September 22, 2026
Hindi Hindi

Login to your account

Username *
Password *
Remember Me
    रायपुर

    रायपुर (6110)

    *छत्तीसगढ़ के सुदूर अंचल दंतेवाड़ा में बच्चों के मसीहा बने डॉ.राजेश ध्रुव*


    जिला अस्पताल में शिशु रोग विशेषज्ञ के रूप में अपनी एक अलग पहचान बना चुके डॉ.राजेश ध्रुव जब आज से 5 वर्ष पूर्व दंतेवाड़ा आए थे तब वहाँ उन्हे अनगिनत स्थानीय समस्याओं से दो चार होना होना पड़ा था जिसमें कुपोषण, जापानी इंसेफेलाइटिस (जेई), सिकल सेल और मलेरिया जैसी बीमारियों शामिल थी।
    शिशु रोग चिकित्सक के रूप में स्थापित होने की राह भी आसान न थी।दंतेवाड़ा सुदूर अंचलों तक फैला हुआ  है।जहाँ के कुछ क्षेत्र बरसाती मौसम में पहुंच विहीन भी हो जाते हैं और वहां तक शिशु स्वास्थ्य की सेवाओं को पहुंचाना किसी चुनौती से कम नहीं था।लेकिन परिस्थितियों के साथ संघर्ष ही किसी व्यक्ति को एक अलग पहचान दिलाता है ।
    डॉ ध्रुव के प्रयासों से ही दंतेवाड़ा में धीरे-धीरे एसएनसीयू ( सिक न्यू बोर्न केयर यूनिट) स्थापित किया गया जिसमें अब तक 1,500 बच्चों को लाभ मिला है, क्षेत्र में टीकाकरण को बढाया गया और साथ ही कुपोषण मुक्त करने के लिए राज्य में सबसे बड़ा 20 बिस्तरों वाला पोषण पुनर्वास केंद्र (एनआरसी) जनवरी 2017 में  जिला अस्पताल में स्थापित किया गया।अब तक इस पोषण पुनर्वास केंद्र (एनआरसी) में 1,157 बच्चों को भर्ती किया गया और 1,145 बच्चों को कुपोषण से मुक्ति मिली है ।
    शिशु रोग चिकित्सक उपलब्ध न होने के कारण पहले यहां से केस को जगदलपुर रेफर कर दिया जाता थे जो अब पिछले वर्षों से काफी कम हुआ है।डॉ.ध्रुव ने  कंगारू मदर केयर विधि के द्वारा कम वज़न के बच्चों को बचाया है।
    वर्तमान में वह कोविड-19 के नोडल ऑफिसर बनाए गए है और चाइल्ड हेल्थ के नोडल ऑफिसर के रूप में बेहतर सेवाओं को देखते हुए कोविड-19  की तीसरी वेव से सुरक्षा देने की तैयारी का दायित्व भी दिया गया है । लोगों को जब भी जरूरत पड़ी डॉ.ध्रुव उनकी सेवा में हाजिर रहते है।आजकल वह  मरीजों को वर्चुअल माध्यम से भी परामर्श प्रदान कर रहे हैं।
    डॉ. ध्रुव के इन्ही प्रयासों और प्रतिबद्धता के कारण ही उन्होंने  लंदन से प्रकाशित टाइम मैगजीन के पन्नों में स्थान पाया है जो किसी के लिए भी गर्व की बात हो सकती है।यह खबर तब छपी थी जब एक बच्ची के चेहरे पर कीटाणुओं का हमला हुआ था जिससे उसकी चमड़ी उखड़ गई थी लेकिन नियमित देखभाल और उपचार से वह बच्ची स्वस्थ  हो गई। ``तब मुझे लगा मै अपनी माटी के लोगों की  कुछ सेवा कर सका।’’
