August 08, 2026
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    PANKAJ CHANDRAKAR

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    एम.ओ.यू. होने के 3 2 साल बाद बीएसपी ने किया 290 एकड़ भूमि हस्तांतरित

    दुर्ग /शौर्यपथ/

    गृहमंत्री ताम्रध्वज साहू की पहल पर 32 साल बाद रिसाली और भिलाई नगर पालिक निगम को 290.26 एकड़ जमीन बीएसपी से मिला। कई दौर से चली आ रही संयंत्र प्रबंधन और जिला प्रशासन की बैठकों पर गृहमंत्री ने विराम लगाया। जमीन हस्तांतरण के एवज में गृहमंत्री की उपस्थिति में रिसाली नगर पालिक निगम ने 215539.00 रूपए का चेक भिलाई इस्पात संयंत्र को सौपा। साथ ही 151 एकड़ जमीन हस्तांतरण के लिए जल्द ओएमयू किया जाएगा ।

    खास बात यह है कि साडा कार्यकाल के समय से वर्तमान भिलाई नगर पालिक सीमा क्षेत्र के 136.56 एकड़ जमीन और नवगठित रिसाली नगर पालिक निगम के सीमा में आने वाले 153.70 एकड़ जमीन को हस्तांतरित करने की प्रक्रिया शुरू हुई थी। हस्तांतरण की राशि जमा करने 19 सितंबर 1990 को बीएसपी ने तत्कालीन कलेक्टर को पत्र लिखा था। इसके बाद आगे की प्रक्रिया पर विराम लग गया था। रिसाली नगर पालिक निगम के गठन पश्चात गृहमंत्री ताम्रध्वज साहू भूमि हस्तांतरण के लिए लगातार बैठक करते रहे। परिणाम स्वरूप शनिवार को कलेक्टर डाॅ. सर्वेश्वर नरेन्द्र भुरे ने बीएसपी के मुख्य कार्यपालन अधिकारी  अनिर्बान दास गुप्ता, रिसाली निगम आयुक्त  आशीष देवांगन, भिलाई निगम के अपर आयुक्त अशोक द्विवेदी की उपस्थिति में राशि हस्तांतरण कर 290 एकड़ भूमि रिसाली व भिलाई निगम के अभिलेख में दर्ज करने सहमति बनी। इस अवसर पर रिसाली निगम के महापौर शशि सिन्हा, भिलाई महापौर नीरज पाल, सभापति केशव बंछोर, एसडीएम विनय कुमार पोयाम आदि उपस्थित थे।

    जल्द 151 एकड़ के लिए एमओयू

    नवगठित रिसाली नगर पालिक निगम विकास के लिए बीएसपी से लगातार भूमि की मांग कर रहा है। कार्यालय, महाविद्यालय, अस्पताल निर्माण के लिए जगह की आवश्यकता है। इसे देखते हुए गृहमंत्री ने देर शाम अपने निवास में पुनः बैठल ली और अधिकारियों को निर्देश दिए कि 151 एकड़ जमीन हस्तांतरित करने शीघ्र कार्यवाही करें।

    उतई नगर पंचायत के लिए भी चर्चा

    गृहमंत्री ने कलेक्टर की मौजूदगी में उतई नगर पंचायत के लिए भी जमीन उपलब्ध कराए जाने बीएसपी से चर्चा की। साहू ने कहा कि विकास के लिए उतई नगर पंचायत के पास भूमि नहीं है। बस स्टैण्ड की जमीन भी डूमरडीह खसरे की है। उन्होंने बीएसपी से कहा कि कालेज व उतई थाना से लगी भूमि भी उतई नगर पंचायत को हस्तांतरित करे।
    गृहमंत्री ने कहा कि जिस भूमि को बीएसपी ने हस्तांतरण कर निगम को सौपा है। वर्षों से भूमि बीएसपी के अधिपत्य में था। वे जमीन को अतिक्रमण मुक्त कराने स्थाई व सार्थक प्रयास शीघ्रता से करे। ताकि विकास कार्य तेजी से शुरू किया जा सके।


