरण

रायगढ़ / शौर्यपथ / मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने कहा कि पिछले वर्ष आज ही के दिन राजधानी रायपुर सहित प्रदेश के सभी 10 नगर निगमों में प्राप्त ऐतिहासिक जनादेश जनता के अटूट विश्वास का प्रमाण है। यह परिणाम सुशासन, पारदर्शिता और विकास के प्रति जनता की स्पष्ट आस्था की अभिव्यक्ति है।

मुख्यमंत्री श्री साय आज रायगढ़ प्रवास के दौरान महापौर श्री जीवर्धन चौहान से भेंट कर एक वर्ष पूर्व इसी तिथि को मिले जनादेश को स्मरण कर रहे थे। उन्होंने कहा कि एक साधारण चाय विक्रेता से महापौर तक की श्री चौहान की यात्रा लोकतंत्र की वास्तविक शक्ति और जनता के आशीर्वाद का जीवंत उदाहरण है।

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि हमारी सरकार नगरीय निकाय चुनावों में किए गए प्रत्येक वादे को पूर्ण प्रतिबद्धता के साथ धरातल पर उतार रही है। स्वच्छता, पेयजल, सड़कों, स्ट्रीट लाइट तथा अन्य नागरिक सुविधाओं के विस्तार में निरंतर और ठोस प्रगति हो रही है।उन्होंने कहा कि नगरीय क्षेत्रों में सुशासन की स्थापना, आधुनिक सुविधाओं का विस्तार तथा आम नागरिकों को सरल, सुलभ और पारदर्शी सेवाएँ उपलब्ध कराना हमारी प्राथमिकता है। राज्य सरकार ने शहरी विकास को जन-विश्वास और जन-भागीदारी से जोड़ते हुए योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन पर विशेष बल दिया है।

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि छत्तीसगढ़ में हमारी सरकार में नगरीय विकास के क्षेत्र में आवास, स्वच्छता, जल आपूर्ति, सीवरेज, हरित सार्वजनिक परिवहन, डिजिटल सेवाओं तथा आधारभूत अधोसंरचना के विस्तार में उल्लेखनीय उपलब्धियाँ हासिल हुई हैं। प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) के अंतर्गत बड़ी संख्या में आवास पूर्ण किए गए हैं और नए लक्ष्यों पर तेजी से कार्य जारी है। स्वच्छ भारत मिशन के तहत ठोस अपशिष्ट प्रबंधन, गार्बेज फ्री सिटी रेटिंग तथा राष्ट्रीय स्तर पर पुरस्कारों के माध्यम से प्रदेश के नगरीय निकायों ने उत्कृष्ट प्रदर्शन किया है। मिशन अमृत 2.0 के जरिए जल प्रदाय एवं सीवेज परियोजनाओं को नई गति मिली है। वहीं, पीएम ई-बस सेवा के माध्यम से शहरों में आधुनिक एवं पर्यावरण-अनुकूल सार्वजनिक परिवहन को बढ़ावा दिया गया है। 15वें वित्त आयोग तथा मुख्यमंत्री नगरोत्थान योजना के माध्यम से नगरीय अधोसंरचना को सुदृढ़ किया गया है।

उन्होंने कहा कि युवाओं के लिए नालंदा परिसर जैसे आधुनिक अध्ययन केंद्रों का विस्तार किया जा रहा है। साथ ही “मोर संगवारी सेवा” और विभिन्न ई-गवर्नेंस प्लेटफॉर्म के माध्यम से नागरिकों को घर बैठे सुविधाएँ उपलब्ध कराई जा रही हैं। इन समन्वित प्रयासों से नगरीय क्षेत्रों में सुशासन, पारदर्शिता और जनसुविधाओं का दायरा निरंतर सशक्त हो रहा है।

मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने सभी महापौरों एवं नगरीय निकाय प्रतिनिधियों को बधाई देते हुए कहा कि जनता का विश्वास ही हमारी सबसे बड़ी पूंजी है। उन्होंने कहा कि विकास, विश्वास और जवाबदेही के इस संकल्प को हम और अधिक मजबूत करते हुए प्रदेश के शहरों को समृद्ध, आधुनिक और आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में सतत कार्य करते रहेंगे।