    रायपुर में फरवरी 2019 में राज्य स्तरीय समारोह में दंतेवाड़ा में किए कार्यो के लिए सीएम भूपेश बघेल के द्वारा डॉ. ध्रुव को भी अवार्ड दिया गया । कोविड-19 संक्रमण के शुरुआती समय 2020 में छत्तीसगढ़ इंडियन एकेडमी ऑफ पीडियाट्रिक्स एसोसिएशन द्वारा 2020 में देश के बेस्ट रुरल पीडियाट्रिशियन का अवार्ड वर्चुअल माध्यम से दिया गया ।
    बाल संरक्षण समिति में मुख्य भूमिका के रूप में डॉ. ध्रुव महिला एवं बाल विकास विभाग के साथ भी काम कर रहे हैं । डॉ ध्रुव कहते है,“दंतेवाड़ा के सुदूर अंचलों में अभी भी शिशु स्वास्थ्य को लेकर स्थानीय लोगों में उतनी जागरूकता नहीं है।कई बार कैंप करके लोगों को बच्चों के पालन पोषण के साथ-साथ उनको बेहतर स्वास्थ्य प्रदान करने के लिए स्थानीय मितानिन को समझाइश दी जाती है”।
    क्रिकेट के शौकीन, डॉ ध्रुव ने कहते हैं,“डाक्टर बनने की प्रेरणा उन्हें बहन से मिली थी जब एक बार उन्होंने कहा था -- ``मेरा लाडला भाई कुछ बन पाएगा, या दिनभर क्रिकेट खेलता रहेगा।’’ बस इसी के बाद  स्टेट लेवल तक क्रिकेट खेलने के बाद भी क्रिकेट को त्यागा और पढ़ाई में दिल लगाकर मेहनत करी पीएमटी में सिलेक्ट हुआ डॉक्टर की डिग्री हासिल की”।
    माटी की सेवा करने के लिए जबलपुर मेडिकल कॉलेज में लेक्चरर के पद से त्याग-पत्र देकर 2013 में छत्तीसगढ़ में सेवा करने के लिए डॉक्टर ध्रुव वापस आए।रायपुर और भिलाई के प्राइवेट अस्पताल में नौकरी कर लोगों की सेवा की । लेकिन मन कुछ और ही करने को कह रहा था । एक  वर्ष जिला अस्पताल धमतरी में सेवा दी जिसके बाद 2016 में अपनी माटी की सेवा करने के लिए दंतेवाड़ा चले आए ।
    डॉ.ध्रुव कहते हैं,“उन्हे डॉक्टरी करके तुरंत ही अपनी माटी की सेवा में आ जाना था । ``खैर, कोई बात नहीं देर आए, दुरुस्त आए।’’
    *बस्तर जिले में बीता था बचपन*
    शासकीय सेवा के दौरान डॉ राजेश ध्रुव के पिताजी की पोस्टिंग जगदलपुर में रही जिसके कारण  उनका जगदलपुर की माटी से एक अलग ही लगाव है । जगदलपुर के नेशनल इंग्लिश स्कूल से पढ़ाई की ।
    *स्थानीय बोली गोंडी भी अच्छे से सीख रहे है*
    आजकल डॉ ध्रुव स्थानीय बोली गोंडी को अच्छे से सीख रहे है  जिससे लोगों की परेशानी समझने में आसानी हो और सही रूप से उनका  का इलाज किया जा सके

