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दुर्ग / शौर्यपथ / प्रदेश की वर्तमान कांग्रेस सरकार के द्वारा लगातार प्रदेश के अन्नदाता भाइयों की धान की खरीदी को लेकर लगातार नए-नए प्रपंच कर बाधा उत्पन्न कर रहे हैं इसके विरोध स्वरूप भारतीय जनता पार्टी प्रदेश नेतृत्व के आह्वान पर दुर्ग जिला भाजपा के द्वारा विधानसभा स्तर से लेकर जिला स्तर तक के धरना प्रदर्शन की तारीख तय कर दी गई है साथ ही साथ आयोजित होने वाले धरना प्रदर्शन को लेकर प्रभारियों की भी नियुक्ति की तय कर दी गई है। जिला भाजपा कार्यालय में आयोजित हुई बैठक में जिसमें प्रमुख रूप से दुर्ग जिला भाजपा संगठन प्रभारी पुरेंद्र मिश्रा के द्वारा प्रदेश संगठन के द्वारा विधानसभा स्तर से लेकर जिला स्तर तक के धरना प्रदर्शन जानकारी दी गई
आयोजित होने वाले धरना प्रदर्शन के बारे में भाजपा जिला अध्यक्ष डॉ शिवकुमार तमेर ने जानकारी देते हुए बताया कि प्रदेश नेतृत्व के द्वारा आहवनीत कार्यक्रम जिले स्तर से लेकर विधान सभा स्तर तक किए जायेंगे आगामी 22 जनवरी को जिला स्तरीय धरना प्रदर्शन किया जाएगा जिसके लिए प्रभारी के रूप में भाजपा प्रदेश मंत्री उषा टावरी एवं सह प्रभारी भाजपा जिला महामंत्री ललित चंद्राकर होंगे 13 जनवरी को विधानसभा स्तर की धरना प्रदर्शन किया जाएगा तथा 22 जनवरी को जिला स्तरीय धरना प्रदर्शन कार्यक्रम किया जाएगा दुर्ग शहर विधानसभा स्तर कार्यक्रम के लिए चंद्रिका चंद्राकर को प्रभारी घोषित किया गया तथा सह प्रभारी के रूप में अजय वर्मा आयोजीत धरना प्रदर्शन में मुख्य वक्ता के रूप में, राज्यसभा सांसद डॉ सुश्री सरोज पाण्डेय जी उपस्थित रहेंगी दुर्ग ग्रामीण विधानसभा के लिए जागेश्वर साहू प्रभारी एवं सह प्रभारी के रूप में प्रेम लाल नायक मुख्य वक्ता के रूप में राज्यसभा सांसद डॉ सरोज पाण्डेय पूर्व कैबिनेट मंत्री रमशीला साहू उपस्थित रहेंगी, अहिवारा विधानसभा प्रभारी के रूप में नटवर ताम्रकार एवं सह प्रभारी दिलीप पटेल मुख्य वक्ता के रूप में लोकसभा सांसद विजय बघेल, पूर्व विधायक सावला राम डहरे , डोमन लाल कोसेवाड़ा, पाटन विधानसभा क्षेत्र के लिए प्रभारी के रूप में देवेंद्र सिंह चंदेल एवं सह प्रभारी हर्षा लोकमनी चंद्राकर मुख्य वक्ता के रूप में विजय बघेल लोकसभा सांसद साजा विधानसभा क्षेत्र प्रभारी के रूप में रमन यादव एवं सह प्रभारी रोहित सिंग एवं मुख्य वक्ता के रूप में पूर्व विधायक लाभचंद बाफना उपस्थित रहेंगे आयोजित धरना प्रदर्शन में जिला स्तर से लेकर बूथ स्तर तक कार्यकर्ता सम्मिलित होंगे जो सरकार के खिलाफ अन्नदाता भाइयों के साथ हो रही अन्याय के खिलाफ पुरजोर आवाज उठाएंगे।
बौखलाहट में मोदी सरकार के खिलाफ ही आंदोलन करवाने में लगे है रमन सिंह - कांग्रेस
रमन सिंह गरीब विरोधी, किसान विरोधी, छत्तीसगढ़ विरोधी तो रहे ही अब मोदी विरोध पर भी उतर आये हैं : कांग्रेस
रमन सिंह जो-जो असंभव कहते रहे कांग्रेस ने कर दिखाया
2500 धान का दाम, कर्जमाफी और 80 लाख टन धान खरीदी हर साल
कांग्रेस सरकार ने कर दिखाया तो रमन सिंह और भाजपा के हाथों से तोते उड़ गये
बौखलाहट में मोदी सरकार के खिलाफ ही आंदोलन करवाने में लगे है रमन सिंह
