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धर्म संसार / शौर्यपथ / प्रभु यीशु के जन्म की ख़ुशी में मनाया जाने वाला क्रिसमस का त्योहार पूरी दुनिया में मनाया जाता है। यह त्योहार कई मायनों में बेहद खास है। क्रिसमस को बड़ा दिन, सेंट स्टीफेंस डे या फीस्ट ऑफ़ सेंट स्टीफेंस भी कहा जाता है। प्रभु यीशु ने दुनिया को प्यार और इंसानियत की शिक्षा दी। उन्होंने लोगों को प्रेम और भाईचारे के साथ रहने का संदेश दिया। प्रभु यीशु को ईश्वर का इकलौता प्यारा पुत्र माना जाता है। इस त्योहार से कई रोचक तथ्य जुड़े हैं। आइए जानते हैं इनके बारे में।
क्रिसमस ऐसा त्योहार है जिसे हर धर्म के लोग उत्साह से मनाते हैं। यह एकमात्र ऐसा त्योहार है जिस दिन लगभग पूरे विश्व में अवकाश रहता है। 25 दिसंबर को मनाया जाने वाला यह त्योहार आर्मीनियाई अपोस्टोलिक चर्च में 6 जनवरी को मनाया जाता है। कई देशों में क्रिसमस का अगला दिन 26 दिसंबर बॉक्सिंग डे के रूप मे मनाया जाता है। क्रिसमस पर सांता क्लॉज़ को लेकर मान्यता है कि चौथी शताब्दी में संत निकोलस जो तुर्की के मीरा नामक शहर के बिशप थे, वही सांता थे। वह गरीबों की हमेशा मदद करते थे उनको उपहार देते थे। क्रिसमस के तीन पारंपरिक रंग हैं हरा, लाल और सुनहरा। हरा रंग जीवन का प्रतीक है, जबकि लाल रंग ईसा मसीह के रक्त और सुनहरा रंग रोशनी का प्रतीक है। क्रिसमस की रात को जादुई रात कहा जाता है। माना जाता है कि इस रात सच्चे दिल वाले लोग जानवरों की बोली को समझ सकते हैं। क्रिसमस पर घर के आंगन में क्रिसमस ट्री लगाया जाता है। क्रिसमस ट्री को दक्षिण पूर्व दिशा में लगाना शुभ माना जाता है। फेंगशुई के मुताबिक ऐसा करने से घर में सुख समृद्धि आती है। पोलैंड में मकड़ी के जालों से क्रिसमस ट्री को सजाने की परंपरा है। मान्यता है कि मकड़ी ने सबसे पहले जीसस के लिए कंबल बुना था।
बिजली बिल में राहत के साथ स्वच्छ ऊर्जा को मिल रहा बढ़ावा
रायपुर / प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में संचालित प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना आम नागरिकों के लिए आर्थिक राहत और पर्यावरण संरक्षण का प्रभावी माध्यम बनकर उभर रही है। इस योजना के माध्यम से लोग अपने घरों की छतों पर सौर ऊर्जा आधारित विद्युत प्रणाली स्थापित कर न केवल बिजली के बढ़ते खर्च से राहत पा रहे हैं, बल्कि स्वच्छ एवं हरित ऊर्जा के उपयोग को भी बढ़ावा दे रहे हैं।
सोलर सिस्टम से घटी बिजली की लागत
मोहला-मानपुर-अंबागढ़ चौकी जिले के मोहला निवासी हेमंत कुमार साहू इस योजना के सफल लाभार्थियों में शामिल हैं। उन्होंने अपने घर में सौर ऊर्जा आधारित विद्युत प्रणाली स्थापित कर बिजली की खपत में उल्लेखनीय कमी लाई है। सोलर सिस्टम लगने के बाद उनके घर की अधिकांश विद्युत आवश्यकताओं की पूर्ति अब सौर ऊर्जा से हो रही है, जिससे बिजली बिल में भारी कमी आई है और परिवार को हर महीने आर्थिक राहत मिल रही है।
10 हजार रुपए तक के बिजली बिल से मिली राहत
हेमंत कुमार साहू बताते हैं कि पहले उनके घर का बिजली बिल लगभग 10 हजार रूपए तक आता था। प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के तहत सोलर सिस्टम स्थापित होने के बाद बिजली बिल में उल्लेखनीय कमी आई है। इससे न केवल घरेलू खर्च कम हुआ है, बल्कि परिवार स्वच्छ ऊर्जा के उपयोग की दिशा में भी एक महत्वपूर्ण कदम बढ़ा सका है।
आर्थिक बचत के साथ पर्यावरण संरक्षण का भी माध्यम
श्री साहू का कहना है कि सोलर प्रणाली स्थापित होने से घरेलू विद्युत आवश्यकताओं की निर्बाध पूर्ति हो रही है, पारंपरिक ऊर्जा स्रोतों पर निर्भरता कम हुई है और बिजली खर्च में लगातार बचत हो रही है। उन्होंने कहा कि यह योजना आर्थिक रूप से लाभदायक होने के साथ-साथ पर्यावरण संरक्षण की दिशा में भी प्रभावी पहल है, क्योंकि इससे स्वच्छ एवं नवीकरणीय ऊर्जा के उपयोग को बढ़ावा मिल रहा है।
योजना का लाभ उठाने की अपील
