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धर्म संसार / शौर्यपथ / प्रभु यीशु के जन्म की ख़ुशी में मनाया जाने वाला क्रिसमस का त्योहार पूरी दुनिया में मनाया जाता है। यह त्योहार कई मायनों में बेहद खास है। क्रिसमस को बड़ा दिन, सेंट स्टीफेंस डे या फीस्ट ऑफ़ सेंट स्टीफेंस भी कहा जाता है। प्रभु यीशु ने दुनिया को प्यार और इंसानियत की शिक्षा दी। उन्होंने लोगों को प्रेम और भाईचारे के साथ रहने का संदेश दिया। प्रभु यीशु को ईश्वर का इकलौता प्यारा पुत्र माना जाता है। इस त्योहार से कई रोचक तथ्य जुड़े हैं। आइए जानते हैं इनके बारे में।
क्रिसमस ऐसा त्योहार है जिसे हर धर्म के लोग उत्साह से मनाते हैं। यह एकमात्र ऐसा त्योहार है जिस दिन लगभग पूरे विश्व में अवकाश रहता है। 25 दिसंबर को मनाया जाने वाला यह त्योहार आर्मीनियाई अपोस्टोलिक चर्च में 6 जनवरी को मनाया जाता है। कई देशों में क्रिसमस का अगला दिन 26 दिसंबर बॉक्सिंग डे के रूप मे मनाया जाता है। क्रिसमस पर सांता क्लॉज़ को लेकर मान्यता है कि चौथी शताब्दी में संत निकोलस जो तुर्की के मीरा नामक शहर के बिशप थे, वही सांता थे। वह गरीबों की हमेशा मदद करते थे उनको उपहार देते थे। क्रिसमस के तीन पारंपरिक रंग हैं हरा, लाल और सुनहरा। हरा रंग जीवन का प्रतीक है, जबकि लाल रंग ईसा मसीह के रक्त और सुनहरा रंग रोशनी का प्रतीक है। क्रिसमस की रात को जादुई रात कहा जाता है। माना जाता है कि इस रात सच्चे दिल वाले लोग जानवरों की बोली को समझ सकते हैं। क्रिसमस पर घर के आंगन में क्रिसमस ट्री लगाया जाता है। क्रिसमस ट्री को दक्षिण पूर्व दिशा में लगाना शुभ माना जाता है। फेंगशुई के मुताबिक ऐसा करने से घर में सुख समृद्धि आती है। पोलैंड में मकड़ी के जालों से क्रिसमस ट्री को सजाने की परंपरा है। मान्यता है कि मकड़ी ने सबसे पहले जीसस के लिए कंबल बुना था।
घटना की सूचना मिलते ही फायर ब्रिगेड की कई गाड़ियां मौके पर पहुंचीं और आग बुझाने का अभियान शुरू किया गया। राहत एवं बचाव कार्य के लिए एसडीआरएफ (SDRF) की टीम को भी तैनात किया गया है। आग की तीव्रता को देखते हुए प्राथमिकता आग को अन्य हिस्सों में फैलने से रोकने और अंदर मौजूद लोगों को सुरक्षित बाहर निकालने पर दी जा रही है।
मौके पर उरला थाना पुलिस, स्थानीय प्रशासन तथा अन्य आपदा प्रबंधन एजेंसियों के अधिकारी पहुंच गए हैं और स्थिति पर लगातार नजर रखे हुए हैं। फैक्ट्री परिसर के आसपास सुरक्षा घेरा बनाकर लोगों की आवाजाही सीमित कर दी गई है।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार आग लगने के कुछ ही मिनटों में फैक्ट्री का बड़ा हिस्सा धुएं से भर गया, जिससे कर्मचारियों में अफरा-तफरी की स्थिति बन गई। स्थानीय लोगों ने तत्काल प्रशासन को सूचना दी, जिसके बाद बचाव दल सक्रिय हुआ।
फायर ब्रिगेड की टीम लगातार पानी और अन्य संसाधनों की मदद से आग पर काबू पाने का प्रयास कर रही है। हालांकि आग लगने के कारणों का अभी तक आधिकारिक खुलासा नहीं हुआ है। प्रारंभिक स्तर पर शॉर्ट सर्किट की आशंका व्यक्त की जा रही है, लेकिन वास्तविक कारणों का पता जांच पूरी होने के बाद ही चल सकेगा।
प्रशासन ने एहतियातन आसपास की औद्योगिक इकाइयों को भी सतर्क कर दिया है ताकि किसी संभावित खतरे को रोका जा सके। फिलहाल किसी के घायल होने या हताहत होने की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
अधिकारियों के अनुसार आग पूरी तरह बुझने और रेस्क्यू ऑपरेशन समाप्त होने के बाद ही नुकसान का आकलन किया जाएगा तथा घटना की विस्तृत जांच शुरू की जाएगी।
मुख्य बिंदु:
(समाचार लिखे जाने तक राहत एवं बचाव कार्य जारी था।)
संवाददाता लोकेश कुमार साहू
*डौंडीलोहारा* - थाना क्षेत्र में नाबालिग बच्ची से दुष्कर्म के मामले में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी युवक को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया है।
पुलिस के अनुसार यह मामला वर्ष 2025 का है। शुक्रवार सुबह 9 बजे जानकारी सामने आने के बाद पुलिस ने तत्काल संज्ञान लिया। बताया गया कि घटना के वक्त नाबालिग बच्ची घर के पास खेल रही थी। इसी दौरान आरोपी युवक उसे बहला-फुसलाकर सुनसान जगह ले गया और वारदात को अंजाम दिया।
