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भिलाई / शौर्यपथ /
भिलाई इस्पात संयंत्र के जवाहरलाल नेहरू अस्पताल एवं अनुसंधान केंद्र स्थित एडवांस बर्न केयर यूनिट ने लगभग 50 प्रतिशत तक झुलसे एक मासूम बच्चे का सफल उपचार कर उसे नई जिंदगी दी।
गंभीर संक्रमण और सेप्टीसीमिया की स्थिति में भर्ती हुए बच्चे का उपचार आधुनिक सुविधाओं, विशेषज्ञ डॉक्टरों और संवेदनशील देखभाल के साथ किया गया। इलाज के दौरान हाई प्रोटीन डाइट, विशेष ड्रेसिंग और दर्द नियंत्रण के साथ बच्चे के मानसिक स्वास्थ्य का भी ध्यान रखा गया।
बर्न यूनिट में बच्चे का जन्मदिन केक और सजावट के साथ मनाया गया, जिससे लंबे समय बाद उसके चेहरे पर मुस्कान लौट आई।
डॉ. उदय धाबर्डे ने बताया कि बच्चे की हालत बेहद गंभीर थी, लेकिन पूरी टीम के समर्पण और निरंतर प्रयास से उसे स्वस्थ किया जा सका। अस्पताल से छुट्टी के समय परिजनों ने चिकित्सकीय टीम का भावुक होकर आभार व्यक्त किया।
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने अधिकारियों को समन्वय कर हरसंभव सहायता सुनिश्चित करने के दिए निर्देश
रायपुर / जांजगीर-चांपा जिले की होनहार पर्वतारोही अमिता श्रीवास ने विश्व की सबसे ऊंची चोटी माउंट एवरेस्ट (8848 मीटर) को 22 मई 2026 को सफलतापूर्वक फतह कर छत्तीसगढ़ का नाम राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर गौरवान्वित किया है। उनकी इस ऐतिहासिक उपलब्धि पर मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने कहा कि अमिता ने अपने साहस, दृढ़ संकल्प और अथक मेहनत से प्रदेश के युवाओं के लिए प्रेरणा का नया अध्याय रचा है। मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि यह पूरे छत्तीसगढ़ के लिए गर्व का विषय है कि छत्तीसगढ़ की बेटी ने विश्व की सर्वोच्च चोटी पर तिरंगा और हमारे प्रदेश का गौरव बढ़ाया।
मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने सोशल मीडिया हैंडल एक्स पर पोस्ट कर कहा कि समिट के बाद बेस कैंप लौटने के दौरान अत्यधिक ऊंचाई, शून्य से लगभग 40 डिग्री सेल्सियस नीचे तापमान और ऑक्सीजन की कमी के कारण अमिता श्रीवास की तबीयत बिगड़ने की जानकारी मिली है। उन्हें हेलीकॉप्टर के माध्यम से रेस्क्यू कर काठमांडू स्थित नॉर्विक इंटरनेशनल हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया है, जहां उनका उपचार जारी है। चिकित्सकों के अनुसार उन्हें गंभीर फ्रॉस्टबाइट एवं हाई एल्टीट्यूड संबंधी स्वास्थ्य समस्याएं हुई हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि जानकारी मिलते ही राज्य शासन के वरिष्ठ अधिकारियों को आवश्यक समन्वय स्थापित कर हरसंभव सहायता सुनिश्चित करने के निर्देश दे दिए गए हैं। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार अमिता श्रीवास और उनके परिवार के साथ खड़ी है तथा उनके बेहतर उपचार के लिए निरंतर संपर्क और सहयोग सुनिश्चित किया जा रहा है।
मुख्यमंत्री श्री साय ने अमिता के शीघ्र स्वास्थ्य लाभ की कामना करते हुए कहा कि अमिता बिटिया शीघ्र पूर्ण रूप से स्वस्थ होकर अपने घर लौटें, यही हमारी कामना है। उनका साहस, धैर्य और हौसला हजारों युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत बनेगा। छत्तीसगढ़ को उन पर गर्व है।
रेलवे ओवरब्रिज, आईटी बिल्डिंग, स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स सहित कई परियोजनाओं की प्रगति का लिया जायजा