हेमंत कुमार साहू ने प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना को आम नागरिकों के लिए अत्यंत उपयोगी बताते हुए अधिक से अधिक लोगों से इसका लाभ उठाने की अपील की। उन्होंने कहा कि सौर ऊर्जा को अपनाकर प्रत्येक नागरिक अपने बिजली खर्च में कमी ला सकता है और देश को ऊर्जा के क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनाने के साथ-साथ स्वच्छ एवं हरित भविष्य के निर्माण में अपनी महत्वपूर्ण भागीदारी निभा सकता है। उन्होंने इस जनहितकारी योजना के लिए शासन एवं प्रशासन के प्रति आभार भी व्यक्त किया।
उपभोक्ताओं के स्वास्थ्य की सुरक्षा के लिए शासन का बड़ा निर्णय, खाद्य कारोबार संचालकों से नियमों का कड़ाई से पालन करने की अपील
रायपुर । शौर्यपथ । उपभोक्ताओं को सुरक्षित एवं गुणवत्तापूर्ण खाद्य पदार्थ उपलब्ध कराने की दिशा में राज्य शासन ने महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए एनालॉग पनीर तथा अन्य डेयरी एनालॉग उत्पादों के निर्माण, प्रसंस्करण, भंडारण, परिवहन, वितरण और विक्रय पर तत्काल प्रभाव से प्रतिबंध लगा दिया है। इस संबंध में लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग द्वारा अधिसूचना जारी की गई है। खाद्य एवं औषधि प्रशासन, जिला गौरेला-पेंड्रा-मरवाही ने जिले के सभी खाद्य कारोबार संचालकों, डेयरी उत्पाद निर्माताओं, थोक एवं फुटकर विक्रेताओं से शासन के निर्देशों का अक्षरशः पालन करने की अपील की है।
खाद्य एवं औषधि प्रशासन के अनुसार यह निर्णय खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम 2006 के अंतर्गत प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए लिया गया है। विभागीय परीक्षण, प्रयोगशाला विश्लेषण एवं जोखिम मूल्यांकन में यह सामने आया कि कुछ उत्पाद वास्तविक दूध से निर्मित नहीं होने के बावजूद उन्हें पनीर, क्रीम, मक्खन अथवा अन्य दुग्ध उत्पादों के रूप में प्रस्तुत किया जा रहा था। इससे उपभोक्ताओं के भ्रमित होने के साथ-साथ उनके स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ने की आशंका बनी हुई थी।
प्रतिबंध के दायरे में ऐसे सभी उत्पाद शामिल किए गए हैं, जिनमें दूध के स्थान पर वनस्पति वसा, वनस्पति तेल अथवा अन्य गैर-दुग्ध अवयवों का उपयोग किया गया हो, अथवा जिनकी लेबलिंग, पैकेजिंग या प्रदर्शन इस प्रकार किया गया हो कि वे वास्तविक दुग्ध उत्पाद प्रतीत हों। शासन का उद्देश्य उपभोक्ताओं को भ्रामक उत्पादों से बचाना तथा खाद्य बाजार में पारदर्शिता और गुणवत्ता सुनिश्चित करना है।
हालांकि, विभाग ने स्पष्ट किया है कि फ्रोजन डेजर्ट, प्रोसेस्ड चीज़ तथा मिक्स्ड फैट स्प्रेड जैसे वे उत्पाद, जिनके लिए भारतीय खाद्य सुरक्षा एवं मानक प्राधिकरण के मानक निर्धारित हैं और जिनकी विधिवत लेबलिंग की जाती है, इस प्रतिबंध के दायरे में शामिल नहीं होंगे।
खाद्य एवं औषधि प्रशासन ने बताया कि यह प्रतिबंध राजपत्र में अधिसूचना प्रकाशित होने की तिथि से एक वर्ष अथवा भारतीय खाद्य सुरक्षा एवं मानक प्राधिकरण द्वारा अंतिम नियम जारी किए जाने तक, जो भी पहले हो प्रभावी रहेगा। इस अवधि में विभाग द्वारा निरीक्षण एवं निगरानी की कार्रवाई भी की जाएगी, ताकि प्रतिबंध का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जा सके।
विभाग ने जिले के सभी डेयरी उत्पाद निर्माताओं, वितरकों, थोक एवं फुटकर विक्रेताओं से उपभोक्ता हित को सर्वाेच्च प्राथमिकता देते हुए शासन के निर्देशों का पूर्णतः पालन करने का आग्रह किया है। साथ ही चेतावनी दी गई है कि प्रतिबंधित उत्पादों के निर्माण, भंडारण अथवा विक्रय की स्थिति में संबंधित प्रावधानों के तहत विधिसम्मत कार्रवाई की जाएगी। शासन का यह निर्णय खाद्य सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाने तथा आम नागरिकों को सुरक्षित एवं गुणवत्तापूर्ण खाद्य सामग्री उपलब्ध कराने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