    धमतरी। भखारा स्थित भाजपा कार्यालय के सामने पूर्व मंत्री अजय चंद्राकर के वाहन को हाईवा नें पीछे से मारी ठोकर, दुर्घटना में पुर्व मंत्री बाल-बाल बच गये ।
    दुर्घटना में उनका वाहन बुरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गया।
    अजय चंद्राकर मगरलोड में भाजपा कार्यकर्ताओं द्वारा आयोजित कार्यक्रम में सम्मिलित होने जा रहे थे।

    राज्यपाल जनजाति कल्याण केन्द्र महाकोशल द्वारा ‘‘स्वतंत्रता आंदोलन एवं जनजातीय समाज’’ विषय पर आयोजित वेबिनार में शामिल हुई

    रायपुर / शौर्यपथ / आज जो हम खुली हवा में जो सांस ले रहे हैं, आजादी के महान नायकों के बलिदान के फलस्वरूप हो पाया है। हमें इसकी कीमत समझनी चाहिए। हर नागरिक को राष्ट्र के प्रति समर्पण भाव से कार्य करना चाहिए और देश को विघटित करने का प्रयास करने वाले तत्वों से सचेत रहना चाहिए। देश के स्वतंत्रता आंदोलन में जनजातीय समाज का गौरवशाली इतिहास रहा है। यह बात राज्यपाल सुश्री अनुसुईया उइके ने आज जनजाति कल्याण केन्द्र महाकोशल, बरगांव द्वारा ‘‘स्वतंत्रता आंदोलन एवं जनजातीय समाज’’ विषय पर आयोजित वेबिनार को संबोधित करते हुए कही।
    राज्यपाल ने कहा कि देश की आजादी में जनजातियों की भूमिका महत्वपूर्ण रही है। सन 1857 से पहले स्वतंत्रता आंदोलन से लेकर आजादी तक अंग्रेजों के खिलाफ लगातार संघर्षों का दौर जारी रहा। स्वतंत्रता आंदोलन के पूर्व ही अंग्रेजों के खिलाफ जनजातियों ने विद्रोह करना शुरू कर दिया था। उन्होंने कहा कि हमारे जनजातीय समाज ने स्वतंत्रता आंदोलन में जो बलिदान दिया है उसकी जानकारी नई पीढ़ी को देने की आवश्यकता है, ताकि वे उनके पदचिन्हों में चलकर समाज को नई दिशा प्रदान करे और देश की प्रगति में योगदान दे। राज्यपाल ने सुझाव दिया कि समाज के प्रबुद्ध वर्ग विकासखण्ड स्तर पर, ग्राम पंचायत स्तर पर एक अभियान चलाकर समाज के लोगों को स्वतंत्रता आंदोलन में जनजातीय समाज के योगदान की जानकारी दें ताकि समाज को आत्म गौरव का अनुभव हो।
    सुश्री उइके ने कहा कि जनजातीय पुरातन काल से वनों में निवास करते रहे हैं। उन्हें प्राकृतिक संपदा की अच्छी जानकारी भी है, इसलिए वे प्रकृति के अनुकुल जीवन जीते हैं, चूंकि प्रकृति से अनन्य संबंध होने के कारण वे जल, जंगल जमीन पर अपना अधिकार समझते रहे। बाद में ब्रिटिश शासन के आने के पश्चात वन कानूनों के माध्यम से उनके क्षेत्र में हस्तक्षेप किया जाने लगा। इसके पीछे भी ब्रिटिश शासनों की मंशा उन जंगलों में छिपी अकुत संपदा थी। उन्हें हथियाने के लिए कानूनों का सहारा लिया। इसे आदिवासियों ने अपने जीवन में हस्तक्षेप समझा और उन्होंने उसके खिलाफ आवाज बुलंद की।
    उन्होंने कहा कि यदि हम आदिवासियों की प्रमुख आंदोलनों की बात करें तो सन् 1780 से सन् 1857 तक आदिवासियों ने अनेकों स्वतंत्रता आन्दोलन किए। सन् 1780 का “दामिन विद्रोह” जो तिलका मांझी ने चलाया, सन् 1855 का “सिहू कान्हू विद्रोह”, सन् 1828 से 1832 तक बुधू भगत द्वारा चलाया गया “लरका आन्दोलन” बहुत प्रसिद्ध आदिवासी आन्दोलन हैं। यहां पर बिरसा मुण्डा का जिक्र करना सबसे महत्वपूर्ण है। उन्होंने न ही शोषण के खिलाफ आवाज उठाई बल्कि आदिवासियों के सामाजिक कुरीतियों को दूर करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
    सुश्री उइके ने कहा कि आदिवासी युग पुरूष बिरसा मुण्डा सन् 1900 में शहीद हुए। मध्य प्रदेश के निमाड़ में हुए विद्रोह के नायक भील तांतिया उर्फ टंटिया मामा ने क्रांति की लहर पैदा की। हम छत्तीसगढ़ की बात करें तो स्वतंत्रता संग्राम के प्रारंभिक चरण में वीर नारायण सिंह का नाम उल्लेखनीय है, जो प्रथम शहीद भी माने जाते हैं। इसके साथ ही गुण्डाधुर, कंगला मांझी, गैंदसिंह जैसे अनेकों नायक हुए, जिन्होंने देश के लिए लड़ते हुए अपने प्राणों की आहूति दे दी। निःसंदेह स्वतंत्रता आन्दोलन में आदिवासियों की भूमिका महत्वपूर्ण रही है। उन्होंने आदिवासी समाज से आग्रह किया कि समाज को जागरूक करें ताकि देश की प्रगति में अधिक से अधिक योगदान दे सकें।