परिजनों को जानकारी मिलने पर उन्होंने थाने में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने शिकायत मिलते ही संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर जांच शुरू की। मामले की गंभीरता को देखते हुए टीम गठित कर आरोपी की तलाश की गई और उसे गिरफ्तार कर लिया गया।
थाना प्रभारी ने बताया कि आरोपी को न्यायालय में पेश कर जेल भेज दिया गया है। मामले की विवेचना जारी है। जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। पुलिस का कहना है कि महिलाओं और बच्चों से जुड़े अपराधों में जीरो टॉलरेंस की नीति पर काम किया जा रहा है।
शौर्यपथ से संवाददाता लोकेश कुमार साहू की रिपोर्ट
शौर्यपथ राजनीतिक | दुर्ग
दुर्ग शहर में मुख्यमंत्री Vishnu Deo Sai के संभावित 31 मई दौरे को लेकर राजनीतिक तापमान चरम पर पहुंच गया है। करोड़ों रुपए के विकास कार्यों की सौगात को लेकर अब “विकास किसका?” की लड़ाई खुलकर सामने आने लगी है। एक ओर मंत्री Gajendra Yadav समर्थक सोशल मीडिया में उन्हें “विकासशील पुरुष” साबित करने में जुटे हैं, तो दूसरी ओर महापौर Alka Baghmar के समर्थक इसे “शहरी सरकार की उपलब्धि” बताने में कोई कसर नहीं छोड़ रहे।
सोशल मीडिया पर चल रही इस राजनीतिक प्रतिस्पर्धा को देखकर ऐसा प्रतीत हो रहा है मानो दुर्ग में विकास कार्यों के लिए आई राशि किसी सरकारी खजाने से नहीं, बल्कि नेताओं के निजी संसाधनों से आई हो। जबकि शहर की जनता भली-भांति समझती है कि विकास के लिए आने वाला बजट जनता के टैक्स से संचालित शासन व्यवस्था का हिस्सा है, जिसे सरकार विभिन्न योजनाओं के तहत आवंटित करती है।
राजनीतिक विश्लेषकों की मानें तो यदि वास्तविक उपलब्धियों की बात की जाए, तो दुर्ग को मिला आईटी पार्क एक ऐसा प्रोजेक्ट माना जा सकता है जिसे मंत्री गजेंद्र यादव की सक्रियता और प्रयासों से जोड़कर देखा जा रहा है। इसके अलावा सड़क चौड़ीकरण, उद्यान निर्माण, खेल मैदान या नालंदा परिसर जैसे कार्य सरकारों की नियमित विकास प्रक्रिया का हिस्सा माने जाते हैं। नालंदा परिसर तो राज्य सरकार की वह योजना है जिसे पूरे छत्तीसगढ़ में लागू किया जा रहा है।
दूसरी तरफ महापौर अलका बाघमार का कार्यकाल लगातार विवादों से घिरा रहा है। राजनीतिक गलियारों में उन्हें “सबसे विवादित महापौर” तक कहा जाने लगा है। नगर निगम की बैठकों से लेकर सड़क तक, कई ऐसे मामले सामने आए जिन्होंने शहरी सरकार की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े किए।
कुआं चौक के गुमठी विवाद में कथित रूप से हाथ उठाने की चर्चा हो, देवनारायण चंद्राकर वार्ड में चयनात्मक अतिक्रमण कार्रवाई का मामला हो, या फिर प्रभावशाली लोगों पर नरमी बरतने के आरोप — विपक्ष ही नहीं, आम नागरिकों के बीच भी चर्चाओं का बाजार गर्म है। ओम ज्वैलर्स और अन्य कथित अतिक्रमण मामलों में नरमी तथा अवैध कब्जों के आरोपों से जुड़े लोगों के साथ मंच साझा करने जैसे मुद्दों ने भी महापौर की छवि पर असर डाला है।
इसके अलावा सुराना कॉलेज क्षेत्र की बदबूदार व्यवस्था, कसारीडीह नाले का अधूरा निर्माण, रविशंकर स्टेडियम में बन रहे उद्यान का धीमा कार्य, अवैध बाजारों का विस्तार, चौक-चौराहों पर बढ़ता अतिक्रमण और गुमठी आवंटन विवाद जैसे मुद्दे लगातार नगर निगम प्रशासन की कार्यशैली पर प्रश्नचिह्न लगा रहे हैं।
नगर निगम के बाजार विभाग प्रभारी शेखर चंद्राकर की कार्यप्रणाली को लेकर भी कई सवाल उठे, लेकिन महापौर की चुप्पी ने राजनीतिक चर्चाओं को और हवा दी। आरोप यह भी लग रहे हैं कि निगम में अनियमितताओं और भ्रष्टाचार के मुद्दों पर मौन रहना कहीं न कहीं अप्रत्यक्ष समर्थन जैसा संदेश दे रहा है।
अब पूरा राजनीतिक फोकस 31 मई पर टिक गया है। मुख्यमंत्री के दौरे में विकास कार्यों की प्रस्तुति किसके पक्ष में ज्यादा दिखाई देगी — “विकास की वीरांगना” कही जा रही महापौर अलका बाघमार के या “विकासशील मंत्री” की छवि गढ़ रहे गजेंद्र यादव के समर्थकों के?