रायपुर / शौर्यपथ / भाजपा के किसान आंदोलन की घोषणा पर तंज कसते हुये प्रदेश कांग्रेस उपाध्यक्ष गिरीश देवांगन और प्रदेश कांग्रेस संचार विभाग के अध्यक्ष शैलेश नितिन त्रिवेदी ने कहा है कि भाजपा पहले यह तो छत्तीसगढ़ के किसानों को बतायें कि यह आंदोलन दिल्ली में मोदी सरकार के किसान विरोधी काले कानूनों के खिलाफ है या फिर छत्तीसगढ़ में राजीव गांधी किसान न्याय योजना के जरिए धान, मक्का, गन्ना उत्पादकों की दी जा रही प्रति एकड़ 10 हजार सहायता राशि के खिलाफ है क्योंकि भाजपा के नेता किसानों को समर्थन मूल्य के अलावा अतिरिक्त राशि का सहायता देने का विरोध कर रहे। भाजपा मोदी सरकार के खिलाफ मैदान में उतरे किसानों को समझाने में विफल हो चुकी है और षड़यंत्र कर किसानों के खिलाफ माहौल बनाने में जुटी है। जिसने 3 लाख 50 हजार गठान जूट बोरी नहीं देकर छत्तीसगढ़ में धान खरीदी में विघ्न डालने की फिर से कोशिश की है।
प्रदेश कांग्रेस उपाध्यक्षऔर प्रदेश कांग्रेस संचार विभाग के अध्यक्ष ने कहा है कि रमन सिंह जो-जो असंभव कहते रहे कांग्रेस ने कर दिखाया। 2500 धान का दाम, कर्जमाफी और 85 लाख मीट्रिक टन धान खरीदी। हर साल कांग्रेस सरकार ने कर दिखाया तो रमन सिंह और भाजपा के हाथों से तोते उड़ गये। रमन सिंह बौखलाहट में गरीब विरोधी, किसान विरोधी, छत्तीसगढ़ विरोधी कृत्य कर रहे है।
प्रदेश कांग्रेस उपाध्यक्ष गिरीश देवांगन और प्रदेश कांग्रेस संचार विभाग के अध्यक्ष शैलेश नितिन त्रिवेदी ने कहा है कि वर्ष 2013 के विधानसभा चुनावों के पूर्व जारी घोषणा पत्र में कांग्रेस द्वारा किसानों से उनका धान 2000 रू. प्रति क्विंटल की दर से खरीदने का वादा किया गया था। कांग्रेस को मिल रहे किसानों के समर्थन से घबराकर डॉ. रमन सिंह ने उसी समय 2100 रू. प्रति क्विंटल की दर से धान खरीदने का संकल्प लिया था तथा प्रतिवर्ष 300 रू. प्रति क्विंटल बोनस भी देने का वादा किया था। 2013 में सरकार बनाने के बाद राज्य के किसानों को डॉ. रमन सिंह ने सिर्फ धोख दिया।
प्रदेश कांग्रेस उपाध्यक्ष गिरीश देवांगन और प्रदेश कांग्रेस संचार विभाग के अध्यक्ष शैलेश नितिन त्रिवेदी ने कहा है कि वर्ष 2003 से 2018 के बीच 15 साल में राज्य में सिंचाई के साधनों के विकास के नाम पर रमन सिंह सरकार ने 18000 करोड़ रूपये खर्च किये गये किन्तु सिंचाई का वास्तविक में 25 हजार हेक्टेयर का ही हो पाया है। पूरी राशि कमीशनखोरी, भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ गयी। राज्य की जनता की गाढ़ी कमाई की ऐसी लूट खसोट कभी देखी सुनी नहीं गयी होगी। किसानों एवं कृषि के लिये सिंचाई का महत्व किसी को बताने की आवश्यकता नहीं है।
2018 में विधानसभा चुनावों के पूर्व किसानों से कांग्रेस ने वादा किया था कि हम उनके कृषि कर्ज माफ करेंगे तब डॉ. रमन सिंह ने कहा था कि ऋण माफी की घोषणा छलावा मात्र है इसका क्रियान्वयन संभव नहीं है। हमारी सरकार ने वादे के अनुसार ऋण माफी करके दिखाई। डॉ. रमन िंसह ने कहा था कि 2500 रू. प्रतिक्विंटल की दर से धान खरीदने की घोषणा चुनावी वादा मात्र है। इसका क्रियान्वयन संभव नहीं है। हमारी सरकार ने न केवल रिकार्ड 85 लाख मीट्रिक टन धान क्रय किया बल्कि अपना वादा निभा कर दिखाया। वर्ष 2014 में जब केन्द्र में भाजपा की सरकार बनी तो सबसे पहले उन्होने बोनस देने पर प्रतिबंध लगाया। जिस डॉ. रमन सिंह ने केन्द्र की भाजपा सरकार को दिखावे के तौर पर बोनस जारी रखने का दिखावा किया। किन्तु केन्द्र की आड़ लेकर खुद की घोषणा के विपरीत किसानों को बोनस देना बंद कर दिया। वह आज किसानों को फिर से धोखा देने में लगे है।