    इन विषयों पर भी हुई चर्चा

    - अस्थाई कार्यालय (34 नं. स्कूल को) बीएसपी किराए पर नही बल्कि टोकन मनी पर दे।

    - बीएसपी सीएसआर मद में किस तरह के कार्य कराती है उसकी सूची उपलब्ध कराए।

    - सार्वजनिक शौचालयों में बीएसपी स्थाई बिजली कनेक्शन दे।

    - रिसाली निगम क्षेत्र में महापौर, आयुक्त व अतिथि गृह बनाने आवास टोकन मनी में आबंटित करे।

    - राजीव गांधी चौक (डीपीएस रिसाली) को सौंदर्यीकरण करने बीएसपी एनओसी दे।

    - भिलाई व रिसाली नगर पालिक निगम क्षेत्र के टाउनशिन की सफाई करने संयुक्त रूप से बैठक कर रास्ता निकाले।

    स्वीकृति पत्र मिलने के बाद हितग्राहियों के चेहरे में आई खुशी

    रायपुर /शौर्यपथ/

    वन, परिवहन, आवास एवं पर्यावरण मंत्री मोहम्मद अकबर ने आज राजधानी के शंकर नगर स्थित अपने निवास कार्यालय से वीडियों कांफ्रेसिंग के माध्यम से ‘मोर जमीन मोर मकान योजना‘ के तहत कवर्धा के 50 हितग्राहियों को स्वीकृति पत्र और 8 हितग्राही को पूर्णता का प्रमाण पत्र वितरित किया।

    स्वीकृति पत्र का वितरण करते हुए वन मंत्री अकबर ने कहा कि योजना के तहत आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग तथा निम्न आय वर्ग के हितग्राहियों को बुनियादी सुविधाओं के साथ पक्के आवास उपलब्ध कराना है। आवास योजना-सबके लिए आवास मिशन“ में आवास निर्माण के 4 मॉडल उपलब्ध हैं। भूमि का संसाधन के रुप में उपयोग करते हुए स्थायी झुग्गी बस्तियों का पुनर्विकास, ऋण के ब्याज दर में अनुदान द्वारा कमजोर आय वर्ग अथवा निम्न आय वर्ग के लिए किफायती आवास निर्माण को प्रोत्साहन, सार्वजनिक एवं निजी क्षेत्रों की भागीदारी से किफायती आवास निर्माण और हितग्राही द्वारा स्वयं आवास निर्माण के लिए अनुदान है। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ शासन, नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग द्वारा चतुर्थ मॉडल “हितग्राही द्वारा स्वयं आवास निर्माण“ के क्रियान्वयन के लिए “मोर जमीन-मोर मकान योजना“ प्रारंभ की गई है।

    मंत्री मोहम्मद अकबर ने विडियों कांफ्रेसिंग के माध्यम से वार्ड क्रमांक 5 के मो. सलीम तवर, वार्ड क्रमांक 6 के तसरीफून निशा, परवीन बानो, वार्ड क्रमांक 8 के कन्हैयालाल साहू, वार्ड क्रमांक 11 श्यामबाई यादव, वार्ड क्रमांक 13 सविता झारिया, वार्ड क्रमांक 16 के गंगासिंह पाली और राखी पाली को पूर्णता प्रमाण पत्र वितरण किया गया। इसी तरह 50 हितग्राहियों को स्वीकृति पत्र वितरण किया गया।

    वीडियों कांफ्रेसिंग के माध्यम से कैबिनेट मंत्री मोहम्मद अकबर के हाथों स्वीकृति पत्र मिलने के बाद हितग्राहियों के चेहरे में खुशी आ गई। उन्होंने खुशी जाहिर करते हुए बताया कि कमजोर तथा निम्न आय वर्ग के लोगों के लिए पक्का मकान जीवन भर का सपना होता है। खुशी की बात है कि इस सपने को सरकारी मदद से हकीकत में बदला जा रहा है। पक्के मकान का सपना पूरा होने से उनका पारिवारिक जीवन सुखमय हो गया है।