फिलहाल दुर्ग की राजनीति में पोस्टर, सोशल मीडिया अभियान और समर्थकों की बयानबाजी ने माहौल को पूरी तरह चुनावी रंग दे दिया है। शहर की जनता विकास की वास्तविक तस्वीर तलाश रही है, जबकि सियासत श्रेय की लड़ाई में उलझी दिखाई दे रही है।
*पर्यटन के जरिए नई पहचान गढ़ेगा छत्तीसगढ़ : मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय*
*हॉस्पिटैलिटी सेक्टर में निवेश से युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर बनेंगे : मुख्यमंत्री*
*मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय की पहल से पर्यटन एवं हॉस्पिटैलिटी सेक्टर में निवेश को मिल रही नई गति*
*500 करोड़ रुपये से अधिक निवेश के साथ छत्तीसगढ़ के पर्यटन क्षेत्र में नई संभावनाएं: हॉस्पिटैलिटी सेक्टर में निवेश को लेकर इंडियन होटल्स कंपनी लिमिटेड ने दिखाई रुचि*
रायपुर /मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ अब देश के पर्यटन मानचित्र पर अपनी नई पहचान गढ़ने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है। पर्यटन को उद्योग का दर्जा मिलने, निवेश अनुकूल नीतियों और राज्य सरकार की दृढ़ इच्छाशक्ति के कारण प्रदेश में पर्यटन एवं हॉस्पिटैलिटी सेक्टर में निवेश की संभावनाएं लगातार मजबूत हो रही हैं। इसी कड़ी में मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय आज अपने निवास कार्यालय में पर्यटन को बढ़ावा देने, पर्यटक सुविधाओं के विकास एवं विस्तार तथा हॉस्पिटैलिटी सेक्टर में निवेश को लेकर आयोजित उच्चस्तरीय बैठक में शामिल हुए। बैठक में देश की प्रतिष्ठित इंडियन होटल्स कंपनी लिमिटेड के प्रतिनिधियों सहित शासन के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।
मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने बैठक में कहा कि छत्तीसगढ़ उत्तर से दक्षिण तक नैसर्गिक विरासत की अमूल्य धरा है, जहां नदियां, पहाड़, घने जंगल, जलप्रपात, समृद्ध आदिवासी संस्कृति और जनजातीय परंपराएं छत्तीसगढ़ को विशिष्ट पहचान प्रदान करती हैं।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि राज्य सरकार का उद्देश्य दुनिया को छत्तीसगढ़ की वास्तविक सुंदरता, सांस्कृतिक समृद्धि और प्राकृतिक विविधता से परिचित कराना है। उन्होंने कहा कि पर्यटन को उद्योग का दर्जा दिए जाने से हॉस्पिटैलिटी सेक्टर में निवेश की संभावनाएं तेजी से बढ़ी हैं और पर्यटकों के लिए बेहतर ठहराव, परिवहन तथा आधुनिक सुविधाओं के विकास के माध्यम से छत्तीसगढ़ को आकर्षक पर्यटन गंतव्य बनाया जा सकता है।
मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने कहा कि राज्य में लगातार निवेश प्रस्ताव प्राप्त हो रहे हैं और इसी क्रम में इंडियन होटल्स कंपनी लिमिटेड द्वारा छत्तीसगढ़ में निवेश की इच्छा जताई गई है, जो प्रदेश के पर्यटन क्षेत्र के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण साबित होगी। उन्होंने कहा कि इस प्रकार के निवेश से पर्यटन अधोसंरचना मजबूत होगी और स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार एवं स्वरोजगार के नए अवसर निर्मित होंगे।
बैठक के दौरान इंडियन होटल्स कंपनी लिमिटेड के प्रतिनिधियों ने मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के समक्ष अपने निवेश प्रस्ताव के महत्वपूर्ण बिंदु साझा किए और बताया कि कंपनी छत्तीसगढ़ में हॉस्पिटैलिटी सेक्टर में लगभग 500 करोड़ रुपये से अधिक निवेश की योजना पर कार्य कर रही है, जिसे शीघ्र आगे बढ़ाया जाएगा। कंपनी के प्रतिनिधियों ने कहा कि इस निवेश से प्रदेश में पर्यटन अधोसंरचना मजबूत होगी और रोजगार के नए अवसरों का सृजन होगा।
वित्त मंत्री श्री ओ पी चौधरी ने कहा कि राज्य सरकार ने निवेश के लिए अनुकूल वातावरण तैयार किया है तथा सभी आवश्यक अनुमतियों की प्रक्रिया को सरल, पारदर्शी और समयबद्ध बनाया गया है।
बैठक में यह भी बताया गया कि पर्यटन को उद्योग का दर्जा मिलने के बाद हॉस्पिटैलिटी सेक्टर में निवेश के रास्ते व्यापक रूप से खुले हैं। राज्य सरकार पर्यटन क्षेत्र को आधुनिक अधोसंरचना, उच्चस्तरीय सुविधाओं और निवेश प्रोत्साहन नीतियों के माध्यम से विकसित करने की दिशा में विशेष पहल कर रही है। प्रदेश की बेहतर मानसूनी परिस्थितियां, समृद्ध प्राकृतिक संपदा और निवेश अनुकूल नीति पर्यटन विकास के लिए मजबूत आधार तैयार कर रही हैं।
बैठक में उद्योग विभाग के अधिकारियों ने निवेश प्रोत्साहन नीति तथा उपलब्ध इंसेंटिव्स की विस्तृत जानकारी देते हुए बताया कि यदि कोई निवेशक 500 करोड़ रुपये से अधिक निवेश करता है अथवा 1000 से अधिक लोगों को रोजगार उपलब्ध कराता है, तो उसे ‘बी-स्पोक पॉलिसी’ के तहत अतिरिक्त प्रोत्साहन एवं विशेष लाभ प्रदान किए जाएंगे। साथ ही पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए आधारभूत संरचना, सड़क संपर्क, आवासीय सुविधाओं तथा पर्यटक सेवाओं को मजबूत करने पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।
बैठक में छत्तीसगढ़ पर्यटन मंडल के अध्यक्ष नीलू शर्मा, मुख्य सचिव विकास शील, मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव सुबोध कुमार सिंह, वित्त सचिव डॉ. रोहित यादव, निवेश आयुक्त ऋतु सेन, मुख्यमंत्री के सचिव राहुल भगत, उद्योग सचिव रजत कुमार, पर्यटन विभाग सचिव डॉ. एस. भारतीदासन सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारीगण उपस्थित थे।
*‘हर गरीब को पक्का घर’ के संकल्प को साकार करने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के नेतृत्व में तेजी से बढ़ रहा काम : मुख्यमंत्री साय*
*छत्तीसगढ़ के हजारों ग्रामीण परिवारों के पक्के घर के सपने को मिलेगा नया संबल*
रायपुर /मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण (PMAY-G) के अंतर्गत छत्तीसगढ़ सहित 12 राज्यों को ₹10,021 करोड़ से अधिक की मदर सैंक्शन जारी किए जाने का स्वागत करते हुए इसे गरीब कल्याण, सम्मानजनक जीवन और अंत्योदय के संकल्प को नई मजबूती देने वाला महत्वपूर्ण निर्णय बताया है।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में ‘हर गरीब को पक्का घर’ का संकल्प तेजी से धरातल पर साकार हो रहा है और यह निर्णय ग्रामीण गरीब परिवारों के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाने वाला सिद्ध होगा।
मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने कहा कि प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण केवल आवास निर्माण की योजना नहीं है, बल्कि यह गरीब परिवारों के जीवन में सम्मान, सुरक्षा और आत्मविश्वास का नया आधार निर्मित करने वाली परिवर्तनकारी पहल है। पक्का घर किसी भी परिवार के लिए केवल एक छत नहीं, बल्कि सुरक्षित भविष्य, बेहतर जीवन और सामाजिक गरिमा का मजबूत आधार होता है। उन्होंने कहा कि इस वित्तीय सहायता से छत्तीसगढ़ के हजारों ग्रामीण परिवारों के ‘पक्के घर के सपने’ को नई गति मिलेगी और पात्र हितग्राहियों को योजनाओं का लाभ समयबद्ध तरीके से उपलब्ध कराया जा सकेगा।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन में राज्य सरकार गांव, गरीब और वंचित परिवारों के जीवन में सम्मान, सुरक्षा और विश्वास का नया अध्याय लिखने के लिए प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि हमारी डबल इंजन सरकार यह सुनिश्चित करने के लिए निरंतर प्रयासरत है कि प्रदेश का कोई भी पात्र परिवार आवास जैसी मूलभूत सुविधा से वंचित न रहे तथा अंतिम व्यक्ति तक योजनाओं का लाभ पारदर्शिता और संवेदनशीलता के साथ पहुंचे।
मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने छत्तीसगढ़ को इस महत्वपूर्ण पहल में शामिल किए जाने पर प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी एवं केंद्रीय ग्रामीण विकास मंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि केंद्र और राज्य सरकार के समन्वित प्रयासों से प्रदेश में गरीब परिवारों के जीवन में स्थायी बदलाव लाने का कार्य और अधिक गति से आगे बढ़ेगा।
*जांजगीर-चांपा के कापन और बलौदा में सामाजिक कार्यक्रमों में शामिल हुए वित्त मंत्री*
*अघरिया और स्वर्णकार समाज के सामुदायिक भवनों का लोकार्पण*
*10वीं और 12वीं के मेधावी छात्र-छात्राओं को किया सम्मानित*
रायपुर/छत्तीसगढ़ के वित्त मंत्री एवं जांजगीर-चांपा जिले के प्रभारी मंत्री श्री ओ.पी. चौधरी आज जांजगीर-चाम्पा जिले के कापन और नगर पंचायत बलौदा में आयोजित सामाजिक कार्यक्रमों में शामिल हुए। इस दौरान उन्होंने कापन में अखिल भारतीय अघरिया समाज के क्षेत्रीय सभा सह सामुदायिक भवन का उद्घाटन किया। वहीं, बलौदा के जंगलवा डबरी में स्वर्णकार समाज के 'स्वर्ण मंडपम' सामुदायिक भवन का लोकार्पण किया।
*शिक्षा और संस्कारों से सशक्त बनेगी नई पीढ़ी*
कापन में आयोजित कार्यक्रम के दौरान वित्त मंत्री श्री चौधरी ने कक्षा 10वीं और 12वीं की परीक्षाओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले मेधावी छात्र-छात्राओं को सम्मानित कर उनका उत्साह बढ़ाया। इस अवसर पर उन्होंने कहा, "शिक्षा समाज की प्रगति का सबसे सशक्त माध्यम है। नई पीढ़ी को बेहतर शिक्षा, संस्कार और अवसर उपलब्ध कराकर ही समाज को आगे बढ़ाया जा सकता है।" उन्होंने आगे कहा कि ऐसे आयोजन समाज में एकजुटता, सकारात्मक सोच और सामुदायिक भावना को मजबूत करते हैं। प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश निरंतर विकास की दिशा में आगे बढ़ रहा है और समाज के प्रत्येक वर्ग के लिए जनकल्याणकारी योजनाएं चलाई जा रही हैं।
*एकजुटता ही समाज की वास्तविक शक्ति*
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए छत्तीसगढ़ खनिज विकास निगम के अध्यक्ष श्री सौरभ सिंह ने कहा कि अघरिया समाज शिक्षा, कृषि और सामाजिक विकास के क्षेत्र में हमेशा अग्रणी रहा है। किसी भी समाज की वास्तविक शक्ति उसकी एकजुटता में ही निहित होती है। वहीं, पूर्व संसदीय सचिव श्री अंबेश जांगड़े ने कहा कि यह नवनिर्मित भवन सामाजिक और सांस्कृतिक गतिविधियों के संचालन के लिए एक सशक्त मंच साबित होगा।
*बलौदा में 'स्वर्ण मंडपम' का लोकार्पण*
नगर पंचायत बलौदा में आयोजित स्वर्ण मंडपम सामुदायिक भवन के लोकार्पण समारोह में वित्त मंत्री ने स्वर्णकार समाज द्वारा सामाजिक विकास के क्षेत्र में किए जा रहे कार्यों की सराहना की। इस अवसर पर सांसद श्रीमती कमलेश जांगड़े, पूर्व सांसद श्रीमती कमला देवी पाटले, पूर्व विधायक श्री चुन्नीलाल साहू सहित बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि, समाज के पदाधिकारी और स्थानीय नागरिक उपस्थित थे।
लोरमी। प्रदेश के उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने लोरमी से गोंडखाम्ही नहर तक निर्माणाधीन लगभग 10 किलोमीटर लंबी सड़क का निरीक्षण कर कार्यों की प्रगति का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने अधिकारियों को सड़क निर्माण कार्य गुणवत्ता और तय समय-सीमा के भीतर पूरा करने के सख्त निर्देश दिए।
उप मुख्यमंत्री ने कहा कि यह सड़क क्षेत्र के लोगों के लिए आवागमन को आसान बनाने के साथ-साथ स्थानीय विकास को नई गति देगी। उन्होंने निर्माण कार्य में किसी भी प्रकार की लापरवाही नहीं बरतने तथा नियमित मॉनिटरिंग सुनिश्चित करने के निर्देश अधिकारियों को दिए।
निरीक्षण के दौरान सड़क निर्माण से जुड़े विभिन्न तकनीकी पहलुओं की जानकारी लेते हुए उन्होंने पोल शिफ्टिंग सहित अन्य आवश्यक कार्यों को भी शीघ्र पूरा करने के निर्देश दिए, ताकि निर्माण कार्य बिना किसी बाधा के लगातार जारी रह सके।
अधिकारियों ने उप मुख्यमंत्री को निर्माण कार्य की वर्तमान स्थिति और आगामी कार्ययोजना की जानकारी दी। इस दौरान संबंधित विभाग के अधिकारी एवं जनप्रतिनिधि भी मौजूद रहे।
दुर्ग | शौर्यापथ
दुर्ग के व्यापारी वर्ग के लिए एक बड़ी और राहत भरी खबर है। छत्तीसगढ़ चेंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज (जिला दुर्ग) की पुरजोर कोशिशों के बाद, नगर निगम प्रशासन ने बढ़े हुए ट्रेड लाइसेंस शुल्क की वसूली पर फिलहाल रोक लगा दी है।
? क्या है पूरा मामला?