  बिलासपुर। जिले में अवैध नशे के कारोबार पर प्रभावी अंकुश लगाने हेतु पुलिस द्वारा चलाए जा रहे विशेष अभियान के अंतर्गत बेलगहना चौकी क्षेत्र में निर्णायक कार्रवाई की गई है। पुलिस टीम ने सुनियोजित तलाशी अभियान के दौरान 300 ग्राम गांजा के साथ एक आरोपी को गिरफ्तार कर कानून के समक्ष प्रस्तुत किया है।
प्राप्त प्रशासनिक जानकारी के अनुसार, गिरफ्तार आरोपी की पहचान देवचरण वैष्णव (50 वर्ष), निवासी ग्राम कोंचरा के रूप में हुई है। पुलिस द्वारा विधिवत तलाशी लेने पर आरोपी के घर से कुल 300 ग्राम गांजा बरामद किया गया। इसके अतिरिक्त नशीले पदार्थ की तौल में प्रयुक्त होने वाला तराजू एवं बाट भी जब्त किया गया है। बरामद मादक पदार्थ एवं उपकरणों की अनुमानित बाजार कीमत लगभग 16,000 रुपये आंकी गई है।
आरोपी के विरुद्ध एनडीपीएस एक्ट की धारा 20(बी) के तहत अपराध पंजीबद्ध कर उसे न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया गया है। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि आरोपी पूर्व में भी एनडीपीएस एक्ट के प्रकरणों में संलिप्त रहा है तथा नशे के अवैध व्यापार से उसका पुराना आपराधिक संबंध रहा है।

विशेष नशा विरोधी अभियान के तहत सतत कार्रवाई

जिले में संचालित विशेष नशा विरोधी अभियान के तहत अवैध शराब, गांजा एवं अन्य मादक पदार्थों के भंडारण, परिवहन एवं विक्रय में लिप्त व्यक्तियों के विरुद्ध निरंतर कार्रवाई की जा रही है। पुलिस प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि युवाओं को नशे की गिरफ्त से मुक्त रखने तथा समाज को सुरक्षित वातावरण प्रदान करने के उद्देश्य से यह अभियान सतत जारी रहेगा।
अधिकारियों ने आमजन से अपील की है कि क्षेत्र में किसी भी प्रकार की संदिग्ध गतिविधि या अवैध नशे के कारोबार की सूचना तत्काल पुलिस को दें, ताकि त्वरित एवं प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके।

अपराधियों को स्पष्ट संदेश
बेलगहना क्षेत्र में की गई इस कार्रवाई से नशा तस्करों एवं अवैध कारोबार से जुड़े तत्वों में हड़कंप की स्थिति उत्पन्न हुई है। पुलिस प्रशासन ने दोहराया है कि कानून-व्यवस्था बनाए रखने एवं मादक पदार्थों के अवैध नेटवर्क को ध्वस्त करने के लिए सभी थाना क्षेत्रों में सघन निगरानी रखी जा रही है।
यह कार्रवाई न केवल विधि के प्रभावी क्रियान्वयन का प्रमाण है, बल्कि आम नागरिकों में सुरक्षा एवं विश्वास की भावना को भी सुदृढ़ करती है। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि जिले में नशे के अवैध कारोबारियों को किसी भी प्रकार की छूट नहीं दी जाएगी और भविष्य में भी इसी प्रकार की सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।

समाज के संगठित और जागरूक होने से विकास को मिलती है मजबूती : मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय
कोसमनारा में सामुदायिक भवन विस्तार हेतु 50 लाख रुपये की घोषणा

रायगढ़ / शौर्यपथ / महाशिवरात्रि के पावन अवसर पर कोसमनारा धाम में आयोजित स्थापना दिवस एवं शपथ ग्रहण समारोह को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने कहा कि समाज जब संगठित और जागरूक होता है, तब विकास को वास्तविक मजबूती मिलती है। साहू समाज की एकजुटता, शिक्षा और समर्पण प्रदेश के सामाजिक एवं आर्थिक उत्थान में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। विकसित छत्तीसगढ़ के निर्माण में समाज की सक्रिय भागीदारी अनिवार्य है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि समर्थन मूल्य पर धान बेचने वाले 25 लाख से अधिक किसानों को ₹3100 प्रति क्विंटल की दर से अंतर राशि होली से पूर्व एकमुश्त प्रदान की जाएगी। लगभग ₹10,000 करोड़ की राशि सीधे किसानों के खातों में अंतरित की जाएगी। उन्होंने कहा कि अन्नदाता भाइयों-बहनों की समृद्धि ही सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है और सरकार किसानों के परिश्रम का सम्मान सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है।

इससे पूर्व मुख्यमंत्री श्री साय ने कोसमनारा स्थित श्री श्री 108 सत्यनारायण बाबा जी एवं भक्त माता कर्मा-कृष्ण मंदिर में विधिवत पूजा-अर्चना कर प्रदेशवासियों की सुख-समृद्धि और खुशहाली की कामना की तथा महाशिवरात्रि की शुभकामनाएं दीं।

कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए उन्होंने कहा कि 16 फरवरी 1998 से पूज्य सत्यनारायण बाबा खुले आकाश के नीचे निरंतर तपस्या में लीन हैं। तीनों ऋतुओं में 28 वर्षों से अधिक समय तक साधना करना अत्यंत अद्वितीय और प्रेरणादायक है। यह धाम सामाजिक समरसता, आस्था और भाईचारे का सशक्त प्रतीक बन चुका है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि बाबा जी के आशीर्वाद से उन्हें चार बार सांसद रहने का अवसर मिला और आज मुख्यमंत्री के रूप में सेवा का सौभाग्य प्राप्त हुआ है। उन्होंने बाबा भोलेनाथ एवं बाबा सत्यनारायण से प्रदेशवासियों पर निरंतर कृपा बनाए रखने की कामना की।

कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने कोसमनारा स्थित कर्मा साहू सामुदायिक भवन के ऊपर अतिरिक्त निर्माण के लिए ₹50 लाख की घोषणा की। साथ ही उन्होंने श्री रामलला दर्शन योजना एवं मुख्यमंत्री तीर्थ दर्शन योजना का उल्लेख करते हुए कहा कि इन योजनाओं के माध्यम से प्रदेशवासियों को अयोध्या सहित देश के प्रमुख तीर्थ स्थलों की यात्रा का अवसर मिल रहा है।

समारोह में समाज कल्याण में उत्कृष्ट योगदान के लिए त्रिभुवन साहू, भरत लाल साहू, कपिल नाथ, अरुणा साहू, मनोज साहू एवं वेदराम साहू को सम्मानित किया गया। कोरबा जिला साहू संघ की पत्रिका तथा बाबा सत्यनारायण चालीसा का विमोचन भी किया गया।

उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव ने महाशिवरात्रि की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि साहू समाज की एकजुटता विकसित छत्तीसगढ़ के निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। वित्त मंत्री श्री ओ.पी. चौधरी ने कोसमनारा धाम के विकास हेतु लगभग डेढ़ करोड़ रुपये के प्रस्तावित कार्यों की जानकारी दी। साहू समाज के प्रदेश अध्यक्ष डॉ. नीरेंद्र साहू ने बिलासपुर संभाग के सात जिलों के नव निर्वाचित जिला साहू संघ पदाधिकारियों को शपथ दिलाई।

कार्यक्रम में लोकसभा सांसद श्री राधेश्याम राठिया, कसडोल विधायक श्री संदीप साहू, जैजैपुर विधायक श्री बालेश्वर साहू, नगर निगम महापौर श्री जीवर्धन चौहान, पूर्व सांसद श्री लखनलाल साहू, तेलघानी बोर्ड अध्यक्ष श्री जितेंद्र साहू, श्री डिग्रीलाल साहू सहित बिलासपुर संभाग के सात जिलों के नव निर्वाचित पदाधिकारी, बाबा सत्यनारायण की माता हंसमती देवी, संभागायुक्त श्री सुनील जैन, आईजी श्री रामगोपाल गर्ग, कलेक्टर श्री मयंक चतुर्वेदी एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री शशि मोहन सिंह सहित अन्य अधिकारीगण स्थानीय जनप्रतिनिधि एवं बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित थे।

महाशिवरात्रि पर बाबा धाम में मुख्यमंत्री ने की पूजा-अर्चना, 1.20 करोड़ के विकास कार्यों का शिलान्यास
मुख्यमंत्री ने सपत्नीक श्री श्री 108 श्री सत्यनारायण बाबा धाम में की पूजा-अर्चना
प्रदेशवासियों की सुख-समृद्धि और खुशहाली की कामना
डीएमएफ मद से 1 करोड़ 20 लाख रुपए के विकास कार्यों का किया शिलान्यास
मुख्यमंत्री ने प्रदेशवासियों को दी महाशिवरात्रि पर्व की बधाई एवं शुभकामनाएं