    इस अवसर पर नगर पालिका अध्यक्ष ऋषि शर्मा, पार्षद चुनाव खान, भीखम कोसले, अशोक सिंह, मोहित महेश्वरी, संतोष यादव, सुनील साहू, उत्तम गोप, संजय लांझी, उमंग पाण्डेय, एल्डरमेन दलजीत पाहुजा, कौशल कौशिक, हिरेश, सीएमओ नरेश वर्मा सहित जनप्रतिनिधि और अधिकारी कर्मचारी उपस्थित थे।

    रायपुर /शौर्यपथ/

    लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी एवं ग्रामोद्योग मंत्री गुरू रूद्रकुमार मुंगेली जिले में गणतंत्र दिवस 26 जनवरी को ध्वजारोहण करेंगे। जिला मुख्यालय से प्राप्त जानकारी के अनुसार जिले के प्रभारी मंत्री गुरु रुद्रकुमार प्रातः 09 बजे डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी स्टेडियम में राष्ट्रीय ध्वज फहराएंगे और मुख्यमंत्री के जनता के नाम प्रेषित संदेश का वाचन करेंगे। इसके पश्चात् वे प्रातः 9.20 बजे शहीद परिवारों का सम्मान करेंगे।

    रायपुर /शौर्यपथ/

    मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने स्वतंत्रता संग्राम के महानायक और आजाद हिंद फौज के संस्थापक नेताजी सुभाष चंद्र बोस की 23 जनवरी को 125 वीं जयंती पर उन्हें नमन किया है। नेताजी को श्रद्धासुमन अर्पित करते हुए बघेल ने कहा है कि नेताजी ने आजादी की लड़ाई को नई दिशा दी। उन्होंने ‘‘तुम मुझे खून दो, मैं तुम्हेें आजादी दूंगा‘‘ जैसे नारों से देशवासियों में नये जोश का संचार किया। मुख्यमंत्री ने कहा है कि नेताजी ने आजाद हिंद फौज का गठन कर स्वाधीनता आंदोलन को मजबूती प्रदान की। भारत की स्वतंत्रता के लिए किए गए संघर्ष और अमूल्य योगदान के लिए नेताजी सदा याद किए जाएंगे।

    मुख्यमंत्री बघेल ने मुख्य सचिव को दिए निर्देश

    छत्तीसगढ़ में आगामी पांच वर्षों में 15 लाख नये रोजगार के अवसरों के सृजन का लक्ष्य

    रायपुर /शौर्यपथ/

    मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के निर्देशानुसार उच्च शिक्षा, कौशल विकास, तकनीकी शिक्षा, रोजगार, विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी तथा खेल एवं युवा कल्याण मंत्री  उमेश पटेल को नवगठित छत्तीसगढ़ रोजगार मिशन के कार्यकारी अध्यक्ष बनाए गए हैं। इस संबंध में मुख्यमंत्री बघेल ने मुख्य सचिव को तत्काल आदेश जारी करने के निर्देश दिए हैं। गौरतलब है कि छत्तीसगढ़ में आगामी पांच वर्षों में 15 लाख नये रोजगार के अवसरों का सृजन करने के लिए राज्य शासन ने मुख्यमंत्री  भूपेश बघेल की अध्यक्षता वाले छत्तीसगढ़ रोजगार मिशन के गठन का महत्वपूर्ण निर्णय लिया है।

    राज्य में लोगों को आर्थिक क्रियाकलापों से जोड़ने और उनके आर्थिक सशक्तिकरण के लिए संभवतः देश में पहली बार रोजगार मिशन की परिकल्पना छत्तीसगढ़ में की गई है। यह मिशन राज्य और जिलों की परिस्थितियों के अनुसार रोजगार के नए-नए अवसरों के सृजन के लिए काम करेगा। इस काम के लिए मुख्यमंत्री भूपेश बघेल की अध्यक्षता में छत्तीसगढ़ रोजगार मिशन का गठन किया गया है। यह मिशन रोजगार से जुड़े सभी महत्वपूर्ण विभागों के बीच में समन्वय स्थापित कर नए-नए रोजगार की संभावनाएं तलाशने के साथ ही उन्हें संचालित करने में मद्द करेगा। मुख्य सचिव इस मिशन के उपाध्यक्ष बनाए गए हैं। इस मिशन के काम-काज को व्यवस्थित रूप से संचालित करने के लिए मुख्य कार्यपालन अधिकारी की नियुक्ति की गई है।

