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धर्म संसार / शौर्यपथ / प्रभु यीशु के जन्म की ख़ुशी में मनाया जाने वाला क्रिसमस का त्योहार पूरी दुनिया में मनाया जाता है। यह त्योहार कई मायनों में बेहद खास है। क्रिसमस को बड़ा दिन, सेंट स्टीफेंस डे या फीस्ट ऑफ़ सेंट स्टीफेंस भी कहा जाता है। प्रभु यीशु ने दुनिया को प्यार और इंसानियत की शिक्षा दी। उन्होंने लोगों को प्रेम और भाईचारे के साथ रहने का संदेश दिया। प्रभु यीशु को ईश्वर का इकलौता प्यारा पुत्र माना जाता है। इस त्योहार से कई रोचक तथ्य जुड़े हैं। आइए जानते हैं इनके बारे में।
क्रिसमस ऐसा त्योहार है जिसे हर धर्म के लोग उत्साह से मनाते हैं। यह एकमात्र ऐसा त्योहार है जिस दिन लगभग पूरे विश्व में अवकाश रहता है। 25 दिसंबर को मनाया जाने वाला यह त्योहार आर्मीनियाई अपोस्टोलिक चर्च में 6 जनवरी को मनाया जाता है। कई देशों में क्रिसमस का अगला दिन 26 दिसंबर बॉक्सिंग डे के रूप मे मनाया जाता है। क्रिसमस पर सांता क्लॉज़ को लेकर मान्यता है कि चौथी शताब्दी में संत निकोलस जो तुर्की के मीरा नामक शहर के बिशप थे, वही सांता थे। वह गरीबों की हमेशा मदद करते थे उनको उपहार देते थे। क्रिसमस के तीन पारंपरिक रंग हैं हरा, लाल और सुनहरा। हरा रंग जीवन का प्रतीक है, जबकि लाल रंग ईसा मसीह के रक्त और सुनहरा रंग रोशनी का प्रतीक है। क्रिसमस की रात को जादुई रात कहा जाता है। माना जाता है कि इस रात सच्चे दिल वाले लोग जानवरों की बोली को समझ सकते हैं। क्रिसमस पर घर के आंगन में क्रिसमस ट्री लगाया जाता है। क्रिसमस ट्री को दक्षिण पूर्व दिशा में लगाना शुभ माना जाता है। फेंगशुई के मुताबिक ऐसा करने से घर में सुख समृद्धि आती है। पोलैंड में मकड़ी के जालों से क्रिसमस ट्री को सजाने की परंपरा है। मान्यता है कि मकड़ी ने सबसे पहले जीसस के लिए कंबल बुना था।
रायपुर / शौर्यपथ / मुख्यमंत्री बघेल 20 जनवरी को अपने निवास कार्यालय में आयोजित कार्यक्रम में खाद्य प्रौद्योगिकी महाविद्यालय रायपुर सहित 05 उद्यानिकी महाविद्यालयों साजा, अर्जुन्दा, धमतरी, जशपुर और लोरमी और नवीन कृषि विज्ञान केन्द्र कोण्डागांव के ई- शुभारंभ के साथ ही प्रदेश के कृषि महाविद्यालयों, कृषि विज्ञान केन्द्रों और नवीन कृषि महाविद्यालयों में 109 करोड़ 77 लाख रूपए की लागत के अधोसंरचना विकास कार्यों का लोकार्पण और शिलान्यास करेंगे। इनमें 46 करोड़ 67 लाख रूपए की लागत के कार्यों का लोकार्पण और 63 करोड़ 10 लाख रूपए की लागत के कार्यों का भूमिपूजन और शिलान्यास शामिल हैं।