रायपुर / शौर्यपथ / राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम (चिरायु) के तहत राजनांदगांव जिले के डोंगरगढ़ विकासखंड के ग्राम डुंडेरा की जन्मजात श्रवण बाधित बच्ची जीविका का एम्स रायपुर में सफल कॉक्लियर इम्प्लांट किया गया। आंगनबाड़ी में नियमित स्वास्थ्य जांच के दौरान आरबीएसके (चिरायु) टीम ने उसकी समस्या की पहचान कर समय पर एम्स रेफर किया, जहां विशेषज्ञों ने सफल ऑपरेशन किया।
अब नियमित स्पीच थेरेपी और पुनर्वास के माध्यम से जीविका धीरे-धीरे सुनने और बोलने की क्षमता विकसित कर सकेगी। यह सफलता राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम की प्रभावी कार्यप्रणाली का उदाहरण है, जिसके तहत बच्चों में जन्मजात विकारों और गंभीर बीमारियों की समय रहते पहचान कर निःशुल्क उपचार एवं उच्च स्तरीय चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जाती है। डोंगरगढ़ की आरबीएसके टीम की तत्परता ने एक मासूम के जीवन में खामोशी की जगह उम्मीद और आवाजों की नई दुनिया बसा दी।
उपमुख्यमंत्री ने बूढ़ा महादेव और बाबा भोरमदेव में पूजा अर्चना कर प्रदेश की खुशहाली और समृद्धि की कामना की
रायपुर / श्रावण मास के प्रथम सोमवार को ऐतिहासिक पुरातात्विक, पर्यटन एवं जनआस्था के केंद्र बाबा भोरमदेव मंदिर के लिए पदयात्रा में भारी उत्साह और भक्तिभाव के साथ उपमुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा सहित हजारों श्रद्धालु शामिल हुए। भोरमदेव पदयात्रा से पहले उपमुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा ने पंचमुखी बूढ़ा महादेव की वैदिक मंत्रोच्चार के साथ विधिवत पूजा-अर्चना की। उपमुख्यमंत्री श्री शर्मा सहित जनप्रतिनिधियों ने हर-हर महादेव, बोल-बम के जयघोष के साथ भगवा ध्वज हाथों में लिए लगभग 18 किलोमीटर श्रद्धालुओं का भोरमदेव पदयात्रा का शुभारंभ किया।
उपमुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा ने कहा कि श्रावण मास का प्रथम सोमवार भगवान भोलेनाथ की आराधना का विशेष अवसर है। बाबा भोरमदेव पदयात्रा में हर वर्ष बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं की सहभागिता हमारी आस्था और परंपरा का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि इस पावन यात्रा में शामिल होकर सभी श्रद्धालु भगवान भोलेनाथ का आशीर्वाद प्राप्त कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि भोरमदेव केवल एक प्राचीन मंदिर नहीं, बल्कि छत्तीसगढ़ की ऐतिहासिक, धार्मिक और सांस्कृतिक पहचान का गौरव है। सरकार इस पवित्र धाम के संरक्षण, विकास और श्रद्धालुओं की सुविधाओं के विस्तार के लिए निरंतर कार्य कर रही है। उन्होंने सभी श्रद्धालुओं को श्रावण मास की शुभकामनाएं देते हुए सुख, शांति और समृद्धि की कामना की तथा पदयात्रा को सफल बनाने में सहयोग देने वाले सभी जनप्रतिनिधियों, सामाजिक संगठनों, अधिकारी, कर्मचारी स्वयंसेवकों और श्रद्धालुओं के प्रति आभार व्यक्त किया।
इस पदयात्रा में पूर्व संसदीय सचिव डॉ. सियाराम साहू, श्री मोतीराम चंद्रवंशी, गौ सेवा आयोग अध्यक्ष श्री बिसेसर पटेल, कृषक कल्याण बोर्ड के अध्यक्ष श्री सुरेश चंद्रवंशी, जिला पंचायत अध्यक्ष श्री ईश्वरी साहू, उपाध्यक्ष श्री कैलाश चंद्रवंशी, जिला पंचायत सदस्य श्री राम कुमार भट्ट, डॉ वीरेन्द्र साहू, नगर पालिका अध्यक्ष श्री चंद्रप्रकाश चंद्रवंशी, पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष श्री संतोष पटेल, पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष श्री विदेशी राम धुर्वे, कलेक्टर श्री गोपाल वर्मा, जिला पंचायत सीईओ श्री अभिषेक अग्रवाल सहित जनप्रतिनिधि जिला प्रशासन के अधिकारी-कर्मचारी, समाज सेवी संगठन, स्वामी विवेकानंद एकेडमी, स्कूली बच्चों से लेकर आमजन हजारों की संख्या में महिला-पुरूष व बच्चें श्रद्धालु के रूप में स्वस्फूर्त शामिल हुए।