    रोजगार मिशन के माध्यम से आगामी 5 वर्षों में 15 लाख रोजगार के नए अवसरों का सृजन करने का लक्ष्य है। यह मिशन रोजगार को बढ़ावा देने संबंधी नीतिगत फैसले लेगा और राज्य की औद्योगिक नीति और अन्य नियमों में जहां भी आवश्यक प्रावधान करने की जरूरत होगी अपनी सिफारिश करेगा। सभी जिलों में रोजगार के लिए सेक्टरों का चिन्हांकन होगा। इनमें परम्परागत अवसरों के साथ ही रोजगार के नए अवसरों की पहचान की जाएगी। रोजगार के इच्छुक युवाओं का चिन्हांकन कर उनके लिए कौशल विकास की व्यवस्था की जाएगी। जिलों में रोजगार पार्क भी बनाए जाएंगे, जहां ऐसी इकाईयां स्थापित की जाएंगी। रूरल इंडस्ट्रीयल पार्कों में तैयार उत्पादों की शासकीय खरीदी के अलावा खुले बाजार में बिक्री की व्यवस्था की जाएगी। सेवा क्षेत्रों में नए रोजगार की संभावनाओं को देखते हुए इन गतिविधियों में युवाओं के कौशल प्रशिक्षण की व्यवस्था की जाएगी।

    रोजगार मिशन रोजगार के नए अवसरों के सृजन के लिए आई.आई.टी, आई.आई.एम. और कृषि विश्वविद्यालयों से छत्तीसगढ़ के उत्पादों की गुणवत्ता बढ़ाने के लिए शोध गतिविधियों के संचालन के साथ ही नए स्टार्ट-अप को प्रोत्साहन और मार्केटिंग स्टेªटजी और ऋण सुविधा उपलब्ध कराने में मदद भी करेगा। रोजगार की गतिविधियां बढ़ाने के लिए सभी जिलों में वहां की परिस्थितियों के अनुसार रोजगार सृजन के लिए गतिविधियों का चिन्हांकन किया जाएगा। चिन्हांकित 10 से 20 गतिविधियों में जिले स्तर पर कार्य योजना तैयार की जाएगी। कार्य योजना अल्पावधि और दीर्घ अवधि दोनों के लिए तैयार होगी। इसके लिए सभी जिला कलेक्टरों को दिशा-निर्देश दिए गए हैं।

    नई दिल्ली /शौर्यपथ/

    बॉलीवुड की देसी गर्ल यानी Priyanka Chopra मां बन गई हैं. इस बात की जानकारी एक्ट्रेस ने खुद अपने इंस्टाग्राम पर शेयर की है. प्रियंका के साथ ही उनके पति और अमेरिकी सिंगर Nick Jonas ने भी इस बात की जानकारी दी है कि उनके घर नन्हा मेहमान आया है. प्रियंका ने बच्चे के जन्म की बात को अपने फैन्स संग इंस्टाग्राम पर साझा करते हुए लिखा है, “हमें बताते हुए खुशी हो रही है कि सरोगेसी के जरिए हम एक बच्चे का स्वागत कर रहे हैं. हम सम्मान के साथ कहना चाहते हैं कि इस विशेष समय में हमारी प्राइवेसी का ख्याल रखा जाए, हम अपने परिवार पर ध्यान केंद्रित करना चाहते हैं. धन्यवाद”.