    रायपुर / शौर्यपथ / छत्तीसगढ़ राज्य शासन के ऊर्जा विभाग द्वारा जारी आदेशानुसार संजय दत्तात्रेय तेलंग को छत्तीसगढ़ स्टेट पावर ट्रांसमिशन कंपनी का संचालक एवं प्रबंध निदेशक के पद पर नियुक्ति दी गई है, तदानुसार उन्होंने नया पदभार आज ग्रहण किया।श्री संजय तेलंग अब तक छत्तीसगढ़ स्टेट पावर ट्रांसमिशन कंपनी में कार्यपालक निदेशक( भंडार एवं क्रय) के पद पर सेवारत थे।इनकी नियुक्ति के पूर्व इस पद पर अशोक कुमार कार्यरत थे।
    नया पदभार ग्रहण करने के उपरांत उन्होंने अपनी पदस्थापना के लिए माननीय मुख्यमंत्री भूपेश बघेल जी के साथ ही छत्तीसगढ़ शासन के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार द्वारा जो जिम्मेदारी दी गई है उसका निर्वहन छत्तीसगढ़ के विद्युत विकास के लिए वे पूरी निष्ठा से करेंगे ।छत्तीसगढ़ पावर हब आफ इंडिया के नाम से जाना जाता है। यहां भरपूर बिजली उपलब्ध है, अतः सुदूर वनांचंलो और ग्रामीण अंचल तक गुणवत्ता पूर्ण बिजली की आपूर्ति हो सके इसके लिए पारेषण प्रणाली का विस्तार उन्नत करने के लिए वे सदैव तत्पर रहेंगे। राज्य शासन की रीति नीति के अनुसार जनहित में कार्य करने को उन्होंने अपनी प्राथमिकता बताया।नवनियुक्त प्रबंध निदेशक श्री संजय तेलंग को पदभार ग्रहण करने के उपरांत पावर कंपनीज के वरिष्ठ अधिकारियों कर्मचारियों ने हार्दिक बधाई और शुभकामनाएं दी।
    संजय तेलंग को 38 वर्षों से अधिक का अनुभव विद्युत विषयक कार्यों का है उन्होंने मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ के पावर डिसटीब्यूशन एवं ट्रांसमिशन के क्षेत्र में अपनी कार्य दक्षता को प्रदर्शित किया है रायपुर में पदस्थ रहते हुए रिस्ट्रक्चरिंग एक्सीलरेटेड पावर डेवलपमेंट एंड रिफॉर्म प्रोग्राम संबंधी कार्यों का निष्पादन सफलतापूर्वक किया है। बिलासपुर में सेवारत रहते हुए एटी एंड सी लॉस में कमी करने , न्यूनतम ब्यय पर पावर ट्रांसफार्मर का सुधार जैसे तकनीकी कार्य कुशलता को प्रदर्शित किया है। वर्ष 1983 से आपने विद्युत के क्षेत्र में अपनी सेवा यात्रा आरंभ की थी। अपनी सफलता का मूल मंत्र क्वालिटी कंट्रोल यथा समय कार्य निष्पादन और दृढ़ संकल्प के साथ कर्तव्य निष्ठा को मानते हैं।