हाल ही में नगर निगम दुर्ग द्वारा ट्रेड लाइसेंस शुल्क में भारी बढ़ोतरी की गई थी। इस फैसले से स्थानीय व्यापारी वर्ग में भारी आक्रोश और चिंता थी। व्यापारियों का कहना है कि वे पहले से ही:
? आर्थिक मंदी और महंगाई की मार झेल रहे हैं।
? ऑनलाइन व्यापार (E-commerce) से मिल रही कड़ी चुनौती से जूझ रहे हैं।
? विभिन्न प्रकार के टैक्स के दबाव में हैं।
ऐसे समय में ट्रेड लाइसेंस फीस में इस अप्रत्याशित वृद्धि ने छोटे और मध्यम वर्ग के व्यापारियों की कमर तोड़ दी थी।
? चेंबर का एक्शन और प्रशासन का आश्वासन
व्यापारियों के हितों की रक्षा के लिए चेंबर ऑफ कॉमर्स के जिला अध्यक्ष श्री अनूप गटागट के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल ने नगर निगम दुर्ग पहुंचकर महापौर श्रीमती अल्का बाघमार एवं निगम कमिश्नर श्री सुमित अग्रवाल को ज्ञापन सौंपा।
चेंबर की मांग: बढ़े हुए शुल्क पर तत्काल रोक लगाई जाए और व्यापारियों के अनुकूल व्यावहारिक निर्णय लिया जाए।
नतीजा: चेंबर की दलीलों को गंभीरता से लेते हुए महापौर और कमिश्नर ने व्यापारियों को आश्वस्त किया कि फिलहाल किसी भी व्यापारी से नए (बढ़े हुए) रेट से ट्रेड टैक्स नहीं लिया जाएगा।
? प्रतिनिधिमंडल में शामिल प्रमुख चेहरे
इस बड़ी मुहिम में चेंबर के पदाधिकारियों और सदस्यों ने एकजुटता दिखाई। ज्ञापन सौंपने के दौरान मुख्य रूप से निम्नलिखित सदस्य उपस्थित रहे:
• अनूप गटागट (जिला अध्यक्ष) • नीतू श्रीवास्तव
• कुलदीप सिंह • रूपलता साहू
• किशोर जैन • दीना सोनी
• शिव चंद्राकर • अहिल्या यादव
• जवाहर जैन • अनिमा सिंह
• दिनेश टावरी • संगीता देवांगन
• सतीश समर्थ • आशा देवांगन
• सुदीप अग्रवाल
भिलाई।
नगर पालिक निगम भिलाई के आयुक्त राजीव कुमार पांडेय ने जोन-4 खुर्सीपार क्षेत्र का औचक निरीक्षण कर सार्वजनिक सुविधाओं और निगम संपत्तियों की स्थिति का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने अधिकारियों को व्यवस्थाओं में सुधार और नियमों के उल्लंघन पर कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए।
आयुक्त ने सबसे पहले इंडोर स्टेडियम पहुंचकर खेल गतिविधियों की व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया और संचालन को बेहतर बनाने के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। इसके बाद पंडित दीनदयाल उपाध्याय मिनी स्टेडियम का निरीक्षण करते हुए परिसर में बनी 60 दुकानों के खाली और अव्यवस्थित पाए जाने पर नाराजगी जताई। उन्होंने निगम राजस्व बढ़ाने के उद्देश्य से सभी दुकानों की पुनः नीलामी प्रक्रिया जल्द शुरू करने के निर्देश दिए।
निरीक्षण के दौरान स्टेडियम के सामने बिना वैध अनुमति संचालित हो रही एचपी गैस एजेंसी को लेकर आयुक्त ने कड़ा रुख अपनाया। सार्वजनिक और खेल परिसर के समीप अवैध व्यवसाय संचालन को गंभीर मामला मानते हुए उन्होंने जोन आयुक्त और सहायक राजस्व अधिकारी को तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए।
आयुक्त ने स्टेडियम के समीप स्थित सामुदायिक शौचालय का भी निरीक्षण किया और साफ-सफाई, पानी एवं बिजली व्यवस्था की समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों और स्वच्छता कर्मियों को निर्देशित किया कि सार्वजनिक शौचालयों में मूलभूत सुविधाओं की कोई कमी नहीं होनी चाहिए।
राजीव कुमार पांडेय ने कहा कि निगम की संपत्तियों का बेहतर रखरखाव और जनता को गुणवत्तापूर्ण सुविधाएं उपलब्ध कराना प्राथमिकता है तथा अवैध रूप से व्यवसाय करने वालों को किसी भी स्थिति में बख्शा नहीं जाएगा।
निरीक्षण के दौरान जोन आयुक्त अमरनाथ दुबे, सहायक राजस्व अधिकारी बालकृष्ण नायडू, जोन स्वास्थ्य अधिकारी हेमंत मांझी, स्वच्छता निरीक्षक अतुल यादव सहित निगम के अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।
बिलासपुर।
भारत सरकार के कोयला एवं खान राज्य मंत्री सतीश चन्द्र दुबे ने एसईसीएल के एक दिवसीय दौरे के दौरान कंपनी के कार्यों, उपलब्धियों और भविष्य की योजनाओं की विस्तृत समीक्षा की। इस अवसर पर उन्होंने डिजिटल परिवर्तन और स्वास्थ्य सेवाओं से जुड़ी कई महत्वपूर्ण पहलों का शुभारंभ एवं लोकार्पण किया।