मुख्यमंत्री रायपुर में आयोजित कार्यक्रम में जिन कार्यों का ई-लोकार्पण करेंगे उनमें 9.81 करोड़ की लागत से कृषि महाविद्यालय एवं अनुसंधान केन्द्र बेमेतरा के महाविद्यालय भवन एवं छात्रावास भवन, 9.81 की लागत से कृषि महाविद्यालय एवं अनुसंधान केन्द्र राजनांदगांव में महाविद्यालय भवन एवं छात्रावास के साथ ही 12.75 करोड़ की लागत से निर्मित उद्यानिकी महाविद्यालय एवं अनुसंधान केन्द्र राजनांदगांव में महाविद्यालय भवन एवं छात्रावास भवन, कृषि विश्वविद्यालय रायपुर में 1.87 करोड़ रूपए की लागत से निर्मित कैन्टीन भवन, इसी प्रकार कबीरधाम के कषि महाविद्यालय एवं अनुसंधान परिसर में 36 लाख की लागत से बायोकन्ट्रोल लैब, बिलासपुर और भटापारा और बेमेतरा जिले के साजा में कृषि महाविद्यालय एवं अनुसांधान केन्द्रों में एक-एक करोड़ की लागत से हाईटेक नर्सरी, दुर्ग जिले के पहंदा के कृषि उद्यान केन्द्र में एक करोड़ 73 लाख रूपए की लागत से प्रशासनिक भवन एवं सीड प्रोसेसिंग भवन, कृषि विज्ञान केन्द्र गरियाबंद और बलरामपुर में 2 करोड़ 82 लाख रूपए से तैयार किए गए प्रशानिक भवन, कृषि विज्ञान केन्द्र दंतेवाड़ा में 50 लाख रूपए की लागत से निर्मित कड़कनाथ हैचरी और मशरूम भवन, कृषि विज्ञान केन्द्र राजनांदगांव में एक करोड़ 73 लाख रूपए की लागत से निर्मित प्रशासनिक भवन एवं सीड प्रोसेसिंग भवन, कृषि महाविद्यालय एवं अनुसंधान केन्द्र कबीरधाम में 2 करोड़ 29 लाख रूपए की लागत से निर्मित बालिका छात्रावास भवन शामिल हैं।
मुख्यमंत्री बघेल नवीन कृषि महाविद्यालयों और कृषि विज्ञान केन्द्रों में 63.10 करोड़ रूपए की लागत के कार्यों का भूमिपूजन और शिलान्यास भी करेंगे। इनमें कृषि महाविद्यालय एवं अनुसंधान केन्द्र मर्रा-पाटन, साजा, महासमुन्द, कुरूद, कोरबा और छुईखदान में 7.53-7.53 करोड़ रूपए की लागत से बनने वाले महाविद्यालय भवन, बालक एवं बालिका छात्रावास भवन इसी तरह कृषि महाविद्यालय रायपुर में 2.28 करोड़ रूपए की लागत से बनने वाले बालिका छात्रावास और कृषि महाविद्यालय एवं अनुसंधान केन्द्र भाटापारा में 2.28 करोड़ रूपए की लागत से बनने वाले बालक छात्रावास इसके अलावा सुकमा, कोण्डागांव, बालोद, बेमेतरा, मुंगेली और मैनपाट के कृषि विज्ञान केन्द्रों में 2.11-2.11 करोड़ रूपए की लागत से बनने वाले प्रशासनिक भवन एवं कृषक छात्रावास तथा 70 लाख रूपए की लागत से कृषि विज्ञान केन्द्र रायपुर में बनने वाले कृषक छात्रावास का शिलान्यास शामिल है।
जांजगीर-चांपा / शौर्यपथ / अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति अत्याचार निवारण अधिनियम 1989 एवं संशोधित अधिनियम 2016 के तहत गठित जिला स्तरीय सतर्कता एवं मानिटरिंग समिति की बैठक 22 जनवरी को दोपहर 12 बजे कलेक्टर कार्यालय सभाकक्ष में आयोजित की गई है। बैठक में अनुसूचित जाति जनजाति अत्याचार निवारण अधिनियम के क्रियान्वयन के संबंध में समीक्षा की जाएगी। हाथ से मैला ढोने उठाने वाले कर्मियों के नियोजन का प्रतिषेध और उनके पुनर्वास अधिनियम- 2013, के तहत गठित जिला स्तरीय सतर्कता एवं मानिटरिंग समिति की बैठक भी साथ में आयोजित की जाएगी। समिति के सदस्य सचिव सहायक आयुक्त आदिवासी विकास ने सभी संबंधित अधिकारियों को आवश्यक जानकारी के साथ उपस्थित होने का आग्रह किया है।