    Priyanka Chopra के इस पोस्ट के बाद उनके चाहने वालों के बीच खुशी छाई हुई है. सेलेब से लेकर आम लोग तक प्रियंका और निक को पेरेंट्स बनने के लिए शुभकामनाएं दे रहे हैं. गौरतलब है कि प्रियंका और निक की शादी साल 2018 में राजस्थान में पारंपरिक रीती-रिवाज के साथ हुई थी. इस शादी ने खूब चर्चा बटोरी थी. शादी के बाद प्रियंका अमेरिका शिफ्ट हो गई हैं. वे अपना अधिकतर समय यही बिताती हैं.

    बता दें, प्रियंका बॉलीवुड की एक ऐसी अभिनेत्री हैं, जिन्हें अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर भी पहचान हासिल है. साथ ही वे बॉलीवुड की सबसे महंगी अभिनेत्रियों में से भी एक हैं. Priyanka Chopra फिल्मों में अपने शानदार अभिनय से कई बार लोगों का दिल भी जीत चुकी हैं. अभिनेत्री के नाम दो नेशनल अवार्ड और पांच फिल्मफेयर अवार्ड शामिल है. वे हॉलीवुड के बेवॉच और क्वांटिको में भी नजर आई हैं.

     

     

    मुख्यमंत्री ने अपने विधायक निधि से ग्राम रूही में ट्रस्ट की भूमि में ट्यूबवेल लगाने की दी सहमति

    रायपुर /शौर्यपथ/

    मुख्यमंत्री भूपेश बघेल से आज यहां उनके निवास कार्यालय में महामाया पब्लिक ट्रस्ट कमेटी के पदाधिकारियों ने मुलाकात की। मुख्यमंत्री ने पाटन जामगांव एम में केन्द्रीय खाद्य प्रसंस्करण केन्द्र की स्थापना के लिए ट्रस्ट से ली गई भूमि के बदले ग्राम रूही में ट्रस्ट को प्रदत्त 8.98 हेक्टेयर भूमि को कृषि के योग्य विकसित किए जाने तथा अपने विधायक फंड से वहां ट्यूबवेल स्थापित किए जाने की बात कही। मुख्यमंत्री ने केन्द्रीय खाद्य प्रसंस्करण केन्द्र की स्थापना के द्वितीय फेस के लिए जामगांव एम में ट्रस्ट द्वारा 8.98 हेक्टेयर भूमि दिए जाने की सराहना की। मुख्यमंत्री ने इस मौके पर महामाया देवी ट्रस्ट को हर संभव मदद का भी भरोसा दिलाया। इस अवसर पर महामाया पब्लिक ट्रस्ट के अध्यक्ष आनंद शर्मा, सचिव व्यास नारायण तिवारी, कोषाध्यक्ष विजय अग्रवाल, विजय झा सहित अन्य पदाधिकारी उपस्थित थे।

     

    गरियाबंद /शौर्यपथ/

    जिला गरियाबंद में मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजनांतर्गत इस वर्ष विवाह कार्यक्रम 19 फरवरी 2022 को प्रस्तावित है। विवाह कार्यक्रम में शामिल होने हेतु इच्छुक जोड़े संबंधित एकीकृत बाल विकास परियोजना कार्यालय फिंगेश्वर, छुरा,गरियाबंद, मैनपुर, देवभोग में 05 फरवरी 2022 तक पंजीयन करा सकते है। आवेदन एवं योजना के संबंध में अन्य आवश्यक जानकारी संबंधित एकीकृत बाल विकास परियोजना कार्यालय से कार्यालयीन समय में प्राप्त किया जा सकता है।

    योजना का उद्देश्य- निर्धन परिवारों को कन्या के विवाह के संदर्भ में होने वाली आर्थिक कठिनाईयों का निवारण। विवाह के अवसर पर होने वाली फिजूल खर्ची को रोकना एवं सादगीपूर्ण विवाहों को बढ़ावा देना है। सामूहिक विवाहों के आयोजन के माध्यम से निर्धनों के मनोबल/आत्मसम्मान में वृद्धि एवं उनकी सामाजिक स्थिति में सुधार कर सामूहिक विवाहों को प्रोत्साहन देना एवं विवाहों में दहेज के लेन-देन की रोकथाम करना।