एसईसीएल मुख्यालय पहुंचने पर मंत्री दुबे ने कोयला श्रमिक स्मारक पर माल्यार्पण कर कोयला श्रमिकों को श्रद्धांजलि अर्पित की और देश की ऊर्जा सुरक्षा में उनके योगदान को नमन किया। इसके बाद आयोजित समीक्षा बैठक में कोयला उत्पादन, डिस्पैच, गुणवत्ता प्रबंधन, सुरक्षा, कोल गैसीफिकेशन, पर्यावरणीय पहल, डिजिटलीकरण, सीएसआर गतिविधियों और भविष्य की कार्ययोजनाओं पर विस्तार से चर्चा हुई।
मंत्री दुबे ने सुरक्षित एवं सतत खनन, आधुनिक तकनीकों के उपयोग और परिचालन दक्षता बढ़ाने पर जोर देते हुए कहा कि एसईसीएल देश की ऊर्जा जरूरतों को पूरा करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। उन्होंने कहा कि सीएसआर गतिविधियों के माध्यम से कोयलांचल क्षेत्रों में अंतिम व्यक्ति तक विकास योजनाओं का लाभ पहुंचाना प्राथमिकता है।
एसईसीएल के अध्यक्ष-सह-प्रबंध निदेशक हरीश दुहन ने बताया कि वित्तीय वर्ष 2026-27 में अब तक कोल इंडिया के 100 मिलियन टन उत्पादन में एसईसीएल ने 26.86 मिलियन टन का सर्वाधिक योगदान दिया है।
बैठक के दौरान मंत्री ने “ई-डाडास” (डिजाइन एंड ड्रॉइंग्स अप्रूवल इन एसईसीएल) पोर्टल और “हॉस्पिटल मैनेजमेंट एंड इन्फॉर्मेशन सिस्टम” (HMIS) पोर्टल का शुभारंभ किया। ई-डाडास पोर्टल के जरिए आधारभूत संरचना परियोजनाओं की इंजीनियरिंग डिजाइनों की ऑनलाइन जांच और अनुमोदन प्रक्रिया डिजिटल होगी, जबकि HMIS पोर्टल से एसईसीएल अस्पतालों में मरीजों के रिकॉर्ड प्रबंधन और स्वास्थ्य सेवाओं की निगरानी अधिक प्रभावी होगी।
दौरे के दौरान मंत्री दुबे ने बिलासपुर स्थित इंदिरा विहार स्वास्थ्य केंद्र में अत्याधुनिक 5-पार्ट हेमेटोलॉजी एनालाइज़र यूनिट का लोकार्पण भी किया। यह मशीन संक्रमण और विभिन्न बीमारियों की सटीक जांच में सहायक होगी तथा अस्पताल सेवाओं की गति और गुणवत्ता को बेहतर बनाएगी।
लोकार्पण के बाद मंत्री ने स्वास्थ्य केंद्र का निरीक्षण कर वहां उपलब्ध स्वास्थ्य सुविधाओं की सराहना की। बैठक में एसईसीएल के निदेशकगण, सीवीओ, विभागाध्यक्ष और मंत्रालय के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
महासमुंद/रायपुर।
बहुचर्चित एलपीजी गबन मामले में फरार चल रहे ठाकुर पेट्रोकेमिकल्स के मालिक संतोष सिंह ठाकुर और उनके पुत्र सार्थक सिंह ठाकुर को पुलिस ने महाराष्ट्र के कोल्हापुर से गिरफ्तार कर लिया है। दोनों आरोपी गिरफ्तारी से बचने के लिए लगातार शहर और मोबाइल नंबर बदल रहे थे। पुलिस की तकनीकी जांच, टॉवर डंप, सीडीआर, टोल डेटा और सोशल मीडिया विश्लेषण के बाद दोनों तक पहुंच संभव हो सकी।
पुलिस जांच में अब तक कई चौंकाने वाले खुलासे सामने आए हैं। जांच एजेंसियों के अनुसार खाद्य अधिकारी अजय यादव इस पूरे गबन कांड का मुख्य षड्यंत्रकारी था, जबकि पंकज चंद्राकर डील मैनेजर की भूमिका में सामने आया। मनीष चौधरी ने विभिन्न एजेंसियों के बीच मध्यस्थता कर रकम तय कराने में अहम भूमिका निभाई।
सूत्रों के मुताबिक शुरुआत में 1 करोड़ 30 लाख रुपये की मांग रखी गई थी, लेकिन करीब एक सप्ताह तक चली बातचीत के बाद 90 लाख रुपये में सौदा तय हुआ। पुलिस का दावा है कि सुपुर्दनामे से 11 दिन पहले यानी 19 मार्च से ही एलपीजी गबन की साजिश शुरू हो चुकी थी।
थाना सिंघोड़ा पुलिस ने दिसंबर 2025 में 6 एलपीजी गैस से भरे कैप्सूल ट्रकों को जब्त किया था। भीषण गर्मी और सुरक्षा कारणों से इन ट्रकों को सुरक्षित रखने के लिए जिला प्रशासन ने खाद्य विभाग के माध्यम से ठाकुर पेट्रोकेमिकल्स को सुपुर्द किया।
30 मार्च 2026 को खाद्य विभाग के अधिकारियों की मौजूदगी में ट्रकों को संतोष सिंह ठाकुर के सुपुर्द किया गया, जिसके बाद ट्रकों को रायपुर स्थित उरला प्लांट ले जाया गया। जांच में सामने आया कि सुपुर्द किए गए पांच ट्रकों में भरी करीब 87 टन एलपीजी गैस, जिसकी कीमत लगभग 77 लाख रुपये थी, का आपराधिक न्यास भंग करते हुए गबन कर लिया गया।
जांच में खुलासा हुआ कि सभी कैप्सूल खाली होने के बाद 6 से 8 अप्रैल के बीच तौल करवाई गई और फर्जी तौल पंचनामा तैयार किया गया। सबसे गंभीर बात यह रही कि मुख्य षड्यंत्रकारियों को ही पंचनामा का गवाह बनाया गया।
पुलिस के अनुसार आपदा की स्थिति का फायदा उठाते हुए गबन की गई एलपीजी गैस को 20 अलग-अलग एजेंसियों और संस्थानों को कच्चे बिल पर बिना GST के मनमाने दामों में बेचा गया। अप्रैल महीने में केवल 40 टन एलपीजी खरीदी गई, जबकि बिक्री 135 टन तक पहुंच गई।