*पदयात्रियों का जगह-जगह पुष्प गुच्छ भेंट व तिलक लगाकर हुआ स्वागत और अभिनंदन*
भोरमदेव पदयात्रा को लेकर कवर्धा से भोरमदेव मंदिर पूरे 18 किलोमीटर तक पदयात्रा में उत्साह और उमंग का माहौल देखने को मिला। जिले के विभिन्न संगठनों से लेकर अलग-अलग समाजिक संगठनों, ग्रामीणों ने पदयात्रा में शामिल जनप्रतिनिधियों सहित प्रशासनिक अधिकारियों का पुष्प गुच्छ, माला भेंट कर व तिलक लगाकर स्वागत और अभिनंदन किया। ग्राम पंचायतों के पंच-सरपंच के अलावा वन विभाग, इंजीनियर एसोसिएशन संघ, जिला प्रेस क्लब, ज्वाईन हैण्डस, ट्रक मालिक संघ, प्रायवेट स्कूल संघ और विभिन्न विभागों ने अलग-अलग स्थानों में स्टॉल लगाकर श्रद्धालु, पदयात्रियों कांवरियों के लिए चाय, कॉफी, नास्ता, जूस, शरबत, नीबू पानी, खीर-पूडी और फल वितरण किया।
*उमड़ा आस्था का जनसैलाब, हजारों श्रद्धालु पदयात्रा में हुए शामिल*
वर्ष 2008 से लगातार आयोजित हो रही बाबा भोरमदेव पदयात्रा में इस वर्ष भी बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए। लगभग 18 किलोमीटर की यह पदयात्रा पंचमुखी बूढ़ा महादेव मंदिर, कवर्धा से बाबा भोरमदेव मंदिर तक निकाली गई। हर-हर महादेव और बोल-बम के जयघोष के बीच हजारों श्रद्धालु, कांवड़िये, युवा, महिलाएं और बुजुर्ग पूरे उत्साह एवं भक्तिभाव के साथ पदयात्रा में शामिल हुए।
*झांकियां बनी आकर्षण का केंद्र*
इस वर्ष भोरमदेव पदयात्रा में भगवान शिव, माता पार्वती, गणेश, नंदी और शिव परिवार पर आधारित आकर्षक झांकियां श्रद्धालुओं के आकर्षण का केंद्र रहीं। पूरे पदयात्रा मार्ग में भक्तिमय झांकियों, भजन-कीर्तन और हर-हर महादेव के जयघोष से माहौल शिवमय हो गया। श्रद्धालुओं ने झांकियों का उत्साहपूर्वक स्वागत किया।
*उपमुख्यमंत्री ने बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ अभियान का संदेश जन-जन तक पहुंचाने पर दिया जोर*
भोरमदेव पदयात्रा के दौरान उपमुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा ने समनापुर के समीप महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा लगाए गए 'बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ' जागरूकता स्टॉल का अवलोकन किया। उन्होंने अभियान की सराहना करते हुए बेटियों की शिक्षा, सुरक्षा और सम्मान का संदेश जन-जन तक पहुंचाने पर जोर दिया।
जगदलपुर में एक सप्ताह के भीतर खाद विभाग की दूसरी बड़ी कार्रवाई, अवैध चावल कारोबारियों में मचा हड़कंप
जगदलपुर, शौर्यपथ। सार्वजनिक वितरण प्रणाली (पीडीएस) के तहत गरीब एवं पात्र राशन कार्डधारकों को निःशुल्क वितरित किए जाने वाले चावल की अवैध खरीदी-बिक्री के खिलाफ खाद विभाग ने शुक्रवार को बड़ी कार्रवाई करते हुए शहर के भवानी चाट भंडार के पीछे स्थित दीप्ती बाड़ा के एक गोदाम से लगभग 378 बोरा (करीब 186 क्विंटल) पीडीएस चावल, लगभग 3 क्विंटल चना, 100 पीडीएस बारदाना तथा लोडिंग में लगे 12 चक्का ट्रक (CG 04 LC 9409) को जब्त किया है। बताया जा रहा है कि ट्रक रायपुर का है और कार्रवाई के समय उसमें चावल लोड किया जा रहा था।
जानकारी के अनुसार खाद विभाग को गुप्त सूचना मिली थी कि गोदाम से बड़ी मात्रा में पीडीएस चावल बाहर भेजने की तैयारी चल रही है। सूचना मिलते ही विभाग की टीम ने मौके पर दबिश दी और कार्रवाई को अंजाम दिया। जब्त चावल को सुरक्षित रखने के लिए निकटस्थ शासकीय उचित मूल्य दुकान में रखवाया गया, जबकि ट्रक को आगे की वैधानिक कार्रवाई के लिए कोतवाली थाना पुलिस के सुपुर्द कर दिया गया है। पूरे मामले की रिपोर्ट जिला कलेक्टर को भेजी गई है।
विभाग के अनुसार, इस मामले का संबंध मोहम्मद जिलानी नामक व्यक्ति से बताया जा रहा है। मामले की जांच जारी है और जांच के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
खाद विभाग की एक सप्ताह के भीतर यह दूसरी बड़ी कार्रवाई मानी जा रही है। लगातार हो रही छापेमार कार्रवाई से शहर में पीडीएस चावल की अवैध खरीदी-बिक्री से जुड़े लोगों में हड़कंप मच गया है। विभाग के सख्त रुख से ऐसे कारोबार में संलिप्त लोगों के बीच भय का माहौल देखा जा रहा है।