जांजगीर-चांपा / शौर्यपथ / कलेक्टर यशवंत कुमार ने आज जिला कार्यालय में आयोजित समय सीमा बैठक में कहा कि 26 जनवरी को गणतंत्र दिवस गरिमामय और हर्षोल्लास पूर्वक मनाया जाएगा। उन्होंने आयोजन में राज्य सरकार के समान्य प्रशासन विभाग के निर्देशों का कड़ाई से पालन करने के निर्देश दिए। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि यह राष्ट्रीय पर्व विभाग के उत्कृष्ट कार्य करने वाले कर्मचारियों को प्रोत्साहित करने का अच्छा अवसर है। वे विभाग के लिए महत्वपूर्ण होते है। कलेक्टर ने कहा कि ऐसे कर्मचारियों को गणतंत्र दिवस के अवसर पर सम्मानित करवाने सूची तत्काल जिला कार्यालय को उपलब्ध कराएं।
कलेक्टर ने समर्थन मूल्य पर धान खरीदी की समीक्षा करते हुए कहा कि अब तक जिले में किसानों से समर्थन मूल्य पर 93 प्रतिशत धान खरीदी पूरी हो गई है। अब शेष धान खरीदी पर सतकर्ता जरूरी है। उन्होंने कहा कि धान खरीदी के दौरान गड़बड़ी की शिकायतों की जांच गंभीरता पूर्वक शीघ्र करें। कलेक्टर ने कहा कि धान खरीदी में किसी भी स्तर पर गड़बड़ी पायी जाने पर तत्काल एफआईआर दर्ज कराने की कार्यवाही सुनिश्चित की जाये। कलेक्टर ने जिला अधिकारियों से कहा कि आम जनता से प्राप्त आवेदनों का समय सीमा में नियमानुसार निराकरण सुनिश्चित करें। निराकरण पश्चात् आवेदकों को इसकी लिखित सूचना भी अवश्य दें। समय सीमा के पश्चात लंबित प्रकरणों पर की गई अनुशासनात्मक कार्यवाई के लिए संबंधित अधिकारी जिम्मेदार होंगे। कलेक्टर ने कहा कि न्यायालय द्वारा जारी किए गए आदेश और वरिष्ठ कार्यालयों से प्राप्त निर्देश पर समयसीमा में कार्यवाही कर पालन प्रतिवेदन प्रस्तुत करें।
बैठक में वनमंडलाधिकारी श्रीमती प्रेमलता यादव, जिला पंचायत सीईओं गजेन्द्र सिंह ठाकुर, अपर कलेक्टर श्रीमती लीना कोसम, एस.एस. पैकरा, आरआई श्रीमती मंजूलता केरकट्टा सहित विभागीय अधिकारी उपस्थित थे।
रायपुर / शौर्यपथ /नशा मुक्ति एवं तंबाकू निषेध को लेकर मितानिन और स्वास्थ्य केंद्र पर आये लाभार्थियों समूह चर्चा (एफजीडी) की गई । समूह चर्चा का मुख्य उद्देश्य लोगों को तंबाकू और नशे से होने वाले नुकसान के बारे में जागरूक करना था । इस अवसर परउपस्थित लोगों को मास्क और सेनेटाइज़र का वितरण भी किया गया साथ ही भारत सरकार द्वारा जारी कोविड-19 की गाइडलाइन का पालन भी किया गया।