रायपुर, / वित्त मंत्री श्री ओपी चौधरी ने आज नवा रायपुर में संचालित महत्वपूर्ण विकास कार्यों का निरीक्षण कर निर्माण कार्यों की प्रगति की समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को सभी परियोजनाओं में उच्च गुणवत्ता सुनिश्चित करने तथा समयसीमा में कार्य पूर्ण करने के निर्देश दिए।
वित्त मंत्री ने रेलवे ओवर ब्रिज, प्रवासी पक्षियों के लिए नेस्टिंग आइलैंड, सेक्टर-10 की सड़के, कार्यरत महिलाओं हेतु हॉस्टल, पीपल गार्डन शहरी वन (पीपल कुंज), सीबीडी आईटी बिल्डिंग, कम्पोजिट आयोग भवन, एनटीपीसी कार्यालय एवं ऑडिटोरियम भवन, स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स, फेयर ग्राउंड स्टेशन, श्रमिक कैंप सहित विभिन्न अधोसंरचना परियोजनाओं का स्थल निरीक्षण किया।
निरीक्षण के दौरान श्री चौधरी ने कहा कि नवा रायपुर को आधुनिक, सुव्यवस्थित और विश्वस्तरीय सुविधाओं से युक्त शहर के रूप में विकसित किया जा रहा है। इसके लिए सभी अधोसंरचना परियोजनाओं को गुणवत्ता एवं समयबद्धता के साथ पूरा करना जरूरी है। उन्होंने अधिकारियों को निर्माण कार्यों की नियमित मॉनिटरिंग करने और जनसुविधा को सर्वोच्च प्राथमिकता देने के निर्देश दिए।
वित्त मंत्री ने कहा कि इन परियोजनाओं के पूर्ण होने से नवा रायपुर में यातायात सुगम होगा, खेल अधोसंरचना मजबूत होगी और डिजिटल व प्रशासनिक सेवाओं के साथ पर्यावरण संरक्षण को भी नई मजबूती मिलेगी। इस दौरान नवा रायपुर विकास प्राधिकरण के सीईओ श्री चंदन कुमार सहित विभागीय अधिकारी उपस्थित थे l
दुर्ग, / शौर्यपथ /
नगर पालिक निगम दुर्ग क्षेत्र अंतर्गत पुरानी गंज मंडी में आयोजित सुशासन तिहार जनसमस्या निवारण शिविर में आम नागरिकों की समस्याओं का त्वरित समाधान करते हुए विभिन्न शासकीय योजनाओं का लाभ सीधे हितग्राहियों तक पहुंचाया गया। शिविर में जनता की सक्रिय भागीदारी देखने को मिली।
शिविर में विभिन्न विभागों से कुल 982 आवेदन प्राप्त हुए, जिनमें 772 मांग संबंधी तथा 210 शिकायत संबंधी आवेदन शामिल रहे। प्रशासन द्वारा कई मामलों का मौके पर ही निराकरण कर नागरिकों को तत्काल राहत प्रदान की गई।
त्वरित सेवा के तहत शिविर में—
का तत्काल निराकरण कर हितग्राहियों को वितरित किया गया।
कार्यक्रम के दौरान प्रधानमंत्री आवास योजना अंतर्गत हितग्राहियों को स्वीकृति पत्र एवं आवास की चाबी प्रदान की गई। इसके साथ ही विभिन्न योजनाओं के लाभार्थियों को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया।
महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा 10 गर्भवती माताओं की गोदभराई रस्म भी संपन्न कराई गई, जिससे कार्यक्रम में सामाजिक सरोकार और संवेदनशीलता का विशेष वातावरण देखने को मिला।
कार्यक्रम में उपस्थित स्कूल शिक्षा मंत्री गजेन्द्र यादव ने कहा कि मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की मंशानुसार पिछले वर्ष की तरह इस वर्ष भी सुशासन तिहार का आयोजन किया जा रहा है, ताकि शासन की योजनाओं का लाभ सीधे जनता तक पहुंचे। उन्होंने कहा कि सरकार लोगों के बीच जाकर योजनाओं की वास्तविक स्थिति जान रही है तथा समस्या निवारण शिविरों के माध्यम से त्वरित समाधान सुनिश्चित किया जा रहा है।