    धमतरी पुलिस द्वारा लगातार संदिग्ध व्यक्तियों एवं उनकी गतिविधियों पर सतत निगाह रखी जा रही है। विगत दिनों में धमतरी पुलिस द्वारा अभियान चलाकर अवैधानिक कृत्यों में संलिप्त व्यक्तियों के विरुद्ध वैधानिक कार्यवाही जी की गई है। इसी क्रम में कोतवाली पुलिस ने मुखबिर सूचना पर रामबाग सब्जी मार्केट के पास घेराबंदी कर अंकों के आधार पर सट्टा नामक जुआ खिलाते हुए रंगे हाथ दम्पत्ति *फिरोज खान पिता स्वर्गीय सिकंदर खान उम्र 55 वर्ष एवं श्रीमती सुल्ताना बेगम पति फिरोज खान उम्र 47 वर्ष साकिनान रामबाग सब्जी मार्केट के पास धमतरी थाना कोतवाली जिला धमतरी* को पकड़ा जिनके कब्जे से नगदी रकम 2170/-रुपए, हजारों रुपए की सट्टा पट्टी, एंड्राइड मोबाइल एवं डॉट पेन जप्त किया गया है। आरोपियों के विरुद्ध 4 (क) जुआ अधिनियम के तहत वैधानिक कार्यवाही की गई है। धमतरी पुलिस द्वारा असामाजिक गतिविधियों में संलिप्त व्यक्तियों के विरुद्ध वैधानिक कार्यवाही लगातार जारी रहेगी।

    जल जीवन मिशन के तहत मोहाटी-मोहाटी, कुरिया-कुरिया शुद्ध पेयजल पहुंचाने अभियान

    रायपुर / शौर्यपथ / लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी एवं ग्रामोद्योग मंत्री गुरू रूद्रकुमार ने आज अपने निवास कार्यालय सतनाम सदन में शुद्ध पेयजल के प्रति लोगों को जागरूक करने तैयार किए गए पोस्टर का विमोचन किया। उल्लेखनीय है कि राज्य सरकार जल जीवन मिशन के तहत लोगों के मोहाटी-मोहाटी, कुरिया-कुरिया तक शुद्ध पेयजल पहुंचाने का अभियान प्रारंभ किया है। इसके अलावा प्रदेश के सभी स्कूलों में शुद्ध पेयजल पहुंचाने का लक्ष्य रखा गया है। लोगों को खाना खाने से पहले और शौच के बाद साबुन से हाथ धोने के लिए जागरूक भी किया जा रहा है। प्रति व्यक्ति के लिए 55 लीटर जल की उपलब्धता की दिशा में भी काम किया जा रहा है। फील्ड टेस्ट किट द्वारा स्थानीय स्तर पर ही जल जांच करने ग्रामीण महिलाओं को जागरूक कर रहे हैं। इस मौके पर जल जीवन मिशन के संचालक श्री एस. प्रकाश, लोक स्वास्थ्य यांात्रिकी विभाग के प्रमुख अभियंता श्री टी.जी. कोसरिया और अतिरिक्त मिशन संचालक श्री ए.के. साहू उपस्थित थे।