प्रदेश कांग्रेस उपाध्यक्ष गिरीश देवांगन और प्रदेश कांग्रेस संचार विभाग के अध्यक्ष शैलेश नितिन त्रिवेदी ने कहा है कि राज्य से केन्द्रीय पूल में 60 लाख मीट्रिक टन चावल लिये जाने की लिखित सहमति के बाद भी मात्र 24 लाख टन चावल लेने का अनुमति राज्य के किसानों के साथ अन्याय है। केन्द्र द्वारा पूर्व घोषणा के अनुसार बारदाने उपलब्ध न कराना भी दुर्भाग्यजनक है। डॉ. रमन सिंह में जरा भी नैतिकता बाकी है तो उन्हें चाहियें कि केन्द्र सरकार से पूर्व निर्धारित घोषणा के अनुरूप 60 लाख मीट्रिक टन चावल राज्य से ले। किसानों के जख्मों पर सिर्फ नमक छिड़कने एवं घड़ियाली आंसू बहाना बंद करें। कांग्रेस की सरकार किसानों से अपने किये वादे को अवश्य पूरा करेगी। राज्य के किसान इस हेतु पूर्णतः आश्वस्त है। वर्ष 2017-18 में विधानसभा चुनाव निकट आने पर डॉ. रमन सिंह ने पुनः केन्द्र सरकार से कहा कि किसानों के हितों को देखते हुये उन्हें 300 रू. प्रति क्विंटल प्रोत्साहन राशि देने की अनुमति दी जाये। यह राशि प्रोत्साहन राशि है, बोनस नहीं। केन्द्र सरकार ने रमन सरकार के अनुरोध को स्वीकार कर प्रोत्साहन राशि दिये जाने की स्वीकृति दे दी। जब कांग्रेस की छत्तीसगढ़ सरकार ने किसानों को 10,000 रू. प्रति एकड़ प्रोत्साहन राशि इनपुट सब्सिडी देना आरंभ का निर्णय करा दिया।
बेमेतरा / शौर्यपथ / भारतीय जनता पार्टी प्रदेश अनुसूचित जाति मोर्चा के कार्यकारणी की घोषणा विगत दिनों मोर्चा के अध्यक्ष नवीन मार्कण्डेय द्वारा किया गया, जिसमें बेमेतरा जिला को प्राथमिकता देते हुए कई नेताओं को प्रदेश में महत्वपूर्ण दायित्व दिए गए। बेमेतरा जिले को इस बार प्रदेश महामंत्री एवं प्रदेश कार्यकारणी सदस्य जैसे पदों पर प्रतिनिधित्व मिला है। पुर्व में प्रदेश मंत्री रहे दयावंत धर बांधे को इस बार प्रदेश महामंत्री, देवादास चतुर्वेदी को मोर्चा के जिलाध्यक्ष एवं मधु रॉय,तोपसिंग टण्डन व राजकुमार देशलहरा को प्रदेश कार्यकारणी सदस्य बनाया गया है। बेमेतरा जिले से चार नेताओ को प्रदेश एससी मोर्चा में स्थान दिए जाने को लेकर जिला भाजपा के पदाधिकारी काफी उत्साहित है।
बेमेतरा जिलाध्यक्ष ओमप्रकाश जोशी ने कहा कि हम प्रदेश अध्यक्ष विष्णु देव साय, प्रदेश संगठन महामंत्री पवन साय एवं प्रदेश एससी मोर्चा अध्यक्ष नवीन मार्कण्डेय के आभारी है कि उन्होंने प्रदेश में बेमेतरा को प्रतिनिधित्व दिया है। हमारे लिए गौरव का विषय है कि जिले के 4 नेता आज प्रदेश में बेमेतरा का नेतृत्व करेंगे, इससे जिले में भी संगठन को अनुसूचित जाति समाज को पार्टी से औऱ अधिक मजबूती से जोड़ने के लिए बल मिलेगा। उन्होंने सभी नवनियुक्त पदाधिकारियों को शुभकामनाएं देते हुए पूरी निष्ठा से प्रदेश के निर्देशों का पालन करने हो कहा।
जिला महामंत्री विकास धर दीवान ने कहा कि प्रदेश नेतृव ने बेमेतरा जिले को जो पहचान दी है,वह यहाँ के कार्यकर्ताओं को उत्साहित करने वाली है। प्रदेश में जिले से जा रहे नामों से लगातार जिला संगठन को जोश मिल रहा है, कार्यकर्ता औऱ भी लगन से कार्य कर रहे है। छत्तीसगढ़ सह प्रभारी नितिन नबीन के प्रवास के दौरान कार्यकर्ताओं जिस एकजुटता औऱ भव्यता से उनका स्वागत किया वह देखने लायक है। जिला महामंत्री नरेंद्र वर्मा ने भी सभी पदाधिकारियों को बधाई देते हुए नई ऊर्जा से कार्य करने की बात कही।