महापौर अलका बाघमार ने नागरिकों से अधिक से अधिक संख्या में शिविरों में पहुंचकर अपनी समस्याओं का निराकरण कराने और जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ लेने की अपील की। उन्होंने कहा कि समाज के अंतिम व्यक्ति तक योजनाओं का लाभ पहुंचाना शासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है।
शिविर में मंत्री गजेन्द्र यादव एवं महापौर अलका बाघमार ने विभागीय अधिकारियों से आवेदन निराकरण की जानकारी ली। वहीं संभागायुक्त सत्यनारायण राठौर एवं कलेक्टर अभिजीत सिंह ने विभागीय स्टॉलों का निरीक्षण कर अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
कार्यक्रम में निगम आयुक्त सुमित अग्रवाल, सभापति श्याम शर्मा, एमआईसी सदस्य देव नारायण चन्द्राकर, नरेंद्र बंजारे, लीना दिनेश देवांगन, ज्ञानेश्वर ताम्रकार, शिव नायक, निलेश अग्रवाल, हर्षिका संभव जैन, शशी साहू, एसडीएम हरिवंश मिरी सहित जनप्रतिनिधि, अधिकारी-कर्मचारी एवं बड़ी संख्या में नागरिक उपस्थित रहे।
राजनांदगांव, / शौर्यपथ /
नगर पालिकाओं के आम निर्वाचन 2026 के तहत नगर पंचायत घुमका अध्यक्ष पद के लिए चुनाव लड़ने वाले अभ्यर्थियों की अंतिम सूची जारी कर दी गई है। निर्वाचन अधिकारियों द्वारा प्रत्याशियों को चुनाव चिन्ह भी आबंटित कर दिए गए हैं।
नगर पंचायत घुमका अध्यक्ष पद के लिए इस बार कुल 3 प्रत्याशी चुनावी मैदान में हैं, जिससे मुकाबला रोचक होने की संभावना है।
जारी सूची के अनुसार—
प्रतीक चिन्ह आबंटन के साथ ही नगर पंचायत घुमका में चुनावी गतिविधियां तेज हो गई हैं। अब प्रत्याशी जनसंपर्क और प्रचार अभियान में पूरी ताकत झोंकने की तैयारी में जुट गए हैं।
राजनांदगांव, / शौर्यपथ /
नगर पालिकाओं के आम निर्वाचन 2026 के अंतर्गत नगर पंचायत घुमका में निर्वाचन प्रक्रिया को पारदर्शी एवं व्यवस्थित बनाए रखने के लिए कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी श्री जितेन्द्र यादव द्वारा निर्वाचन व्यय अनुवीक्षण दल का गठन किया गया है।
जारी आदेश के अनुसार जिला पंचायत के लेखाधिकारी राजेश कुमार तिवारी को निर्वाचन व्यय संपरीक्षक की जिम्मेदारी सौंपी गई है। वहीं लेखा दल में शासकीय उच्चतर माध्यमिक शाला घुमका के कार्यालय प्राचार्य कार्यालय के लेखापाल अतुल कुमार जैन तथा जनपद पंचायत राजनांदगांव के डाटा एंट्री ऑपरेटर संतोष देवांगन को शामिल किया गया है।
इसके अतिरिक्त खंड चिकित्सा अधिकारी कार्यालय घुमका के सहायक ग्रेड-2 छमाधर शुक्ला को रिजर्व सदस्य के रूप में रखा गया है।
निर्वाचन व्यय अनुवीक्षण दल का कार्यक्षेत्र रिटर्निंग ऑफिसर, नगर पंचायत घुमका के अधीन रहेगा। निर्वाचन आयोग के निर्देशों के अनुरूप यह दल चुनावी व्यय की निगरानी, अभिलेख परीक्षण एवं व्यय संबंधी प्रक्रिया का निरीक्षण करेगा, जिससे निर्वाचन प्रक्रिया निष्पक्ष एवं पारदर्शी रूप से संपन्न हो सके।
राजनांदगांव, / शौर्यपथ /
विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने शुक्रवार को दिग्विजय स्टेडियम पहुंचकर शतरंज प्रशिक्षण ले रहे नन्हें खिलाड़ियों से मुलाकात की और उनकी प्रतिभा की सराहना की। इस दौरान उन्होंने कहा कि राजनांदगांव में खेल प्रतिभाओं की कोई कमी नहीं है और आने वाले समय में शहर को “शतरंज हब” के रूप में विकसित किया जाएगा।
डॉ. रमन सिंह ने कहा कि शतरंज केवल एक खेल नहीं, बल्कि बौद्धिक क्षमता और रणनीतिक सोच को विकसित करने का सशक्त माध्यम है। उन्होंने कहा कि सरकार शतरंज को विशेष प्राथमिकता देते हुए ऐसी कार्ययोजना तैयार करेगी, जिससे राजनांदगांव राज्य में शतरंज का प्रमुख केंद्र बन सके।