समूह चर्चा के दौरान मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ.मीरा बघेल ने कहा,“तंबाकू का सेवन स्वास्थ्य के लिए घातक है। स्मोकिग से सबसे ज्यादा फेफड़ों के कैंसर होने की संभावना होती है। इसलिए बेहतर स्वास्थ्य के लिए लोगों को तंबाकू का सेवन बिलकुल नहीं करना चाहिए । कोरोना के संक्रमण काल में चार बातों को जानना बेहद महत्वपूर्ण है । तंबाकू या धुम्रपान से कोरोना का कनेक्शन यह है कि यह फेफड़ों को कमजोर करता है, जिससे वायरस का संक्रमण गंभीर हो सकता है । सिगरेट,सीगार, बीड़ी, वाटरपाइप और हुक्का पीने वालों में कोविड-19 का रिस्क ज्यादा होता है । तंबाकू चबाने व सिगरेट पीने वालों में कोरोना हाथ से मुंह तक पहुंच सकता है । संक्रमित के तंबाकू चबाने के बाद थूकने पर वायरस अन्य लोगों को भी जकड़ सकता है” ।
शहरी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (यूपीएचसी) भाटागांव के प्रभारी डॉ. किशोर सिन्हा ने कहा,“गुटखा, तंबाकू व शराब आदि का सेवन करने से कैंसर जैसी गंभीर बीमारी को बढ़ावा मिलता है। कुछ घंटों के शौक के लिए किये जाने वाले इस नशे से कैंसर हो सकता है साथ ही व्यक्ति बाद में आर्थिक रूप से भी बर्बाद होता है। बीमारी जड़ से भी खत्म होने की गारंटी नहीं होती। ऐसे में सभी को संकल्प लेना चाहिए कि नशे से दूर रहे और दूसरों को भी यह सलाह दें”।
समूह चर्चा के दौरान जिला सलाहकार डॉ. सृष्टि यदु ने सभी को तंबाकू का सेवन न करनेकी शपथ दिलाई, साथ ही कोटपा अधिनियम 2003 के बारे में जानकारी भी दी। ग्लोबल एडल्ट टोबैको सर्वे 2016-17 का उदाहरण देते हुए उन्होंने बताया,“छत्तीसगढ़ में 39.1 प्रतिशत लोग किसी न किसी प्रकार से तंबाकू का सेवन करते हैं। यह देश की औसत 28.4 प्रतिशत से अधिक है। इसमें से 7 प्रतिशत लोग ऐसे थे जिन्होंने 15 वर्ष की उम्र से पहले ही तम्बाकू का सेवन शुरू किया था। 29 प्रतिशत ने 15-17 वर्ष की उम्र से और 35.4 प्रतिशत ने 18-19 वर्ष में सेवन शुरू किया। यानी औसतन 18.5 वर्ष की आयु में तंबाकू का सेवन शुरू किया था”।
जिला कार्यक्रम प्रबंधक रायपुर मनीष मेजरवार ने कहा, “स्वास्थ्य कर्मी व मितानिन गांवों के लोगों को जागरूक करें जिससे लोग तंबाकू से दूर हों। सिगरेट में निकोटिन सहित कई विषैले पदार्थ पाए जाते है। जिससे हार्ट अटैक, स्ट्रोक जैसी कई समस्या हो सकती है जिसके कारण बोलने की शक्ति, सुनने की क्षमता, आंशिक अंधापन की समस्या हो सकती है। धूम्रपान न करने वालों की तुलना में धूम्रपान करने वालों में स्ट्रोक होने की संभावना तीन गुना अधिक होती है”। नेहा सोनी सोशल वर्कर ने बताया,“तंबाकू में पाए जाने वाला ग्लूकोज आपके पाचन तंत्र को बिगाड़ सकता है। जो बाद में डायबिटीज का कारण भी बन सकताहै। दरअसल धुएं में आर्सेनिक, फार्मलाडिहाइड और अमोनिया शामिल होते हैं। यह रसायन खून में शामिल होकर आंखों के नाजुक ऊतकों तक पहुंचते हैं जिससे रेटीना कोशिकाओं की संरचना को नुकसान होता है। अल्जाइमर का खतरा भी बढ जाता है”।
काउंसलर अजय कुमार बैस ने कहा,“नशा छुड़ाने का प्रयास किया जा सकता है।समय रहते नशा छोडने से मन और शरीर स्वस्थ रहता है। धूम्रपान करने वाले दोनों पुरुष और महिलाओं में डिमेंशिया या अल्जाइमर जैसे रोग होने की संभावना अधिक होती है। इसमें मानसिक पतन का अनुभव भी कर सकते हैं। सिगरेट में मौजूद निकोटीन मस्तिष्क के लिए हानिकारक है और डिमेंशिया या अल्जाइमर रोग की शुरुआत करता है”।