मुख्य आरोपी संतोष सिंह ठाकुर और सार्थक सिंह ठाकुर लगातार रायपुर, कवर्धा, छुईखदान, कान्हा-किसली, कोलकाता, पुणे, मुंबई और कोल्हापुर जैसे शहरों में ठिकाने बदलते रहे। पुलिस की चार विशेष टीमें लगातार उनकी तलाश में जुटी थीं।
सैकड़ों CCTV फुटेज, टोल प्लाजा डेटा और तकनीकी विश्लेषण के आधार पर दोनों के महाराष्ट्र के कोल्हापुर स्थित न्यू चालुक्य होटल में छिपे होने की जानकारी मिली। इसके बाद स्थानीय पुलिस की मदद से दोनों को गिरफ्तार किया गया। आरोपी संतोष सिंह ठाकुर के पास से 20 हजार रुपये नकद भी बरामद किए गए।
इस मामले में अब तक कुल छह आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है। इससे पहले खाद्य अधिकारी अजय यादव, पंकज चंद्राकर, मनीष चौधरी और निखिल वैष्णव गिरफ्तार किए जा चुके हैं।
पुलिस का कहना है कि जांच अभी जारी है और आने वाले दिनों में कई नए नाम सामने आ सकते हैं। मामले में आपराधिक षड्यंत्र, कूट रचना, शासकीय संपत्ति की हेराफेरी और कालाबाजारी सहित बीएनएस और आवश्यक वस्तु अधिनियम की गंभीर धाराओं के तहत कार्रवाई की जा रही है।
भिलाई। शहर में गुरुवार को ईद उल अजहा की रौनक रही। सुबह 7 बजे से शहर की अलग-अलग मस्जिदों और ईदगाहों में नमाज शुरू कर दी गई थी। अलग-अलग वक्त में इन मस्जिदों-ईदगाहों में हजारों की तादाद में लोगों ने ईद की नमाज अदा की। इसके साथ ही तीन दिन तक चलने वाला कुर्बानी का सिलसिला शुरू हुआ। वहीं इस्पात नगरी भिलाई से हज पर गए जायरीनों का हज पूरा होने की खुशियां उनके घरवालों ने मनाई।
जामा मस्जिद सेक्टर-6 की ईदगाह में सुबह 8 बजे ईद की नमाज अदा की गई। भिलाई नगर मस्जिद ट्रस्ट के सदर मिर्जा आसिम बेग ने अपनी सालाना रिपोर्ट में मस्जिद में जारी कार्यों के साथ आवाम के सामने ट्रस्ट की आय-व्यय का ब्यौरा दिया। नमाज के बाद मुल्क में अमन व तरक्की की दुआएं की गईं। ईदगाह मैदान में मौजूद विभिन्न धर्म व समुदाय के प्रतिनिधियों ने मुस्लिम भाईयों को गले मिल कर ईद की मुबारकबाद दी। भिलाई नगर मस्जिद ट्रस्ट की ओर से सभी मेहमानों के लिए सेवइयों का इंतजाम भी किया गया।
नमाज के बाद घरों में कुर्बानी का सिलसिला शुरू हुआ। लोगों ने अपने अपने सामर्थ्य के अनुरूप बकरों की कुर्बानी दी। यह कुर्बानी लोग अपनी सुविधा अनुसार 29 व 30 मई तक करेंगे। हज के मुबारक सफर पर जायरीनों के घर भी खुशियों का माहौल रहा। लोगों ने फोन और वीडियो कॉल पर बात कर अपने परिजनों को हज पूरा होने की मुबारकबाद दी। इधर ईद की नमाज के बाद लोग कब्रिस्तान भी पहुंचे। जहां अपने परिजनों की कब्र पर फूल चढा कर फातिहा पढ़ी। ईद के मौके पर देर रात तक मुबारकबाद देने एक दूसरे के घरों में लोग पहुंचे। ईद की नमाज को देखते हुए यातायात पुलिस ने ईदगाहों और मस्जिदों के आगे सुबह से ही चाक चौबंद व्यवस्था कर रखी थी।
आज दुनिया में इंसानियत को जिंदा रखने की जरुरत: हाफिज कासिम
मर्कजी मस्जिद पावरहाउस कैम्प 2 मे ईदुल अजहा की नमाज इमाम हाफिज क़ासिम बस्तवी ने अदा करवाई। नमाज़ से पहले आवाम को खिताब करते हुए मौलाना जुनैद ने कहा कि हज़रत इब्राहिम अलैहिस्सलाम व उनके बेटे हज़रत इस्माईल अलैहिस्सलाम की कुर्बानी इंसानियत के लिए बड़ा पैगाम है कि अपनी महबूब प्यारी चीज को अल्लाह के राह में कुर्बान कैसे करें। उन्होंने कहा कि आज दुनिया में इंसानियत को जिंदा रखने की जरुरत है। अल्लाह के नबी हजरत मोहम्मद सल्लु अलैहिस्सलाम ने सादगी की जिंदगी अपनाने, दूसरों की खैर ख्वाही और अमन के लिए हमेशा कुरबानी की तालीम दी है, हमें उसी रास्ते पर चलना होगा। इस मौके सभी ने मिलकर अल्लाह से अपने गुनाहों की माफ़ी मांग कर नेक और सीधे रास्ते पर चलने, आपसी मोहब्बत-भाईचारा कायम करने के साथ मुल्क की तरक्की अमन-चैन की दुआएं की। इस मौके पर सदर मोहम्मद असलम, नायब सदर इमामुद्दीन पटेल, सेक्रेटरी सैय्यद असलम, खजांची निजामुद्दीन,नायब सेक्रेटरी मोहम्मद अकरम,नायब खजांची हाफिज महफूज, युसूफ सिद्दीकी, हाफिज अहमद, जफर कुरैशी,अलीम, मोहम्मद सोहेल मोहम्मद और अशरफ इनाम सहित बड़ी तादाद में मौजूद लोगों ने एक दूसरे को ईद उल अजहा की मुबारकबाद दी।