    रायपुर / शौर्यपथ / लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी एवं ग्रामोद्योग मंत्री गुरू रूद्रकुमार 29 जून मंगलवार को दुर्ग-अहिवारा क्षेत्र के दौरे पर रहेंगे। इस दौरान वह कई कार्यक्रमों में शामिल होंगे। प्राप्त दौरा कार्यक्रम के अनुसार मंत्री गुरू रूद्रकुमार दोपहर 12 बजे रायपुर से रवाना होंगे और 12.45 बजे से जवाहर नगर भिलाई तथा ग्राम अंजोरा (ढ़ाबा) में आयोजित एक निजी कार्यक्रम शामिल होंगे। तत्पश्चात वे अहिवारा जाएंगे और वहां जीवनदीप समिति बैठक में शामिल होंगे। इसके पश्चात वे 3.45 बजे ऑफिसर्स कालोनी नंदिनी टाउनशिप अहिवारा पहुंचेंगे। वे अहिवारा स्थित निवास से 4.15 बजे रायपुर के लिए प्रस्थान करेंगे।

    दुर्ग। शौर्य पथ । छत्तीसगढ़ महिला शक्ति संघ की आज पहली बैठक रायपुर टैगोर नगर अलाइट मे हुई जिसमें अलग-अलग जिला से कई महिलाएं उपस्थित हुई यह मीटिंग कोविड-19 के अंतर्गत पूरी सुविधा सावधानी से किया गया, मुख्य रूप से यह मीटिंग करने का उद्देश्य कोविड की तीसरी लहर से बचाव एवं गॉव, शहर मे लोगो कों वेक्सीनेशन जागरूक करने हेतु किया गया, साथ ही मीटिंग मे बहुत सी संस्थाएं एक साथ काम कर रही है, छत्तीसगढ़ महिला शक्ति संघ ये पहली छत्तीसगढ़ की ऐसा संघ है जिसमे सिर्फ महिलाये है ओर कई संघ आपस मे मिलकर सामंजस्य बनाकर काम कर रहा है एक दूसरे का साथ देय रहा है इस मीटिंग मे विशेष रूप से योगिता तलपड़े जी , स्मिता पाण्डेय जी ,मोनिता साहू जी,जानकी गुप्ता ,सविता गुप्ता जी डॉ. शोभना रानाजी ,प्रभा साहूजी ,सिफा सोनमजी , महुआ मजूमदारजी , ममता सोनीजी , शुभांगी अपतेजी , प्रीति मिश्राजी , पूनम अग्रवालजी , खुशबु शर्मा जी , टाटा शोभाजी , रूना शर्माजी , प्रमिला शर्माजी , मोनाली गुहा जी , अनीता दुबे,रचना सिंहजी , माधुरी गुहा जी रूना शर्मा अत्री उपस्थित थे सभी महिला संघ का मुख्य उद्देश्य छत्तीसगढ़ के उत्तथान मे कार्य करना है ओर समाज की कुरीतियों कों दूर करना है हेतु सभी ने शपत ली की साथ मिलकर समाज के लिए निःस्वार्थ मन से काम करेंगे ?? ये थे मुख्य उदेश्य समाज के निर्धन विकलांग बेसहारा,वृद्ध व अन्य की सहायता। बच्चों को भिक्षावृत्ति के चंगुल से मुक्त करना। महिलाओं को वेश्यावृत्ति के चंगुल से मुक्त कराकर उनके पूणउत्थान की दिशा में कार्य करना। स्वरोजगार दिलाये जाने में सहयोग प्रदान करना। निर्धन कन्या विवाह रक्तदान हेतु समाज को प्रोसत्साहित करना। समाज मे निर्धन बच्चों की शिक्षा में सहायता करना। महिलाओं के सशक्तिकरण की दिशा में कार्य करना। समाज में यातायात के नियमों का पालन करने व बच्चों को वाहन परिचालन से दूर रहने जागरूकता अभियान चलाना। नशा मुक्त छत्तीसगढ़, शाशन की समस्त जनहित योजनाओं का प्रचार-प्रसार करना व उनका क्रियान्वयन करना। बच्चों के अधिकारों की रक्षा करना पर्यावरण के प्रति जागरूक अभियान, स्वच्छ भारत, स्वच्छ जिला, अभियान