खेल / शौर्यपथ / युवा सलामी बल्लेबाज शुभमन गिल (91), टीम इंडिया की दीवार चेतेश्वर पुजारा (56) और प्रतिभाशाली विकेटकीपर बल्लेबाज ऋषभ पंत (नाबाद 89) की करिश्माई बल्लेबाजी से भारत ने ब्रिसबेन के गाबा मैदान में ऑस्ट्रेलिया को चौथे और अंतिम क्रिकेट टेस्ट के पांचवें दिन मंगलवार को तीन विकेट से हराकर नया इतिहास रच दिया। भारत ने पहली बार ब्रिसबेन में टेस्ट जीत हासिल की और चार मैचों की सीरीज को 2-1 से जीत लिया। इस मैच में जीत दर्ज करते ही भारत ने एडिलेड मैदान पर 36 पर ऑलआउट होने के डर और गाबा मैदान पर ऑस्ट्रेलिया की 32 साल की बादशाहत भी खत्म कर दी। ऑस्ट्रेलिया ने अपनी धरती पर गाबा में आखिरी बार साल 1989 में हार का मुंह देखा था। इसके बाद से ही कंगारू टीम को यहां कभी कोई हरा नहीं पाया था।
भारत की गाबा मैदान में सात टेस्ट मैचों में यह पहली जीत है। भारत ने इस मैदान पर अपने पिछले छह टेस्ट मैचों में पांच हारे थे और एक ड्रॉ खेला था। गाबा मैदान में भारत की ऐतिहासिक जीत के तीन बड़े हीरो रहे। शुभमन, पुजारा और पंत ने मैच के अंतिम दिन ऐसी बल्लेबाजी की जिसे लंबे समय तक याद रखा जाएगा। शुभमन ने 146 गेंदों में आठ चौकों और दो छक्कों की मदद से 91 रन की आक्रामक पारी खेली जिसने भारत को जीत का आधार दिया। पुजारा ने चट्टान की तरह एक छोर संभाल कर खेलते हुए 211 गेंदों में सात चौकों के सहारे 56 रन बनाए।
पुजारा की इस पारी ने भी टीम इंडिया को मजबूती प्रदान की और पंत ने 138 गेंदों में नौ चौकों और एक छक्के की मदद से नाबाद 89 रन बनाकर मुकाबले में भारत की जीत की मुहर लगा दी। उनके अलावा कप्तान अजिंक्य रहाणे ने 24, मयंक अग्रवाल ने नौ रन और वॉशिंगटन सुंदर ने 29 गेंदों में दो चौकों और एक छक्के के सहारे 22 रन बनाए। ऑस्ट्रेलिया अपनी पूरी ताकत के साथ गेंदबाजी करने के बावजूद टीम इंडिया के हौंसलों को नहीं डगमगा पाया और भारत ने 2-1 की जीत के साथ ऑस्ट्रेलिया दौरा समाप्त किया। भारत ने इस दौरे में वनडे सीरीज 1-2 से गंवाई लेकिन फिर वापसी करते हुए टी-20 सीरीज 2-1 से और टेस्ट सीरीज 2-1 से जीत ली।
भारत को इस मुकाबले को जीतने के लिए 328 रन का लक्ष्य मिला था। भारत ने सुबह जब बिना कोई विकेट खोए चार रन से अपनी पारी को आगे बढ़ाया तो किसी को उम्मीद नहीं थी कि भारत चौथी पारी में इतने मुश्किल लक्ष्य को हासिल कर लेगा। भारतीय बल्लेबाजों ने आखिर में करिश्मा कर दिखाया जिसका करोड़ों देशवासियों को इंतजार था। भारत ने 97 ओवर में सात विकेट पर 329 रन बनाकर ऐतिसाहिक जीत दर्ज की।