सूत्रों के हवाले से यह भी जानकारी सामने आई है कि संबंधित व्यक्ति के परिवार के एक सदस्य द्वारा शासकीय उचित मूल्य (राशन) दुकान का संचालन किए जाने की बात कही जा रही है। हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। ऐसे में जांच के दौरान यह भी स्पष्ट किया जाना महत्वपूर्ण होगा कि कहीं कथित अवैध चावल खरीदी-बिक्री के साथ-साथ पात्र हितग्राहियों के लिए आवंटित पीडीएस राशन के वितरण में किसी प्रकार की अनियमितता या हेराफेरी तो नहीं हुई। इस संबंध में वास्तविक स्थिति जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।
पीडीएस का चावल शासन द्वारा गरीब और जरूरतमंद परिवारों को खाद्य सुरक्षा सुनिश्चित करने के उद्देश्य से निःशुल्क उपलब्ध कराया जाता है। ऐसे चावल का अवैध भंडारण, परिवहन अथवा व्यापार न केवल शासन की जनकल्याणकारी योजना को प्रभावित करता है, बल्कि पात्र हितग्राहियों के अधिकारों पर भी सीधा असर डालता है। अब इस मामले में जांच पूरी होने और दोषियों पर होने वाली कार्रवाई पर सभी की नजरें टिकी हैं।
धमतरी: शौर्यपथ । धमतरी प्रसिद्ध धार्मिक एवं ऐतिहासिक तीर्थ कर्णेश्वर धाम में इस वर्ष सावन महोत्सव को भव्य, धार्मिक एवं श्रद्धापूर्ण वातावरण में मनाया जाएगा। इसे लेकर कर्णेश्वर मंदिर ट्रस्ट की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई, जिसमें सावन मास के दौरान होने वाले धार्मिक आयोजनों, श्रद्धालुओं की सुविधा, प्रसादी वितरण, व्यवस्थाओं तथा आगामी कार्यक्रमों को लेकर विस्तृत चर्चा कर कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए।
बैठक में सर्वसम्मति से तय किया गया कि सावन मास के प्रत्येक सोमवार को भगवान कर्णेश्वर महादेव के दर्शन के लिए आने वाले श्रद्धालुओं को ट्रस्ट की ओर से खीर-पूड़ी प्रसादी का वितरण किया जाएगा। वहीं सावन के अंतिम सोमवार को भगवान कर्णेश्वर महादेव का विशेष महारुद्राभिषेक वैदिक मंत्रोच्चार एवं विधि-विधान के साथ संपन्न कराया जाएगा। इस अवसर पर बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना को देखते हुए पार्किंग, पेयजल, साफ-सफाई, सुरक्षा तथा अन्य आवश्यक व्यवस्थाओं पर भी विस्तार से चर्चा की गई।
बैठक में ट्रस्ट के कोषाध्यक्ष निकेश ठाकुर ने आय-व्यय का विवरण प्रस्तुत किया, जिस पर सदस्यों ने चर्चा करते हुए आगामी धार्मिक आयोजनों एवं मंदिर की व्यवस्थाओं को लेकर आवश्यक निर्णय लिए। ट्रस्ट अध्यक्ष विकल गुप्ता ने कहा कि सावन भगवान शिव की आराधना का सबसे महत्वपूर्ण महीना है। ट्रस्ट का प्रयास रहेगा कि कर्णेश्वर धाम आने वाले प्रत्येक श्रद्धालु को बेहतर धार्मिक वातावरण, सुव्यवस्थित व्यवस्था और सभी आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं।
बैठक के अंत में ट्रस्ट के दिवंगत सर्वराकार कैलाश पवार, सदस्य पूनारद जांगड़े, ट्रस्ट के सह सचिव रामभरोसा साहू की छोटी नातिन नीता साहू तथा पूजा प्रभारी योगेश साहू की माता लालती साहू के निधन पर दो मिनट का मौन रखकर श्रद्धांजलि अर्पित की गई। उपस्थित सभी सदस्यों ने दिवंगत आत्माओं की शांति के लिए प्रार्थना करते हुए शोक संतप्त परिवारों के प्रति अपनी संवेदनाएं व्यक्त कीं।
बैठक में ट्रस्ट अध्यक्ष विकल गुप्ता, भाजपा जिलाध्यक्ष प्रकाश बैस, पूर्व नगर पंचायत अध्यक्ष नागेंद्र शुक्ला, जनपद उपाध्यक्ष ह्रदय साहू, ट्रस्ट उपाध्यक्ष रवि दुबे, कोषाध्यक्ष निकेश ठाकुर, सचिव भरत निर्मलकर, सह सचिव रामभरोसा साहू, मोहन पुजारी, योगेश साहू, छबि ठाकुर, रवि भट्ट, हनी कश्यप, अनिरुद्ध साहू, दुर्गेश साहू, पेमन स्वर्णबेर, महेंद्र कौशल, मिलेश साहू, ईश्वर जांगड़े, डोमार मिश्रा, नन्द यादव, बंटी जैन, राकेश चौबे, अश्वनी निषाद, परमेश निषाद, गोलू सार्वा, अंश गौतम, विनोद पुरी गोस्वामी, संतु साहू सहित ट्रस्ट के अन्य सदस्य एवं श्रद्धालु उपस्थित रहे।