    नगर निगम और स्वास्थ्य विभाग की संयुक्त टीम ने रायपुर शहरी क्षेत्र के समस्त 70 वार्ड में "हर रविवार, डेंगू पर वार" और "दस सप्ताह, दस बजे, दस मिनट" अभियान के तहत जागरूकता अभियान का आयोजन किया जिसमें स्थानीय पार्षद, के साथ-साथ नेतृत्वकारी साथी पारा की मितानिन, महिला आरोग्य समिति के सदस्य एवं जन सहयोग से रायपुर की समस्त 70 वार्ड ने भाग लिया। इन सभी ने अपने घरों और आसपास के क्षेत्रों में जमा पानी को निकाला, कूलर टंकी की सफाई बरसात के पानी भरे बर्तनों में को भी साफ किया ।
    प्रभारी नोडल अधिकारी, राष्ट्रीय कीट जनित रोग नियंत्रण कार्यक्रम, रायपुर डॉ.विमल किशोर राय ने बताया:‘’ हर रविवार डेंगू पर वार’’ अभियान के तहत स्वास्थ्य विभाग और नगर निगम की संयुक्त रूप टीम ने स्थानीय पार्षद की अगुवाई मे जागरूकता अभियान शुरू किया गया ।रविवार को रायपुर शहर के सभी सत्तर वार्डो मे एक साथ इस अभियान को शुरू किया गया।समस्त जोनल हेल्थ आफिसर, वार्ड सदस्य, शहरी प्राथमिक एवं सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र के स्टाफ सदस्य, सभी मितानिन बहनें मिलकर इस अभियान को सफल बनाने का काम कर रही है । विभाग द्वारा "हर रविवार, डेंगू पर वार" और "दस सप्ताह, दस बजे, दस मिनट" जन जागरूकता कार्यक्रम में लोगों ने बढ़ चढ़कर भाग लिया है ।पार्षद की अगुवाई मे जो कूलर इस्तेमाल नही किये जा रहे है उन कूलर टंकी को खाली करने की अपील की गई कई जगह लोगों ने खुद ही पहल करते हुऐ खुद ही खाली किया ।‘’
    डॉ.राय ने बताया: “ यह कार्यक्रम 10 सप्ताह तक चलाया जाएगा कार्यक्रम को चलाने का मूल उद्देश्य लोगों में स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता और जल जनित रोगों की रोकथाम और बचाव को लेकर लोगों को जागरूक किया जाना है । इस कार्यक्रम में स्थानीय लोगों का भरपूर सहयोग मिल रहा है । लोग अपने घरों में इस्तेमाल ना होने वाले कूलर की टंकी, गमले में भरा पानी, गमले की ट्रे, में भरे पानी को खाली, करने जैसे छोटे-छोटे काम स्व स्फूर्ति कर रहे हैं । यही इस मिशन को चलाने का मूल उद्देश्य है कि लोग स्वयं जागरूक होकर आगे आएं ।

    हमारा शौर्य

    हमारे बारे मे

    whatsapp-image-2020-06-03-at-11.08.16-pm.jpeg
     
    CHIEF EDITOR -  SHARAD PANSARI
    CONTECT NO.  -  8962936808
    EMAIL ID         -  shouryapath12@gmail.com
    Address           -  SHOURYA NIWAS, SARSWATI GYAN MANDIR SCHOOL, SUBHASH NAGAR, KASARIDIH - DURG ( CHHATTISGARH )
    LEGAL ADVISOR - DEEPAK KHOBRAGADE (ADVOCATE)
    © 2015 Shouryapath. All Rights Reserved. Designed By Global Vision