मनोरंजन/ शौर्यपथ / वेब सीरीज मिर्ज़ापुर के निर्माताओं के खिलाफ कथित रूप से धार्मिक भावनाएं आहत करने, अपमानजनक सामग्री और अवैध संबंध दिखाने के साथ-साथ में यूपी के इस शहर की छवि खराब करने को लेकर एक एफआईआर दर्ज की कराई गई है। आपको बता दें कि हाल ही में अमेज़न प्राइम पर आई एक दूसरी वेब सीरीज ताडंव के खिलाफ धार्मिक भावनाएं आहत करने को लेकर एफआईआर दर्ज की गई है और सोशल मीडिया पर इसको लेकर बड़ा बवाल चल रहा है। इसी बीच कुछ दिनों पहले ही आई वेब सीरीज मिर्ज़ापुर को लेकर भी ऐसा ही कुछ होने की आशंका नजर आ रही है।
यह एफआईआर 'मिर्ज़ापुर' के निर्माता रितेश सिधवानी, फरहान अख्तर और भौमिक गोंदालिया के खिलाफ आईपीसी की धारा 295 ए (जानबूझकर और दुर्भावनापूर्ण कृत्य, अपने धर्म या धार्मिक विश्वासों का अपमान करके किसी भी वर्ग की धार्मिक भावनाओं को अपमानित करने के उद्देश्य से), 504 (जानबूझकर अपमान करने के इरादे से अपमानित करना शांति भंग), 505 (सार्वजनिक दुर्व्यवहार के लिए जिम्मेदार) और आईटी अधिनियम की धाराओं के साथ दर्ज की गई है।
यह एफआईआर मिर्ज़ापुर के देहात कोतवाली में अरविंद चतुर्वेदी के शिकायत पर दर्ज की गई है। इंडियन एक्सप्रेस की एक रिपोर्ट के मुताबिक, मिर्ज़ापुर के एसपी अजय कुमार ने बताया, "शिकायतकर्ता अरविंद चतुर्वेदी का आरोप है कि वेब सीरीज में अपमानजनक, गाली-गलौज से भरी सामग्री और अवैध संबंधों को दिखाया गया है। ऐसे में इस शिकायत के आधार पर प्रोड्यूडर और प्लेटफॉर्म पर एफआईआर दर्ज कर ली गई है।"
मिर्ज़ापुर के दूसरे सीज़न का प्रीमियर अमेजॉन प्राइम पर पिछले साल अक्टूबर में हुआ था। यह पूरी वेब सीरीज पंकज त्रिपाठी के इर्द-गिर्द घूमती नजर आती है, जिन्होंने सीरीज में कालीन भैया के नाम से एक स्थानीय डॉन की भूमिका निभाई है। सीरीज के इस दूसरे सीजन में एक किरदार गुड्डू पंडित (अली फज़ल) कालीन भैया के बेटे और वारिस मुन्ना त्रिपाठी (दिव्येंदु शर्मा) से अपने परिवार के सदस्यों की मौत का बदला लेते नजर आते हैं।
इस सीरीज की समीक्षा करते हुए हिंदुस्तान टाइम्स ने लिखा, "हिंदी सिनेमा के कुछ बेहतरीन अभिनेताओं के साथ काम करने वाले एक शो में, पंकज एक अलग अंदाज में नजर आ रहे हैं। अपने को अलग तरह की शांत रहकर भी अभिव्यक्त करते हुए वह सारीज के स्टार भी बने हुए हैं। हालांकि उनके साथ इस सीरीज में काम करने वालों ने भी अच्छा काम किया है। अली फज़ल ने इसमें गुड्डू वहीं श्वेता त्रिपाठी ने गोलू की भूमिका अदा की है।"
मनोरंजन /शौर्यपथ / बॉलीवुड एक्ट्रेस कंगना रनौत अपनी नई फिल्म धाकड़ को लेकर सुर्खियों में हैं। रविवार को कंगना ने फिल्म का पोस्टर शेयर किया था, जिसमें वह एक्शन अवतार में नजर आई थीं। अब इस फिल्म से अर्जुन रामपाल का लुक सामने आया है, जो निगेटिव रोल निभा रहे हैं। उन्होंने इंस्टाग्राम पर फिल्म से अपने लुक की झलक दिखाई है।