उन्होंने बताया कि खिलाड़ियों को केवल औपचारिक प्रशिक्षण तक सीमित नहीं रखा जाएगा, बल्कि वर्षभर निरंतर अभ्यास, प्रतियोगिताएं और विशेषज्ञ मार्गदर्शन उपलब्ध कराया जाएगा। उभरती प्रतिभाओं को राष्ट्रीय एवं अंतर्राष्ट्रीय स्तर तक पहुंचाने के लिए हरसंभव सहयोग दिया जाएगा।
विधानसभा अध्यक्ष ने कहा कि दिग्विजय स्टेडियम अब केवल खेल मैदान नहीं रहेगा, बल्कि भविष्य के चैंपियन तैयार करने की नर्सरी के रूप में विकसित होगा। उन्होंने बताया कि स्टेडियम में लगभग 29 लाख रुपए की लागत से आधारभूत सुविधाओं को मजबूत किया जा रहा है। साथ ही शतरंज जैसे बौद्धिक खेलों को बढ़ावा देकर युवाओं को नई दिशा देने का प्रयास किया जा रहा है।
इस अवसर पर डॉ. रमन सिंह ने सात वर्षीय शतरंज खिलाड़ी माहिका डाकलिया से भी मुलाकात की। कक्षा दूसरी में अध्ययनरत माहिका ने आत्मविश्वास के साथ बताया कि वे गत वर्ष उड़ीसा के खुर्दा रोड में आयोजित राष्ट्रीय शतरंज प्रतियोगिता में अंडर-7 वर्ग में छत्तीसगढ़ का प्रतिनिधित्व कर चुकी हैं।
नन्हीं खिलाड़ी की उपलब्धि और आत्मविश्वास से प्रभावित होकर विधानसभा अध्यक्ष ने उनकी सराहना की तथा उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दीं।
कार्यक्रम के दौरान प्रशिक्षकों, अभिभावकों एवं खेल प्रेमियों में भी विशेष उत्साह देखने को मिला।
राजनांदगांव, / शौर्यपथ /
कृषि विज्ञान केन्द्र सुरगी द्वारा जिले एवं आसपास के किसानों के लिए मौसम आधारित समसामयिक कृषि सलाह जारी की गई है। केन्द्र ने किसानों को खरीफ सीजन की तैयारी समय रहते पूरी करने, हरी खाद अपनाने और संतुलित कृषि प्रबंधन पर विशेष ध्यान देने की अपील की है।
कृषि विशेषज्ञों के अनुसार मूंग, ढैंचा एवं सनई जैसी हरी खाद की फसलों की बुवाई 15 मई से जून अंत तक सबसे उपयुक्त रहती है। खरीफ की मुख्य फसल विशेषकर धान की रोपाई से लगभग 45 से 50 दिन पूर्व हरी खाद बोनी चाहिए। मानसून की पहली बारिश या सिंचाई सुविधा उपलब्ध होने पर किसान इसकी बुवाई शुरू कर सकते हैं।
विशेषज्ञों ने बताया कि 35 से 40 दिन बाद जब हरी खाद की फसल में फूल आने लगें, तब उसे रोटावेटर या हल की सहायता से मिट्टी में दबा देना चाहिए। इससे मिट्टी में नाइट्रोजन एवं जैविक कार्बन की मात्रा बढ़ती है और यूरिया जैसे रासायनिक उर्वरकों पर निर्भरता कम होती है।
कृषि विज्ञान केन्द्र ने किसानों को सलाह दी है कि खरीफ फसल की बोनी से पहले खेतों की मृदा जांच अवश्य कराएं और रिपोर्ट के अनुसार संतुलित मात्रा में उर्वरकों का प्रयोग करें। इससे मिट्टी की उर्वरता बनी रहती है तथा रासायनिक उर्वरकों के दुष्प्रभाव कम होते हैं।
साथ ही खेतों में उपयोग होने वाले कृषि यंत्रों एवं उपकरणों की मरम्मत समय रहते कर लेने तथा मिट्टी पलट हल (एमबी प्लाव) से गहरी जुताई करने की सलाह दी गई है। खेतों को पॉलिथीन से ढंकने से खरपतवार, मृदा जनित रोग एवं कीटों के अंडों को नष्ट करने में मदद मिलती है।
धान की सीधी बुवाई के लिए मई के अंतिम सप्ताह से जून के दूसरे सप्ताह तक का समय उपयुक्त बताया गया है।
कृषि विशेषज्ञों ने किसानों को खरीफ सीजन के लिए उन्नत किस्मों के बीज समय पर उपलब्ध रखने की सलाह दी है। इनमें प्रमुख रूप से—