    रायगढ़ / शौर्यपथ / महाशिवरात्रि के पावन अवसर पर मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय अपनी धर्मपत्नी श्रीमती कौशल्या साय के साथ रायगढ़ प्रवास के दौरान देर रात एक बजे ग्राम कोसमनारा स्थित श्री श्री 108 श्री सत्यनारायण बाबा धाम पहुंचे। उन्होंने भगवान भोलेनाथ एवं श्री श्री 108 श्री सत्यनारायण बाबा की विधिवत पूजा-अर्चना कर प्रदेशवासियों की सुख-समृद्धि और खुशहाली की कामना की। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने पूरे प्रदेश वासियों को महाशिवरात्रि पर्व की बधाई एवं शुभकामनाएं दी।
इस दौरान मुख्यमंत्री साय ने जिला खनिज न्यास मद के अंतर्गत 1 करोड़ 20 लाख रुपए की लागत से विभिन्न विकास कार्यों का विधिवत शिलान्यास किया। प्रस्तावित कार्यों में मुख्य भवन के सामने ग्रेनाइट फर्श सहित शेड निर्माण, आगंतुकों के विश्राम एवं भोजन के लिए शेड निर्माण, शौचालय परिसर भवन का निर्माण तथा पार्किंग क्षेत्र के लिए सीमेंट कांक्रीट सड़क निर्माण शामिल हैं। उन्होंने इन कार्यों के लिए क्षेत्रवासियों को बधाई देते हुए कहा कि इससे श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध होंगी। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने कहा कि कोसमनारा स्थित यह धाम श्रद्धा और आस्था का प्रमुख केंद्र है। यहां की आध्यात्मिक ऊर्जा समाज को सकारात्मक दिशा और आत्मबल प्रदान करती है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार गुरुजनों के आशीर्वाद और जनता के विश्वास के साथ जनकल्याण के मार्ग पर निरंतर आगे बढ़ रही है।
उल्लेखनीय है कि रायगढ़ जिला मुख्यालय से लगभग 7 किलोमीटर दूर स्थित यह धाम वर्षों से श्रद्धालुओं की आस्था का प्रमुख केंद्र रहा है। बड़ी संख्या में श्रद्धालु यहां श्री श्री 108 श्री सत्यनारायण बाबा एवं भगवान भोलेनाथ के दर्शन के लिए पहुंचते हैं। स्थानीय जनश्रुति के अनुसार, श्री श्री 108 श्री सत्यनारायण बाबा वर्ष 1998 से कठोर तपस्या में लीन हैं। वर्ष 2003 में उन्हें ‘श्री श्री 108’ की उपाधि प्राप्त हुई, जिसके बाद धाम की ख्याति और अधिक बढ़ी। बताया जाता है कि बाबा ने पत्थरों को एकत्र कर शिवलिंग का स्वरूप निर्मित किया और उसी स्थान को अपनी तपोभूमि बनाया। वर्षा, ग्रीष्म और शीत—तीनों ऋतुओं में खुले स्थान पर रहकर भगवान भोलेनाथ की साधना करना उनकी तपस्या की विशेष पहचान बन चुकी है।
इस अवसर पर महापौर जीवर्धन चौहान, नगर निगम सभापति डिग्रीलाल साहू, स्थानीय जनप्रतिनिधिगण, सरपंच, गणमान्य नागरिक, कलेक्टर मयंक चतुर्वेदी, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशिमोहन सिंह सहित अन्य प्रशासनिक अधिकारी एवं बड़ी संख्या में श्रद्धालुजन उपस्थित थे।

दैनिक शौर्यपथ महासमुन्द संतराम कुर्रे

पिथौरा। महाशिवरात्रि के पावन पर्व पर महासमुंद लोकसभा सांसद एवं भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष श्रीमती रूपकुमारी चौधरी ने आज पिथौरा स्थित प्राचीन एवं श्रद्धा के केंद्र थानेश्वर मंदिर पहुंचकर भगवान भोलेनाथ का विधि-विधान से पूजन-अर्चन एवं दुग्धाभिषेक किया।

उन्होंने श्रद्धा एवं भक्ति भाव से जल, दूध और बेलपत्र अर्पित कर भगवान शिव से क्षेत्र एवं प्रदेश की सुख-समृद्धि, शांति और समृद्ध भविष्य की कामना की।
मंदिर परिसर में सुबह से ही श्रद्धालुओं का तांता लगा रहा। हर-हर महादेव और जय भोलेनाथ के जयघोष से पूरा वातावरण भक्तिमय हो उठा। बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने व्रत रखकर, रुद्राभिषेक एवं विशेष पूजन कर भगवान शिव की आराधना की। मंदिर को आकर्षक सजावट से सजाया गया था और श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए विशेष व्यवस्थाएं भी की गई थी।
इस अवसर पर श्रीमती रूपकुमारी चौधरी ने कहा कि महाशिवरात्रि का पर्व आस्था, तप, संयम और श्रद्धा का प्रतीक है। भगवान शिव की कृपा से समाज में सद्भाव, समृद्धि और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है। उन्होंने सभी श्रद्धालुओं को महाशिवरात्रि की शुभकामनाएं देते हुए भगवान भोलेनाथ से सभी के जीवन में सुख, शांति और मंगल की कामना की।