    योजनांतर्गत पात्रता - कन्या को मुख्यमंत्री खाद्यान्न योजनांतर्गत जारी राशन कार्ड धारित परिवार की होनी चाहिये। एक परिवार की अधिकतम दो कन्या लाभांवित की जा सकेगी। कन्या की आयु 18 वर्ष से अधिक तथा वर की आयु 21 वर्ष से अधिक होनी चाहिये। कन्या प्रथम विवाह के लिए इस सहायता की पात्र होगी। सामूहिक विवाह में सम्मलित होने वाली कन्या को ही उक्त सहायता की पात्रता होगी। कन्या एवं उसके परिवार को छत्तीसगढ़ राज्य का निवासी होना चाहिये। साक्षर कन्याओं को सहायता प्रदान करने में प्राथमिकता दी जायेगी। कन्या को ‘मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना’ अथवा अनुसूचित जाति तथा जनजाति विकास विभाग द्वारा संचालित सामूहिक विवाह योजनाओं में से किसी एक योजना के तहत लाभ पाने की पात्रता होगी।

    गौठानों को रूरल इंडस्ट्रियल पार्क के रूप में किया जा रहा विकसित

    गौठानों में 148 तेलमिल और 188 दाल मिल की स्थापना की प्रक्रिया शुरू
    गौपालकों को जारी की गई 4.21 करोड़ रूपए की राशि

    गोधन न्याय योजना के तहत अब तक गोबर विक्रेताओं को हो चुका 122.17 करोड़ रूपए का भुगतान

    रायपुर /शौर्यपथ/

    गौठानों को रूरल इंडस्ट्रियल पार्क के रूप में किया जा रहा विकसित

    मुख्यमंत्री  भूपेश बघेल ने कहा है कि छत्तीसगढ़ सरकार की गोधन न्याय योजना को पूरे देश में एक आदर्श योजना के रूप में स्वीकार किया है। इस बार गणतंत्र दिवस के अवसर पर नई दिल्ली के राजपथ पर गोधन न्याय योजना की झांकी देश-दुनिया के लोग देखेगें। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस योजना को छत्तीसगढ़ राज्य में मिशन के रूप में संचालित किया जा रहा है। गांवों में स्थापित गौठानों में आजीविका के साधनों को बढ़ाने के उद्देश्य से यहां रूरल इंडस्ट्रियल पार्क तेजी से विकसित किए जा रहे है। गौठानों में अब तेल मिल एवं दाल मिल स्थापित किए जाने का काम शुरू कर दिया गया है। प्रथम चरण में राज्य के 148 गौठानों में तेल मिल और 188 गौठानों में दाल मिल की स्थापना की जा रही है। इससे गौठानों में आय मूलक गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा।

    मुख्यमंत्री बघेल आज अपने निवास कार्यालय में आयोजित गोधन न्याय योजना के रााशि अंतरण कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री ने इस मौके पर पशुपालक ग्रामीणों, गौठान समितियों और गौठाानों से जुड़ी महिला स्व-सहायता समूहों को 4 करोड़ 21 लाख रूपए की राशि का ऑनलाइन भुगतान किया, जिसमें बीते एक पखवाड़े में क्रय गोबर के एवज में 2 करोड़ 76 लाख रूपए गौठान समितियों को 87 लाख रूपए और महिला स्व-सहायता समूहों को 58 लाख रूपए की लाभांश राशि शामिल है। गोबर खरीदी की एवज में अब तक गौपालकों को 122 करोड़ 17 लाख रूपए तथा गौठान समितियों को 45.31 लाख रूपए एवं महिला स्व-सहायता समूहों को 29.46 करोड़ रूपए की राशि का भुगतान की जा चुकी है।