रायपुर। कुशाभाऊ ठाकरे पत्रकारिता एवं जनसंचार विश्वविद्यालय (केटीयू), रायपुर में 'नशा मुक्त युवा अभियान' के अंतर्गत रविवार को नशा मुक्ति शपथ ग्रहण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस अवसर पर विश्वविद्यालय के अधिकारियों, शिक्षकों, कर्मचारियों एवं विद्यार्थियों ने स्वयं नशे से दूर रहने तथा समाज को नशामुक्त बनाने का सामूहिक संकल्प लिया।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कुलपति प्रो. मनोज दयाल ने कहा कि युवा शक्ति ही राष्ट्र की सबसे बड़ी ताकत है और उनका स्वस्थ, अनुशासित एवं सकारात्मक जीवन ही विकसित भारत की आधारशिला बनेगा। उन्होंने राष्ट्रकवि रामधारी सिंह 'दिनकर' की प्रसिद्ध पंक्ति, "जब नाश मनुष्य पर छाता है, पहले विवेक मर जाता है" का उल्लेख करते हुए कहा कि नशा व्यक्ति के विवेक, परिवार और उज्ज्वल भविष्य—तीनों को बर्बाद कर देता है। उन्होंने विद्यार्थियों से मोबाइल का भी संयमित एवं सार्थक उपयोग करने का आग्रह किया तथा विश्वविद्यालय परिसर को पूर्णतः नशा मुक्त कैंपस बनाने की घोषणा की।
कुलसचिव सुनील कुमार शर्मा ने कहा कि जीवन में किसी भी निर्णय या निवेश से पहले उसके आर्थिक और सामाजिक प्रभावों का आकलन आवश्यक है। उन्होंने कहा कि नशे की शुरुआत अक्सर क्षणिक सुख के आकर्षण से होती है, लेकिन धीरे-धीरे यही आदत व्यक्ति के जीवन पर गंभीर दुष्प्रभाव डालने वाली लत बन जाती है।
कार्यक्रम में विभागाध्यक्ष पंकज नयन पांडेय, डॉ. नृपेन्द्र शर्मा, डॉ. राजेन्द्र मोहंती सहित विश्वविद्यालय के अधिकारी, शिक्षक, कर्मचारी एवं बड़ी संख्या में विद्यार्थियों ने 'नशा मुक्त भारत' के निर्माण में सक्रिय भागीदारी निभाने और स्वयं नशे से दूर रहने की शपथ ली।
कार्यक्रम का संचालन एवं संयोजन डॉ. शैलेन्द्र खंडेलवाल ने किया। इस अवसर पर विश्वविद्यालय प्रशासन ने युवाओं से नशामुक्त, अनुशासित और जागरूक समाज के निर्माण में अग्रणी भूमिका निभाने का आह्वान किया।
धमतरी जिले के अंतिम छोर पर बसा गांव बना हरित ऊर्जा का मॉडल, 142 किलोवॉट क्षमता के सामूहिक सोलर प्लांट का हुआ लोकार्पण
धमतरी --जिले के नगरी विकासखंड के अंतिम छोर पर स्थित ग्राम पंचायत ठेनही ने हरित ऊर्जा के क्षेत्र में नई पहचान बनाई है। प्रधानमंत्री की महत्वाकांक्षी 'पीएम सूर्य घर–मुफ्त बिजली योजना' के तहत ठेनही जिले का पहला तथा छत्तीसगढ़ का पहला सामूहिक सोलर गांव बनने की दिशा में ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल करते हुए 142 किलोवॉट क्षमता वाले सामूहिक सोलर पावर प्लांट का लोकार्पण किया गया।
गांव में आयोजित कार्यक्रम में वरिष्ठ सियान मोहन यादव, छबीलाल सोम, हेमलाल, नेहरू गौर, श्रीधन सोम, जनपद सदस्य, सरपंच ज्योति सोम, रूपेश नाग, डी.के. यादव, सुनती नाग एवं मातृशक्ति ने संयुक्त रूप से फीता काटकर एवं पूजा-अर्चना के साथ परियोजना का शुभारंभ किया।
इस परियोजना से गांव के 71 परिवारों को बिना किसी अतिरिक्त खर्च के बिजली का लाभ मिलेगा। सामूहिक सोलर प्लांट से उत्पादित ऊर्जा के माध्यम से ग्रामीणों को बिजली सुविधा उपलब्ध होगी, जिससे उनके बिजली बिल का बोझ कम होगा और स्वच्छ ऊर्जा के उपयोग को बढ़ावा मिलेगा।
ग्रामीण बोले— अब नहीं रहेगी बिजली बिल की चिंता
ग्रामीणों ने बताया कि पहले हर महीने बिजली बिल की चिंता बनी रहती थी, लेकिन अब इस योजना से बड़ी राहत मिलेगी। उनका कहना है कि यह परियोजना केवल आर्थिक बचत तक सीमित नहीं है, बल्कि पर्यावरण संरक्षण, स्वच्छ ऊर्जा के उपयोग और आत्मनिर्भर गांव की दिशा में भी एक महत्वपूर्ण पहल है।
नक्सल प्रभावित गांव से हरित ऊर्जा मॉडल तक का सफर
एक समय नक्सल प्रभावित क्षेत्र के रूप में पहचाना जाने वाला ठेनही गांव आज विकास और हरित ऊर्जा का नया मॉडल बनकर उभरा है। यह परियोजना ग्रामीण विकास, ऊर्जा आत्मनिर्भरता और सतत विकास की दिशा में एक प्रेरणादायी उदाहरण मानी जा रही है।