कार्यक्रम के दौरान स्थानीय जनप्रतिनिधि, भाजपा पदाधिकारी, कार्यकर्ता एवं बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे। सभी ने मिलकर भक्तिभाव से पूजा-अर्चना कर महाशिवरात्रि पर्व को उत्साह एवं श्रद्धा के साथ मनाया। मंदिर परिसर में सुरक्षा एवं व्यवस्था को लेकर भी विशेष प्रबंध किए गए थे, जिससे श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो।
महाशिवरात्रि के इस पावन अवसर पर पिथौरा थानेश्वर मंदिर में श्रद्धा, भक्ति और आध्यात्मिक ऊर्जा का अद्भुत संगम देखने को मिला।

कानून के लबादे में अपराध: असलम खान गिरफ्तार, एक आरोपी फरार

कोंडागांव से दीपक वैष्णव की ख़ास रिपोर्ट
जब अगर न्याय की लड़ाई लड़ कर न्याय दिलाने वाला वकील ही जब ऐसा कृत्य करे तो एक आम आदमी न्याय पाने के लिए किससे गुहार लगाएगा। ऐसा ही दुष्कर्म का मामला कोंडागांव जिला मुख्यालय में देखने को मिला है जहाँ महिला न्याय की गुहार को न्यायधीश ने सुना और पुलिस ने पास्को एक्ट के तहत असलम खान वकील को जेल भेजा है बताया जा रहा है कि असलम खान वकील के साथ एक और दुष्कर्म को अंजाम देने वाला सलीम मेमन जो कि नहर पारा का निवासी है जिनका कार्य कबाड़ी खरीदने का बताया जा रहा है वो अब तक फरार चल रहा है ।
आप को बतादे की कोंडागांव के ग्राम पंचायत बम्हनी में रहने वाली अंजुम खान तब हिन्दू संगठन व कोंडागांव निवासी आदिवासी युवा अध्यक्ष यतीन्द्र सलाम से न्याय के लिए गुहार लगाई थी जिसके बाद संगठन ने साथ देने के बाद पहले तो कोंडागांव कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज कराया गया।
दरसअल कुछ दिन पहले बालिका नाबालिग से बालिग़ हुई जिसके बाद अंजुम खान और उसका प्रेमी के द्वारा दोनो ने रायपुर में जा कर मंदिर में शादी रचाई फिर रायपुर के ही किसी थाने में जा कर असलम खान व सलीम मेमन के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई थी मगर पुलिस द्वारा सिर्फ सलीम मेमन पर ही जुर्म दर्ज किया था। पर पुलिस द्वारा असलम खान के नाम को नही लिखा। जिसके बाद पीड़िता ने कोंडागांव आ कर हिन्दू संगठन से गुहार लगाई थी जहाँ हिन्दू संगठन ने साथ दिया और कोंडागांव पुलिस द्वारा असलम वकील के ऊपर भी पॉस्को एक्ट के तहत जुर्म दर्ज करा कर नारायणपुर जेल भेजा है । इस पूरे मामले में कोंडागांव साइबर सेल प्रभारी सौरभ उपाध्याय की अहम भूमिका रही है आप को बतादे की शुक्रवार रात को जैसे ही असलम खान वकील को जुर्म दर्ज होने का पता लगा वैसे ही ठिकाना बदलने की फिराक शुरू हो गया था साइबर सेल प्रभारी को जैसे ही पता चला की वकील फरार हो कर निकल चुका है। देर रात वकील को ग्राम पंचायत श्यामपुर से दौड़ा कर पकड़ा गया। जिसके बाद जेल भेजा गया है।

  आरोपी - असलम खान

 

Page 2 of 2514

हमारा शौर्य

हमारे बारे मे

whatsapp-image-2020-06-03-at-11.08.16-pm.jpeg
 
CHIEF EDITOR -  SHARAD PANSARI
CONTECT NO.  -  8962936808
EMAIL ID         -  shouryapath12@gmail.com
Address           -  SHOURYA NIWAS, SARSWATI GYAN MANDIR SCHOOL, SUBHASH NAGAR, KASARIDIH - DURG ( CHHATTISGARH )
LEGAL ADVISOR - DEEPAK KHOBRAGADE (ADVOCATE)