अमन की दुआएं की नमाजियों ने
शेर-ए-खुदा मस्जिद हाउसिंग बोर्ड ईदगाह में सुबह हज़रत अल्लामा मौलाना ताज़िम रज़ा मिस्बाही ने नमाज अदा करवाई। मस्जिद कमेटी के सदर हाजी ताहिर सिद्दीकी की तरफ से तमाम नमाज़ियों को दिली मोहब्बत के साथ ईद-उल-अज़हा की मुबारकबाद पेश की गई। ईद-उल-अज़हा की नमाज़ के बेहतर इंतज़ामात को देखते हुए जामुल थाना प्रभारी रामेन्द्र सिंह एवं थाना स्टाफ की गरिमामयी मौजूदगी रही। इस मौके पर हाजी एम. एच. सिद्दीकी, कमेटी के सरपरस्त इस्तेखार सिद्दीकी, रशीद खान, हाजी मुश्ताक अहमद, ज़ाकिर हुसैन, मोहम्मद, अब्दुल माजिद उर्फ गुड्डु भाई, सैय्यद इरफ़ान रिज़वी, जावेद खान, अहमद हुसैन उर्फ छोटू , रेयाज़ अहमद, फ़िरोज़ अहमद, मेराज अहमद खान, नज़ीर खान, अबरार रज़ा, आफ़ताब हुसैन, समर, सुब्हान अंसारी और फ़िरोज़ उस्ताद सहित तमाम लोगों ने अपनी भागीदारी दी।
पतंजलि योगपीठ हरिद्वार के मुख्य केंद्रीय प्रभारी स्वामी परमार्थ देव की रहेगी विशेष उपस्थिति
विभिन्न एकीकृत चिकित्सा पद्धतियों की जानकारी के साथ मिलेगा उपचार का अवसर भी
भिलाई। इस्पात नगरी भिलाई में तीन दिवसीय विशाल एकीकृत योग शिविर का आयोजन 30 मई से मनसा कॉलेज कुरूद रोड कोहका में किया जा रहा है। शिविर में तीनों दिन पतंजलि योगपीठ हरिद्वार के मुख्य केंद्रीय प्रभारी स्वामी परमार्थ देव की विशेष उपस्थिति रहेगी। पतंजलि योग समिति, भारत स्वाभिमान न्यास, पतंजलि युवा भारत और किसान सेवा समिति के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित इस तीन दिवसीय विशाल शिविर में सुबह 5:15 बजे से 7:30 बजे तक योग के माध्यम से निरोग रहने विविध योगासनों का प्रशिक्षण दिया जाएगा।
इस संदर्भ में भारत स्वाभिमान न्यास छत्तीसगढ़ प्रमुख अनूप बंसल और युवा भारत के प्रभारी जयंत भारती ने बताया कि शिविर में समूचे छत्तीसगढ़ से बड़ी संख्या में लोगों की उपस्थिति रहेगी वहीं एकीकृत चिकित्सा पद्धतियों में योग के साथ-साथ यज्ञ चिकित्सा, वॉटर थेरेपी और एक्यूप्रेशर के माध्यम से उपचार के संबंध में जानकारी दी जाएगी। इस दौरान चयनित लोगों का आयोजन स्थल पर उपचार भी किया जाएगा। यहां कार्यकर्ताओं को इन एकीकृत चिकित्सा पद्धतियों के बारे में विशेषज्ञों द्वारा विशेष प्रशिक्षण भी दिया जाएगा, जिसमें कार्यशाला में विभिन्न सत्र होंगे।
शिविर में स्वामी परमार्थ देव की उपस्थिति को विशेष उपलब्धि माना जा रहा है। आयोजकों ने बताया कि स्वामी परमार्थ देव 30 व 31 मई और एक जून को तीनों दिन योग शिविर की निगरानी करेंगे तथा शिविर में उपस्थित लोगों का मार्गदर्शन करेंगे। योग शिविर के अलावा स्वामी परमार्थ देव के अन्य कार्यक्रम भी रखे गए हैं। जिसमें 30 मई को राजनांदगांव में कार्यकर्ता सम्मेलन में भाग लेंगे। वहीं राजनांदगांव,बालोद, खैरागढ़ व मानपुर मोहला जिले के योग शिक्षकों एवं पदाधिकारियों के साथ विशेष बैठक करेंगे। इसी तरह 31 मई को भिलाई के योग शिविर में भाग लेने के साथ स्वामी परमार्थ देव आयोजन स्थल पर ही सुबह 8:00 बजे से 10:00 बजे तक कार्यकर्ता सम्मेलन को संबोधित करेंगे।
उल्लेखनीय है कि स्वामी परमार्थ देव, हरिद्वार स्थित पतंजलि योगपीठ और भारत स्वाभिमान (न्यास) के मुख्य केंद्रीय प्रभारी हैं। वह योग ऋषि स्वामी रामदेव के प्रमुख शिष्यों में से एक हैं और भारत भर में योग, आयुर्वेद और सनातन संस्कृति के प्रचार-प्रसार तथा योग शिविरों के संचालन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। वे पतंजलि परिवार (महिला पतंजलि, युवा भारत आदि) के माध्यम से आमजन और ग्रामीण क्षेत्रों तक योग विद्या को पहुँचाने के लिए निरंतर देशव्यापी शिविरों का नेतृत्व कर रहे हैं। आयोजकों ने बताया कि शिविर की सारी तैयारियां अंतिम चरण में है। उन्होंने ज्यादा से ज्यादा लोगों से इस नि:शुल्क योग शिविर का लाभ उठाने की अपील की है। आयोजन की तैयारियों में नरेंद्र पटेल, शंभू प्रसाद कुशवाहा, पिंकी चौधरी, प्रतिभा, उर्वशी शर्मा, प्रीति त्रिपाठी, मुरलीधर साहू, संदीप, दिनेश शर्मा, देवेश सिंह साहू, भावेश साहू, राजेश तिवारी, तिजाऊ राम साहू और बलवंत सिंह सहित अन्य लोग जुटे हैं।
Feb 09, 2021 Rate: 4.00