नियुक्ति पर प्रदेश मंत्री संध्या परगिनहा,पूर्व जिलाध्यक्ष राजेन्द्र शर्मा,जिला पंचायत उपाध्यक्ष अजय तिवारी, जिला उपाध्यक्ष फिरतु राम साहु, जिला उपाध्यक्ष राजा पांडेय, जिला उपाध्यक्ष टार्जन साहू, जिला उपाध्यक्ष संतोषी साहू, जिला उपाध्यक्ष लोकनाथ पटेल, जिला मंत्री सुरेंद्र सिंह ठाकुर, जिला मंत्री रीना साहू, जिला मंत्री भुनेश्वरी वर्मा, जिला मंत्री विजय सुखवानी, जिला मंत्री पुष्पा साहू, जिला मंत्री नंदकुमारी कांठले,कोषाध्यक्ष सुरेश सिंघानिया, युवा मोर्चा जिलाध्यक्ष विकास घरडे, किसान मोर्चा जिलाध्यक्ष दिलीप शर्मा, महिला मोर्चा जिलाध्यक्ष अमोला पटेल,पिछड़ा वर्ग मोर्चा जिलाध्यक्ष अजय साहू, अनुसूचित जनजाति मोर्चा जिलाध्यक्ष महावीर ध्रुव, अल्पसंख्यक मोर्चा जिलाध्यक्ष आकिब मलकानी ने हर्ष जताया।
केन्द सरकार और राज्य के भाजपाई कृषि कानून पर किसानों को कर रहे हैं गुमराह
दुर्ग / शौर्यपथ / कांग्रेस कार्यसमिति सदस्य व जिला प्रभारी लालजी चंद्रवंशी व जिला अध्यक्ष श्रीमती तुलसी साहू ने एक पत्रकारवार्ता लेकर बताया कि प्रदेश में धान खरीदी को लेकर विपक्ष द्वारा लगातार लगाये जा रहे आरोप निराधार है। मुद्दा विहीन विपक्ष द्वारा प्रदेश के किसानों में अनावश्यक भ्रम फैलाया जा रहा है। प्रदेश में मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के नेतृत्व में बेहतर तरीके से धान खरीदी हो रही है। धान खरीदी में कही कोई शिकायत नही है,धान खरीदी का कार्य सब ठीक ढंगसे चल रहा है। जिला प्रभारी लालजी चंद्रवंशी ने केन्द्र सरकार पर आरोप लगाते हुए कहा कि प्रदेश में धानखरीदी में व्यवधान उत्पन्न कराने की हर तरह से कोशिश की जा रही है।
केन्द्र सरकार एफसीआई के माध्यम से धान का पर्याप्त उठाव नहीं कर रही जिससे समितियों के पास धान जाम हो गया है। उन्होंने कहा कि केन्द्र सरकार ने केन्द्रीय पुल में 60 लाख मट्रिक टन धान खरीदी का आश्वासन दिया लेकिन अब कह रही है केवल 24 लाख मेट्रिक टन धान खरीदेंगे। केन्द्र सरकार बारदानों की व्यवस्था भी नहीं कर रही जिससे खरीदी पर असर पड़ रहा है। इसके बाद भी छत्तीसगढ़ की भूपेश सरकार नगद राशि से बारदानों की खरीदी कर धान खरीदी की व्यवस्था दुरुस्त कर रही है। प्रदेश में सभी जिलों में क्रमानुसार धानखरीदी किया जा रहा है
छोटे किसानों का पहले खरीद रहे धान
चंद्रवशी ने आगे बताया कि प्रदेश में धानखरीदी के लिए जो नियम निर्धारित किए गए हैं उसके तहत पहले छोटे किसानों का धान खरीदा जा रहा है। इसके बाद बड़े किसानों का धान खरीदा जाएगा। चंद्रवंशी ने बताया कि 5 जनवरी तक प्रदेश में 57 लाख 37 हजार मीट्रिक धान की खरीदी की गई है। अब तक राज्य के 14 लाख 51 हजार 206 किसानों ने समर्थन मूल्य पर धान बेचा। राज्य के मिलरों को 17 लाख 60 हजार 295 मीट्रिक टन धान का डीओ जारी किया गया है। जिसके विरूद्ध मिलरों द्वारा अब तक 14 लाख 75 हजार मीट्रिक टन धान का उठाव कर लिया गया है।
इस दौरान जिला अध्यक्ष तुलसी साहू ने प्रदेश के 9 भाजपा सांसदों व दो राज्यसभा सांसदों पर सवाल उठाया है। उन्होंने कहा कि किसानों के मुद्दे पर सभी सांसद केन्द्र सरकार से मांग क्यों नहीं कर रहे हैं। पिछले दिनों प्रदेश भाजपा प्रभारी डी पुरंदेश्वरी देवी ने छत्तीसगढ़ के लिए 9 हजार करोड़ रुपए जारी किए जाने का झूठा दुस्प्रचार किया। जबकि सरकार ऐसी कोई राशि मिली नहीं। आखिर इस प्रकार का झूठ फैलाकर भाजपा की प्रदेश प्रभारी क्या साबित करना चाहती है।