    मुख्यमंत्री ने कहा कि गोधन न्याय योजना के माध्यम से जैविक खाद के उपयोग को बढ़ावा देकर राज्य में कृषि लागत को कम करने में मदद मिली है। फसल विविधीकरण को भी प्रोत्साहित किया जा रहा है और कृषि उत्पाद के प्रोसेसिंग की व्यवस्था गौठानों में कर रहे है। इससे किसानों की आय बढ़ेगी। उन्होंने गौठानों में गोबर से वर्मी कम्पोस्ट, सुपर कम्पोस्ट एवं अन्य उत्पाद तैयार करने में जुटी महिला स्व-सहायता समूह की सराहना की और कहा कि हमारी महिला बहनों ने अब तक 10.38 लाख क्विंटल से अधिक वर्मी कम्पोस्ट तथा 4.36 लाख क्विंटल से अधिक सुपर कम्पोस्ट खाद तैयार किया है, जिससे राज्य में जैविक खेती को बढ़ावा मिला है और रासायनिक उर्वरकों की कमी को भी पूरा करने में मदद मिली है। उन्होंने कहा कि गौठानों में आय की विविधगतिविधियों को अपनाकर हमारी महिला बहनों ने अबतक 50 करोड़ 57 लाख रूपए की आय अर्जित की है। इससे महिला समूहों में स्वावलंबन के प्रति एक नया आत्मविश्वास जगा है।

    कार्यक्रम के प्रारंभ में कृषि उत्पादन आयुक्त डॉ. कमलप्रीत सिंह ने गोधन न्याय योजना की प्रगति के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि राज्य में अब तक 10591 गौठान स्वीकृत किए गए है, जिसमें से 7,933 पूर्ण रूप से संचालित है। गोधन न्याय योजना के तहत गौठानों में अब तक 61.07 लाख क्विंटल गोबर की खरीदी की जा चुकी है। उन्होंने गौठानों में वर्मी कम्पोस्ट के उत्पादन, विक्रय एवं अन्य आय मूलक गतिविधियों के बारे में जानकारी दी। इस अवसर पर मुख्य सचिव अमिताभ जैन, अपर मुख्य सचिव सुब्रत साहू, मुख्यमंत्री के सचिव सिद्धार्थ कोमल परदेशी, गोधन न्याय योजना के राज्य नोडल अधिकारी डॉ. एस. भारतीदासन, संचालक उद्यानिकी माथेश्वरन वी., संयुक्त सचिव कृषि के.सी. पैकरा सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे।

    रायपुर /शौर्यपथ/

    छत्तीसगढ़ में सरकार ने किसानों को बड़ी राहत दी है। सरकार अब न्यूनतम समर्थन मूल्य पर सात फरवरी तक धान खरीदी जारी रखेगी। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने शनिवार को धान खरीदी की समय सीमा एक सप्ताह तक आगे बढ़ाने की घोषणा की। पहले सरकारी खरीदी की अंतिम तारीख 31 जनवरी तक निर्धारित थी।

    मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा, धान बेचने के लिए किसानों को चिंता करने की जरूरत नहीं है। खरीदी की समय-सीमा बढ़ाई जा रही है। इससे पहले मुख्यमंत्री कह चुके हैं कि पंजीकृत सभी किसानों से धान खरीदा जाएगा। अगर जरूरत पड़ी तो खरीदी की तारीख आगे भी बढ़ाई जा सकती है।

    मुख्यमंत्री की इस घोषणा से किसानों की बड़ी संख्या को राहत मिली है। पिछली दो बरसातों में धान के भीग जाने की वजह से बहुत से किसान अपना धान तय सीमा में बेच पाने में सक्षम नहीं थे। वहीं बरसात की वजह से सरकारी खरीदी भी कई दिनों तक बंद रही। ऐसे में धान बेचने के लिए तैयार किसानों का इंतजार बढ़ गया। खरीदी की तारीख एक सप्ताह आगे बढ़ाने से रुकी हुई खरीदी के दिनों का नुकसान पूरा करने की कोशिश है। छत्तीसगढ़ में धान की सरकारी खरीदी एक दिसम्बर से शुरू हुई थी। सरकार ने 31 जनवरी 2022 तक एक करोड़ 5 लाख मीट्रिक टन धान खरीदने की तैयारी की थी

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