पोस्टर में अर्जुन रामपाल खतरनाक लुक में दिख रहे हैं। वह फिल्म में रुद्रवीर के रोल में नजर आएंगे, जिसका सामना कंगना के किरदार से होगा। फोटो में अर्जुन रामपाल लेदर जैकेट पहने दिख रहे हैं और उनके शरीर में बने ढेर सारे टैटू नजर आ रहे हैं। अर्जुन रामपाल ने अपने लुक को शेयर करते कैप्शन में लिखा, ''शैतान का नया नाम है, रुद्रवीर। इस किरदार को लेकर बहुत एक्साइटेड हूं। यह एक ही समय में खतरनाक, घातक और कूल है। यह रहा मेरा पहला लुक। धाकड़ 1 अक्टूबर को सिनेमाघरों में दस्तक देगी।''
इससे पहले कंगना ने अपना लुक शेयर करते लिखा था, ''वह डरती नहीं है और तेज है। वह एजेंट अग्नि है। भारत की पहली महिला-प्रधान एक्शन फिल्म धाकड़, थिएटर्स में रिलीज हो रही है 1 अक्टूबर 2021 को।'' इससे पहले कंगना ने अपनी इस फिल्म को लेकर कहा था कि यह 'बहुप्रशंसित अंतर्राष्ट्रीय एक्शन क्रू' धाकड़ फिल्म पर काम कर रहा है जो एक वर्ल्ड क्लास स्पाई थ्रिलर फिल्म होगी।
बता दें कि कंगना की इस फिल्म का निर्देशन रजनीश रैजी घई ने किया है। दीपक मुकुट और सोहेल मलकई फिल्म के प्रोड्यूसर हैं। फिल्म में कंगना और अर्जुन के अलावा दिव्या दत्ता भी अहम किरदार में नजर आएंगी। यह पहली फिल्म है, जिसमें कंगना का खतरनाक एक्शन और स्टंट करती दिखाई देंगी।
*राजशेखर नायर/* धमतरी ब्यूरो/ *दैनिक शौर्यपथ समाचार*
बुधवार के देर रात नगरी के वार्ड नं 2 में संचालित अवैध ईट भट्टों को हाथियों के झुंड ने नुकसान पहुंचाया ।
वार्ड 2 में क ई अवैध इंट भट्टों का संचालन हो रहा।
जिससे जंगल व पर्यावरण को गंभीर क्षति पहुंच रही है।
अवैध ईंट भट्टों के संचालकों पर किसी तरह की कार्रवाई नहीं हो रही हैं जिसके चलते इनका हौसला बढ़ा हुआ है।
लगता है कि हाथियों को यह बात पसंद नहीं आई ।
इंट भट्टों को नुकसान पहुँचाकर,
संदेश दिया की जंगलों की सुरक्षा की जाए व पर्यावरण की रक्षा की जाए।
नगरी वार्ड 2 के जंगल में चल रहे अवैध इंट करोबार व शासकिय भूमि पर किये जा रहे कब्जे की ओर शासन का ध्यानाकर्षित किया।
राज शेखर नायर/धमतरी ब्यूरो/ दैनिक शौर्यपथ समाचार
भारत में हर वर्ष सड़क हादसों में हज़ारों लोग अपनी जान गवां देते हैं।
पुलिस अधिक्षक राजभानु के निर्देशन में ,नगरी पुलिस अनुविभागीय अधिकारी नितीश ठाकुर के मार्गदर्शन में
सड़क दुर्घटनाओं कमी लाने के उद्येश्य से सिहावा पुलिस द्वारा राष्ट्रीय सड़क सुरक्षा व जागरूकता सप्ताह मनाया।
जिसके तहत वर्तमान सिहावा थाना प्रभारी, सहायकनिरक्षक राधेश्याम बंजारे के नेतृत्व में बाईक रैली निकालकर आम लोगों को यातायात से जुड़े नियमों के बारे में जानकारी दी गई।
दो पहिया वाहन चलाते समय हेलमेट पहने, शराब/मादक पदार्थों का इस्तेमाल से बचने, मोबाइल पर बात करने से बचने, वाहनों में जरुरत से अधिक यात्री, वैध गति से अधिक तेज़ गाड़ी चलाने और थकान आदि होना वाहन चलाने से बचने की समजाई दी
Feb 09, 2021 Rate: 4.00