कृषि कानूनों को लेकर केन्द्र सरकार पर साधा निशाना
प्रेसवार्ता के दौरान उन्होंने कहा कि केन्द्र सरकार और राज्य के भाजपाई किसानों को कृषि कानून के मामले में केवल गुमराह कर रहे हैं। केन्द्र सरकार के कृषि कानूनों को लेकर भी निशाना साधा गया। केन्द्र सरकार के तीनों कानून किसान विरोधी हैं। इन कानूनों से किसानों को न तो एमएसपी की गारंटी मिलेगी और न ही उनके फसल की उचित कीमत। कृषि कानून में मंडी प्रथा खत्म हो जाएगी जिससे एमएसपी नहीं मिलेगी। वहीं कांट्रेक्ट फॉर्मिंग से किसानों की जमीन का सौदा तय है। एक समय ऐसा आएगा कि किसानों के पास अपनी जमीन बेचने के अतिरिक्त कोई चारा नहीं होगा। वहीं आवश्यक वस्तु अधिनियम से अवैध भंडारण को आजादी मिलेगी। कांग्रेस केन्द्र के तीनो काला कानून का विरोध करती है।
प्रेसवार्ता में महापौर व विधायक देवेन्द्र यादव, पूर्व मंत्री बीडी कुरैशी, सीजू एंथोनी, बृजमोहन सिंह, नीता लोधी, महेश जायसवाल, अतुलचंद साहू, मृत्युजंय भगत, राजेश शर्मा, आदित्य सिंह, अमित उपाध्याय, इरफान खान, निलेश चौबे, तुलसी पटेल, जानकी साहू, परविन्दर, सहित बड़ी संख्या में जिले के कांग्रेस पदाधिकारी व कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
दुर्ग / शौर्यपथ / सांसद विजय बघेल की कार्यशैली देखकर भी उनके समक्ष बीजेपी में प्रवेश किए। जिसमें मुख्य रूप से उपस्थित हुई श्रीमती रमशिला साहू, पूर्व केबिनेट मंत्री छत्तीसगढ़ शासन विशेष रूप में उपस्थित हुए। इस दौरान ललित चंद्राकर दुर्ग महामंत्री, शंकर लाल देवांगन भिलाई महामंत्री, पप्पू चंद्राकर, मुन्ना पांडेय, अमृत देवांगन, पुरेन्द्र साहू, प्रमोद सिंह सांसद प्रतिनिधि, सोनू राम सिंग, शत्रुहन धनकर, सुनील साहू, मोंगरा देशमुख, विधि यादव, मनीष यादव, राकेश कुमार देशलहरे, डामन सर्वा, नरेंद्र निर्मलकर आदि भाजपा कार्यकर्ता इस कार्यक्रम में सम्मिलित हुए। नेवई के युवा संगठन के द्वारा यह कार्यक्रम को आयोजित किया गया। निरंजन जैन के सक्रियता को देखकर इनके नेतृत्व में युवा और महिलाएं सम्मिलित हुए।
विक्की चंद्राकर, परमेश्वर देवदास, सचिन राजपूत, देवा यादव, संजय यादव, भोला यादव, खोमेंद्र रिगरी, मनोज, नीरज प्रजापति, रानू धनकर, मनीष यादव, जयपाल यादव, नूतन निषाद, हेमंत साहू, अजीत साहू, योगेश साहू, माधव साहू, रोहित वर्मा, कुलदीप साहू, तामेस साहू, विक्रम श्रीवास्तव, हरबंस को श्री गोपाल ढीमर, नूतन निर्मलकर, रोहित देवांगन, अजीत साहू, राहुल साहू, सागर यादव ,विवेक यादव, होम लाल डिग्री, अजय यादव, दिलेश्वर पटेल, गोलू देशमुख, भूपेंद्र कुशवाहा, अजय यादव ,हेमंत यादव, यशवंत यादव, सागर साहू, गब्बर साहू, तिलक साहू, हरीश कुंजाम, अरुण कुमार चौधरी, कान्हा कुशवाहा। इसी प्रकार महिला सदस्यों में हीरा देवी साहू, उमेश्वरी देवांगन, राधाबाई, गीता यादव, मुन्नी देवदास, आशा साहू ईश्वरी मौर्य देवकी साहू मीनाक्षी साहू माधुरी साहू आदि थे।
बिलासपुर / शौर्यपथ / बिलासपुर में कई दिनों के बाद ऐसा हुआ कि प्रदेश के मुख्यमंत्री 2 दिन बिलासपुर में है । और 428 करोड़ की लागत के शिलान्यास तथा लोकार्पण कार्यक्रमों में हिस्सा लिया । लोकार्पण उन योजनाओं का होगा जिनका शिलान्यास पिछले शासन में हुआ था और शिलान्यास उन योजनाओं का होगा जो इस शासन के हैं। मुख्यमंत्री बिलासपुर आए और राजनैतिक कयास न लगे ऐसा नहीं हो सकता पिछले एक माह में कई बार निगम मंडलों में नियुक्ति का कयास लगाया जा रहा है।
कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष मरकाम ने दिसंबर माह में 15 दिनों के भीतर नियुक्ति का वादा किया था पर यह वादा अभी तक पूरा नहीं हुआ है। दिसंबर माह में ही कांग्रेस ने अपनी सत्ता में वापसी का त्यौहार मनाया और इस त्यौहार के बाद से ही कार्यकर्ताओं को यह लगने लगा है कि अब सरकार चुनाव वोट पर आ गई है।
भारतीय जनता पार्टी के केंद्रीय नेतृत्व ने भी जिस तरह से अपने प्रदेश संगठन पर ध्यान दिया है उससे लगता है कि भाजपा ने भी चुनाव के लिए भी तैयारी शुरू कर दी है, और भाजपा का यह इतिहास है कि जब वह केंद्र में शासन में होती है और किसी भी राज्य में चुनाव की तैयारी करती है तब राज्य सरकार से उसके संबंध लगातार खट्टे होते जाते हैं । इन दिनों छत्तीसगढ़ की राजनीति में भी ऐसा दिखाई दे रहा है जानकारों की माने तो केंद्र और राज्य के बीच यह खटास अब बढ़ती ही जाएगी। जिसका सीधा अर्थ है की छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री का अधिकतर समय केंद्र के साथ मतभेद निपटाने में लगेगा एक तरफ से यह मुख्यमंत्री बघेल के लिए चुनौती भी रहेगा कि वे केंद्र से किस तरह के संबंध रखें, ममता जैसा टकराव या फिर एक परिपक्व नेता की तर्ज पर अपनी जनता का हित देखकर रोज अपना काम निकालने का रास्ता प्रदेश का मुख्यमंत्री होने के नाते जनता तो उनसे यही उम्मीद करेगी कि वे वैसा मार्ग निकालें जिससे उन्होंने अपने घोषणा पत्र में जो वादे किए हैं उसे पूरा कर सकें ।
जबकि भाजपा पग पग पर उन्हें धोखेबाज मुख्यमंत्री के रूप में प्रचारित कर रही हैं। और अब भाजपा के नेताओं की जुबान भी तीखी होती जाएगी इस बीच में भाजपा संगठन के दोनों बड़े नेता छत्तीसगढ़ में लगातार दौरा कर रहे हैं । और उनका लक्ष्य सीधे कार्यकर्ताओं से बात करना है जबकि कांग्रेसी नेताओं के पास दो काम है जनता के हित करने वाली योजनाओं को लागू करना और अपने ही कार्यकर्ताओं के बीच बढ़ रहे असंतोष पर काबू पाना । भूपेश सरकार के मंत्रिमंडल में रविंद्र चौबे, टी एस सिंह देव, मोहम्मद अकबर जैसे दिग्गज नाम के मंत्री तो हैं किंतु वे अपने विभागों के साथ प्रभावी नजर नहीं आते। जिला पंचायत के कार्यक्रमों के दम पर सरकार जनता के हित में काम करती नजर तो आती है किंतु इस विभाग का मंत्री प्रभावी तौर पर खड़ा नहीं दिखाई देता कारण योजनाओं का श्रेय सीएम अपने खाते में डालते हैं यही हाल स्वास्थ्य विभाग का है पिछला 1 साल कोविड-19 से जूझते हुए बीता पर यहां भी इस विभाग का मंत्री वैसा प्रभाव नहीं छोड़ पाया जैसा उम्मीद थी खेती किसानी के मुद्दे पर भी बघेल मंत्रिमंडल के सदस्य मीडिया में प्रभाव छोड़ते नहीं दिख रहे हैं। कांग्रेस का मीडिया प्रभारी रायपुर छोड़ किसी भी अन्य जिले में प्रभावी नहीं है लोकार्पण और शिलान्यास विज्ञापन की दम पर कुछ घंटे प्रभाव दिखाया जा सकता है किंतु इससे नए छत्तीसगढ़ की संकल्पना कैसे पूरी होगी, और अपने आखरी कार्यकाल में यही गलती विश्वसनीय छत्तीसगढ़ के नाम पर डॉक्टर रमन ने की थी।
भिलाई / शौर्यपथ / प्रदेश के यशस्वी मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के राज्य और राज्य के जनता, गरीब, मजदूर किसान के प्रति समर्पण भाव और उनकी रीति- नीति और भिलाई नगर विधायक व महापौर देवेंद्र यादव की जनता के प्रति प्रेम, इनामदारी, निष्ठा और कर्मठता व कार्यकर्ताओं के प्रति समर्पण से प्रभावित होकर सैकड़ों लोगों ने क्रांग्रेस प्रवेश किया।