फल उद्यान लगाने के इच्छुक किसानों को 1×1×1 मीटर आकार के गड्ढे तैयार कर धूप में खुला छोड़ने की सलाह दी गई है। आम की दशहरी, लंगड़ा, छत्तीसगढ़ नंदीराज तथा अमरूद की इलाहाबाद सफेदा एवं लखनऊ-49 जैसी किस्मों के पौधे लगाने की अनुशंसा की गई है।
केला एवं पपीता में टपक सिंचाई होने पर प्रतिदिन शाम को एक घंटे सिंचाई तथा सामान्य स्थिति में 3-4 दिन के अंतराल पर सिंचाई करने की सलाह दी गई है। पपीता के लिए पूसा नन्हा एवं पूसा डवार्फ किस्म उपयुक्त बताई गई है।
वर्षाकालीन सब्जियों जैसे भिंडी, भटा, मिर्च, खीरा, कद्दू, लौकी, मूली एवं फूलगोभी की खेती के लिए खेत तैयार करने और बीज व्यवस्था करने को कहा गया है। भिंडी एवं भटे में फल बेधक कीट नियंत्रण हेतु प्रति एकड़ 10 फिरोमोन ट्रैप लगाने की सलाह दी गई है।
गर्मी के मौसम को देखते हुए दुधारू पशुओं को दिन में 4-5 बार ताजा पानी पिलाने और प्रतिदिन 50-60 ग्राम नमक खिलाने की सलाह दी गई है। अधिक दूध उत्पादन के लिए 25-30 किलो हरा चारा तथा सूखे और हरे चारे का अनुपात 3:1 रखने को कहा गया है।
पशुओं को प्रतिदिन 25-30 ग्राम मिनरल मिक्सचर खिलाने तथा पशु बाड़ों को हवादार एवं ठंडा रखने के लिए गीले बारदाने लटकाने की सलाह भी दी गई है।
राजनांदगांव, / शौर्यपथ /
सर्वोच्च न्यायालय द्वारा जारी ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम 2026 के प्रभावी क्रियान्वयन को लेकर जिलेभर में चलाए जा रहे जनजागरूकता अभियान के तहत जनपद पंचायत डोंगरगांव के ग्राम पंचायत बनहरदी में “स्वच्छता त्योहार” उत्साह, सहभागिता और सामाजिक जिम्मेदारी के साथ मनाया गया।
कार्यक्रम के दौरान ग्रामीणों ने स्वयं आगे बढ़कर गांव की सड़कों, नालियों, सार्वजनिक स्थलों एवं आसपास के क्षेत्रों में व्यापक साफ-सफाई अभियान चलाया। स्वच्छ वातावरण और स्वस्थ जीवनशैली का संदेश देते हुए ग्रामीणों को स्वच्छता को दैनिक आदत बनाने के लिए प्रेरित किया गया।
इस अवसर पर अतिरिक्त मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत एमएल चंद्रवंशी ने सर्वोच्च न्यायालय के ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम 2026 की विस्तृत जानकारी देते हुए कहा कि गांवों में स्वच्छ एवं स्वस्थ वातावरण बनाए रखने के लिए हर ग्राम पंचायत को इन नियमों का गंभीरता से पालन करना होगा। उन्होंने कचरे के पृथक्करण, ठोस एवं तरल अपशिष्ट के वैज्ञानिक प्रबंधन और स्वच्छता व्यवस्था को मजबूत करने पर विशेष जोर दिया।
जनपद पंचायत डोंगरगांव की मुख्य कार्यपालन अधिकारी रोशनी भगत टोप्पो एवं पंचायत प्रतिनिधियों ने ग्रामीणों से घर-घर कचरा संग्रहण व्यवस्था को सफल बनाने तथा समय पर यूजर चार्ज जमा करने की अपील की। कार्यक्रम में गांव को स्वच्छ, सुंदर और स्वास्थ्यप्रद बनाए रखने का सामूहिक संकल्प भी दिलाया गया।
डोर-टू-डोर कचरा संग्रहण कार्य में जुटे स्वच्छाग्रहियों का श्रीफल भेंट कर सम्मान किया गया, जिससे कार्यक्रम में सेवा और सम्मान का भाव भी देखने को मिला।
कार्यक्रम में ग्राम पंचायत की सरपंच पूजा साहू, उपसरपंच भुवन साहू, जिला समन्वयक डॉ. छोटे लाल साहू, यूनिसेफ एसीई से बसंत मरकामड़े, मेघा कुर्रे, करारोपण अधिकारी वीरेंद्र तिवारी, ओपी जैन, कुंदन लाल मांडवी, पंच, उप अभियंता, तकनीकी सहायक, अधिकारी-कर्मचारी तथा बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे।
Feb 09, 2021 Rate: 4.00