कार्यक्रम में उपस्थित जनप्रतिनिधियों एवं ग्रामीणों ने इस उपलब्धि के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय तथा धमतरी कलेक्टर अविनाश मिश्रा के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि इस योजना ने गांव के विकास को नई दिशा दी है। उन्होंने उम्मीद जताई कि भविष्य में प्रदेश के अन्य गांव भी इस मॉडल को अपनाकर स्वच्छ एवं सस्ती ऊर्जा की ओर कदम बढ़ाएंगे।
बालोद। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा ’नशामुक्त युवा फॉर विकसित भारत संकल्प अभियान’ के राष्ट्रीय शुभारंभ के साथ ही जिला मुख्यालय बालोद में भी इस अभियान का उत्साहपूर्ण आगाज हुआ।
शासकीय घनश्याम सिंह गुप्त स्नातकोत्तर महाविद्यालय में आयोजित कार्यक्रम में महाविद्यालय के विद्यार्थियों, युवाओं, जनप्रतिनिधियों और प्रबुद्ध नागरिकों ने बढ़-चढ़कर भागीदारी की। उपस्थित सभी लोगों ने एक स्वर में नशामुक्त समाज के निर्माण का संकल्प लिया और स्वस्थ एवं जागरूक भारत के निर्माण की शपथ दोहराई।
कार्यक्रम में प्रधानमंत्री के वर्चुअल संबोधन का सीधा प्रसारण भी किया गया। उनके प्रेरक विचारों ने युवाओं में नया जोश भरा और उन्हें देश को नशामुक्त बनाने के संकल्प से जोड़ा।
इस अवसर पर इंडियन रेडक्रॉस सोसायटी छत्तीसगढ़ के चेयरमैन एवं जिला पंचायत उपाध्यक्ष *तोमन साहू*, नगर पालिका उपाध्यक्ष *कमलेश सोनी*, पार्षद *गिरिजेश गुप्ता*, डिप्टी कलेक्टर *आशीष पेंद्रो* सहित महाविद्यालय के प्राचार्य, व्याख्याता और बड़ी संख्या में युवा मौजूद रहे।
वक्ताओं ने युवाओं से नशामुक्त जीवनशैली अपनाने और अपने आसपास के लोगों को जागरूक करने का आह्वान किया। कहा गया कि "नशा मुक्त समाज ही सशक्त राष्ट्र का आधार है। युवाओं की सकारात्मक ऊर्जा ही हमारे देश को स्वर्णिम भविष्य की ओर ले
जाएगी।
भिलाई । अविभाजित मध्य प्रदेश के प्रथम मुख्यमंत्री, स्वतंत्रता संग्राम सेनानी एवं जननेता स्व. पंडित रविशंकर शुक्ल की जयंती के अवसर पर 2 अगस्त, 2026 को भिलाई के सेक्टर-9 स्थित जवाहरलाल नेहरू चिकित्सालय एवं अनुसंधान केन्द्र, सेक्टर-9 के सम्मुख स्थापित पं. शुक्ल की प्रतिमा के समक्ष प्रात: 9.00 बजे एक भव्य समारोह का आयोजन कर स्मरण किया और कांग्रेस के विधायक, पूर्व विधायक एवं मंत्री, भिलाई एवं दुर्ग के मेयर, पूर्व मेयर, जिला कांग्रेस के पदाधिकारियों, कांग्रेस सेवादल और कान्यकुब्ज सामाजिक चेतना मंच, भिलाई -दुर्ग के पदाधिकारी और भारी संख्या में इस्पात नगरी के नागरिकों ने स्व. पं. रवि शंकर शुक्ल और स्व. पं. विद्याचरण शुक्ल के तैल चित्र पर पुष्प अर्पित कर पुष्पांजलि दी। रविशंकर शुक्ल जयंती समारोह के आयोजन में पूर्व केन्द्रीय मंत्री और प्रखर राजनेता स्व. श्री विद्याचरण शुक्ल को भी उनके जन्म दिवस पर याद करते हुए पुष्पांजलि अर्पित की गई।
इस अवसर पर पूर्व मंत्री और विधायक श्री बदरुद्दीन कुरैशी, पूर्व विधायक श्री अरुण वोरा, भिलाई के विधायक एवं युवा नेता श्री देवेन्द्र यादव, भिलाई के मेयर श्री नीरज पाल, दुर्ग के धीरज बाकलीवाल, जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष और रैली के नेतृत्वकर्ता श्री मुकेश चंद्राकर, महिला कांग्रेस से पूर्व विधायक श्रीमती प्रतिभा चंद्राकर और शुक्ल परिवार की सदस्य श्रीमती माया रानी शुक्ल ने भिलाई और शुक्ल परिवार के योगदान की चर्चा की और भिलाई ने प्रदेश और देश के लिए क्या योगदान दिया है और इसके महत्व पर प्रकाश डाला गया। साथ ही पं रविवार शुक्ल और पं विद्याचरण शुक्ल के व्यक्तित्व पर भी प्रकाश डाला गया। इस अवसर श्री देवेन्द्र यादव ने अपने संबोधन में युवाओं और भिलाई निवासियों का आह्वान करते हुए कहा कि संयंत्र की स्थापना से क्षेत्र और प्रदेश के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका रही है। प्रदेश के विकास का आधार और रीढ़ की हड्डी भिलाई ने 71 वर्ष के जीवन काल में बहुत कुछ दिया हैं। भिलाई का स्टील, शिक्षा, संस्कृति, खेल और विकास में नाम और पहचान दी हैं। पर अब संयंत्र और भिलाई उजड़ रहा हैं। इसे उजडऩे से बचना होगा। हम सभी कांग्रेसजनों और भिलाईवासियों को अपने भिलाई को बचाना होगा और आदरणीय कक्का जी के सपनों को जीवित रखना होगा। उन्होंने संयंत्र को प्रदेश की आर्थिक रीढ़ की हड्डी निरुपित करते हुए कहा कि भिलाई की रक्षा के लिए हम सब अपना सबकुछ न्यौछावर करने के लिए तैयार हैं।