खुर्सीपार क्षेत्र में आज भूमिपूजन और लोकार्पण कार्यक्रम का आयोजन किया गया है। करीब 3करोड़ की लागत से यहां विभिन्न विकास कार्य होने वाले हैं। इस दौरान सैकड़ों की संख्या में कार्यक्रम में शामिल क्षेत्र के नागरिक जो पहले बीजेपी व जनता कांग्रेस जोगी आदि पार्टी से जुड़े थे। वे अपनी पुरानी पार्टी को छोड़ कर भिलाई के युवा महापौर देवेंद्र यादव के काम से प्रभावित होकर उनके साथ जुड़े और कांग्रेस पार्टी ज्वाइन किया। विधायक देवेंद्र यादव ने कांग्रेस के इन सभी नए सदस्यों को कांग्रेस का गमछ पहनाकर पार्टी की सदस्यता दिलाई। विधायक देवेंद्र यादव ने सभी का कांग्रेस परिवार में शामिल होने पर पुष्प माला पहनाकर स्वगात किया। विधायक देवेंद्र यादव ने कहा कि हम सभी मिलकर समाज एवं राष्ट्र की सेवा करेंगे। प्रदेश के यशस्वी मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के नेतृत्व में प्रदेश के हित और विकास के लिए हर कदम साथ देंगे। इस अवसर पर ब्लाॅक कांग्रेस अध्यक्ष डीकाम राजू, एल्डमेन की उपस्थित में मोतीलाल बर्नवाल, सुरेश बर्नवाल, अरूण कुमार, हरिबंधू, रंजू देवी झा, चंद्रकात झा, उमेश प्रसाद, अंजनी मिश्रा, रेनू शर्मा, मीना सहानी आदि ने कांग्रेस ज्वाइन किया।
इन सभी नए कार्यकर्ताओं ने स्वागत के बाद महापौर देवेंद्र यादव का आभार जताते हुए कहां कि वे सालों से पानी की समस्या से जूझ रहे थे। एक-एक बूंद पानी के लिए तरसते थे। वार्ड की नियमित सफाई नहीं होती थी। वर्षों से खुर्सीपार विकास कार्य से अछूता था। पहले के नेताओं ने उन्हें सपने दिखाई और उनका वोट लेकर हर बार धोखा दिया। लेकिन विधायक देेवेंद्र यादव पहले विधायक व महापौर है, जो हमारे घर आते मोहल्ले में आकर पूछते है कोई समस्या तो नहीं। पूरे खुर्सीपार में जितना विकास महापौर देवेंद्र यादव करा रहे हैं। इससे खुर्सीपार की जनता का सपना साकार हो गया है।
चेन्नई / एजेंसी / तमिलनाडु में विधानसभा चुनाव से पहले कांग्रेस पार्टी में घमासान शुरू हो गया है. कांग्रेस ने तमिलनाडु में नई कमेटी घोषित की है. कमेटी के गठन पर पूर्व वित्त मंत्री पी चिदंबरम के बेटे और सांसद कार्ति चिदंबरम और राज्य के एक नव नियुक्त पदाधिकारी ट्विटर पर भिड़ गए. पदाधिकारी ने कार्ति पर निशाना साधते हुए कहा कि एक व्यक्ति जो अपने पिता के प्रभाव से सांसद बना हो, वो यह नहीं समझ सकता है कि कैसे "कठिन परिश्रम" करके कोई राज्य स्तर का पदाधिकारी बनता है.
कांग्रेस नेता की यह प्रतिक्रिया कार्ति चिदंबरम के उस बयान पर आई है, जिसमें उन्होंने तमिलनाडु में भारी भरकम नई कमेटी के गठन पर सवाल उठाते हुए कहा है कि इस कमेटी से कोई लाभ नहीं होगा. कार्ति चिदंबरम तमिलनाडु की शिवगंगा सीट से कांग्रेस सांसद हैं. कार्ति पर यह टिप्पणी के महेंद्रन ने की है, जिन्हें शनिवार को तमिलनाडु कांग्रेस का महासचिव बनाया गया है.
तमिलनाडु कांग्रेस के महासचिव के महेंद्रन ने कार्ति चिंदबरम के ट्वीट पर कहा, "यूथ कांग्रेस, एनएसयूआई, महिला कांग्रेस और अनुसूचित जाति विभाग के कई पदाधिकारियों को उनकी मेहनत की वजह से तमिलनाडु कांग्रेस कमेटी में शामिल किया गया है न कि उनके पिता की वजह से है. एनएसयूआई में मेरी मेहनत के लिए मुझे स्टेट टीम में शामिल किया गया है. उम्मीद है कि कुछ लोग जो अपने पिता की वजह से सांसद बने हैं, ये नहीं समझ सकते."
कार्ति चिदंबरम ने इससे पहले अपने ट्वीट में लिखा, "इन बड़ी-बड़ी कमेटियों से कोई उद्देश्य हल नहीं होगा... किसी के पास कोई अधिकार नहीं होगा, जिसका मतलब है कि कोई जवाबदेही नहीं होगी."
भाजपा सांसदों को नही है छत्तीसगढ़ के किसान मजदूर युवाओ की चिंता केंद्र बारबार कर रहा है भेदभाव
मुख्यमंत्री भूपेश बघेल किसानों को धान की कीमत 2500 रु क्विं दे रहे मोदी भाजपा किसानों से किये वादा को निभाने में असफल
रायपुर/ शौर्यपथ / मोदी सरकार के द्वारा छत्तीसगढ़ से चावल उठाने एफसीआई को अनुमति नहीं देने पर कांग्रेस ने भाजपा सांसदों को घेरा। प्रदेश कांग्रेस प्रवक्ता धनंजय सिंह ठाकुर ने कहा कि केंद्रीय मंत्री रेणुका सिंह,सांसद सुनील सोनी, विजय बघेल संतोष पांडेय सहित भाजपा के सांसद छत्तीसगढ़ की बात केंद्र के सामने रखने में असफल है भाजपा सांसदों के निष्क्रियता का दुष्परिणाम छत्तीसगढ़ की जनता को उठाना पड़ रहा है। भाजपा के सांसद छत्तीसगढ़ में रहते है तो राजनीतिक बयानबाजी कर टिवीटर सोशल मीडिया में छत्तीसगढ़ के किसान मजदूरों की हितचिंतक होने का ढोंग करते है और दिल्ली में मोदी शाह के सामने छत्तीसगढ़ के किसानों मजदूरों की बात रखने में डरते हैं। कई दफा भाजपा सांसद संगठित होकर केंद्रीय मंत्रियों से मिलते तो है और छत्तीसगढ़ को मिलने वाली केंद्रीय योजना की राशि को रोकने की मांग करते है।
भाजपा सांसदों को छत्तीसगढ़ के ढाई करोड़ जनता को बताना चाहिए कि आखिर मोदी सरकार एफसीआई को छत्तीसगढ़ से चावल लेने अनुमति क्यो नही दे रही है? छत्तीसगढ़ में धान खरीदी को एक महीना पूरा हो गया है अब तक एफसीआई को चावल उठाने की अनुमति क्यों नहीं दी गई है ?
छत्तीसगढ़ सरकार के द्वारा धान खरीदने मांगी गई तीन लाख पचास हजार गठान बोरा की आपूर्ति क्यो नही कर रही है? मुख्यमंत्री भूपेश बघेल सरकार धान की कीमत एक मुश्त 2500 रु क्विं किसानों के खाता में सीधा जमा करा रहे थे तो मोदी सरकार ने रोक क्यो लागई?किसानों को धान की कीमत 2500 रु क्विं मिल रहा है तो भाजपा को आपत्ति क्यो है?
प्रदेश कांग्रेस प्रवक्ता धनंजय सिंह ठाकुर ने कहा कि मोदी सरकार जानबूझकर छत्तीसगढ़ में किसानों से धान खरीदी में बाधा उत्पन्न करने के लिए किसानों को परेशान करने के लिए कस्टम मिलिंग के चावल को एफसीआई में जमा कराने की अनुमति नहीं दे रहे हैं। यह पहला अवसर नहीं है इसके पहले भी मुख्यमंत्री भूपेश बघेल की सरकार ने किसानों के धान को 2500 रुपया प्रति क्विंटल के दर से खरीदी और एक मुश्त2500 रु की राशि किसानों के खाते में जमा कराएं तब दूसरी बार किसानों के धान खरीदी में नियम शर्ते लगाने का काम मोदी भाजपा की सरकार ने किया था और किसानों को धान के समर्थन मूल्य 1868 रु से अतिरिक्त राशि देने पर सेंट्रल पुल में चावल नहीं लेने की चेतावनी दी गई थी।
अब तीसरे बार किसानों के धान खरीदी को सुचारू रूप से चलने से रोकने के लिए पहले तो बारदाना की आपूर्ति में बाधा उत्पन्न किया गया राज्य सरकार के द्वारा मांगे गए तीन लाख पचास हजार गठान बोरा में कटौती कर 1लाख 5 हजार गठान बोरा दिया गया अब जब छत्तीसगढ़ के 11लाख 50हजार किसानों से लगभग 50 लाख मीट्रिक टन धान की खरीदी हो गई है और लगभग 20 लाख मीट्रिक टन धान चावल बनाने दे दिया गया है ऐसे में एफसीआई में चावल जमा करने की अनुमति नहीं देकर मोदी भाजपा की सरकार ने एक बार और किसानों के धान खरीदी को प्रभावित करने षड्यंत्र कर काम रही है ।
Feb 09, 2021 Rate: 4.00