कार्यक्रम का संचालन पं रविशंकर शुक्ल सामाजिक एवं सांस्कृतिक समिति के सचिव श्री मनोज मिश्रा ने किया और अंत धन्यवाद ज्ञापन दुर्ग के पूर्व महापौर श्री आर एन वर्मा ने किया।
इस अवसर दुर्ग के धीरज बाकलीवाल, श्री सीजू एंथोनी, जी याकूब, आर एन शर्मा, शाम के सिंह, अल्ताफ अहमद, पूर्व पार्षद श्री कोर्मा राव, धनुष साहू, पूर्व पार्षद एवं श्रमिक नेता श्री प्रभुनाथ मिश्र, पूर्व महापौर (भिलाई) सुश्री नीता लोधी, श्री अशोक गिरी सहित जिला कांग्रेस के अन्य पदाधिकारीगण, कांग्रेस सेवादल के सदस्य, स्मृति नगर सोसायटी के अध्यक्ष श्री राजीव चौबे, भिलाई इस्पात संयंत्र के पूर्व महाप्रबंधक श्री प्रशान्त तिवारी, कान्यकुब्ज सामाजिक चेतना मंच, भिलाई -दुर्ग से श्री स्वदेश शुक्ल, श्री जय शुक्ल, श्री श्याम तिवारी, राकेश मिश्रा, युवा नेता सौमित्र तिवारी, श्री आर डी कोरी सहित भिलाई मीडिया बिरादरी से वरिष्ठ पत्रकार एवं हिन्द मजदूर सभा के वरिष्ठ उपाध्यक्ष नेता श्री अशोक पंडा, त्रिलोक मिश्रा, श्री शमशीर सिवानी सहित भिलाई बिरादरी के अनेक सदस्य और भारी संख्या में इस्पात नगरी के उपस्थित लोगों ने पं. रविशंकर शुक्ल के चित्र पर पुष्प अर्पित करते हुए पुष्पांजलि अर्पित की। इस आयोजन के बाद जिला एवं ग्रामीण कांग्रेस के सदस्यों की भिलाई बचाओं रैली रायपुर के लिए रवाना हुई।
इस अवसर पर भारी संख्या में जिला कांग्रेस के पदाधिकारियों, कांग्रेस सेवादल, इस्पात नगरी के लोग और कांग्रेस के सदस्य उपस्थित थे।
भिलाई। छत्तीसगढ़ चेम्बर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज भिलाई एवं स्वावलंबी भारत अभियान के संयुक्त तत्वावधान में वर्ष 2026 के शेष महीनों में व्यापार, उद्योग, युवा जागरूकता एवं स्थानीय बाजारों को प्रोत्साहन देने के उद्देश्य से विभिन्न जनहितैषी कार्यक्रमों की श्रृंखला आयोजित की जाएगी।
यह आयोजन प्रदेश महामंत्री अजय भसीन व भिलाई चेम्बर अध्यक्ष गार्गी शंकर मिश्रा के नेतृत्व में आयोजन सम्पन्न होंगे।
अजय भसीन ने एक पत्रकार वार्ता में बताया कि इन आयोजनों का उद्देश्य व्यापारियों के हितों की रक्षा, युवाओं को स्वावलंबन के लिए प्रेरित करना तथा समाज में सकारात्मक परिवर्तन लाना है। अभियान की शुरुवात हो चुकी है। 16 जुलाई से कर्मकार व्यक्तित्व विकास प्रशिक्षण शिविर प्रारंभहुआ था। शनिवार को इस शिविर का द्वितीय सत्र का समापन हुआ। इस शिविर में विभिन्न प्रतिष्ठान के
कर्मकारों ने प्रशिक्षण लिया।
इस अभियान की शुरुआत अगस्त माह से होगी। 22 अगस्त से 2 अक्टूबर तक शहर के 10 स्कूलों एवं 10 महाविद्यालयों में जिंदगी न मिलेगी दोबारा विषय पर विशेष जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। इस कार्यक्रम में विभिन्न क्षेत्रों के वक्ता विद्यार्थियों को स्वावलंबन, भारतीय संस्कार, नैतिक जिम्मेदारी, व्यक्तित्व विकास, राष्ट्र निर्माण तथा जीवन में सही दिशा के महत्व पर प्रेरक विचारों से अवगत कराएंगे। इसका उद्देश्य युवाओं को जागरूक, जिम्मेदार एवं आत्मनिर्भर नागरिक बनाना है। इसी क्रम में देश के भविष्य माने जाने वाले जेन जेड वर्ग के 30 चयनित युवाओं को 17 अगस्त से 23 अगस्त तक अहमदाबाद के अध्ययन भ्रमण पर ले जाया जाएगा। इस यात्रा के दौरान उन्हें भविष्य के व्यापार एवं उद्योग, नवाचार, स्टार्टअप, आधुनिक तकनीक तथा उद्यमिता के नए अवसरों की जानकारी दी जाएगी ।
Feb 09, 2021 Rate: 4.00
